फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   court in firing palla asi has death

कोर्ट में फायरिंग के दौरान पपला को पकड़ने वाले एएसआई हार गए जिंदगी की जंग

Tue, 31 Dec 2019 12:03 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 31 Dec 2019 12:03 AM IST
विज्ञापन
court in firing palla asi has death
पिछले दो वर्ष से जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे एएसआई धर्मबीर सिंह सोमवार को जिंदगी की जंग हार गए। दो वर्ष पहले हरियाणा एवं राजस्थान का इनामी बदमाश विक्रम उर्फ पपला के साथियों ने उसके सिर में गोली मार दी थी। तब से लेकर वह कोमा में थे। सोमवार को उन्होंने अपने गांव मकडानी में अंतिम सांस ली। मृतक धर्मबीर सिंह को पोस्टमार्टम मंगलवार को चरखी दादरी नागरिक अस्पताल में करवाया जाएगा।
विज्ञापन

बता दें कि 8 सितंबर को 2017 को आरोपी वीरेंद्र उर्फ झुथ्थर और विक्रम उर्फ पपला निवासी गांव खैरोली की महेंद्रगढ़ कोर्ट में तारीख थी। कोर्ट में वैन के द्वारा कुछ बंदियों को लाया गया था। जिनमें पपला व उसका साथी वीरेंद्र भी था। कोर्ट में बंदियों को उतारते समय कुछ हमलावरों ने वैन पर फायरिंग कर दी थी।
विज्ञापन

हमलावर अपने एक साथी विक्रम उर्फ पप्पला को भगा ले जाने में कामयाब हो गए थे जबकि वीरेंद्र उर्फ झुथ्थर को पुलिस ने वहीं दबोच लिया था। इस फायरिंग में एएसआई धर्मबीर सिंह, ईएचसी रामकुुमार, सिपाही राहुल, जयपाल तथा एक बंदी घायल हो गया था। सभी को उप नागरिक अस्पताल में उपचार देकर हायर सेंटर रेफर कर दिया था। पुलिस ने विक्रम उर्फ पपला एवं वीरेंद्र उर्फ झुथ्थर सहित पांच लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

एएसआई धर्मबीर ने पपला का पकड़ लिया था
एएसआई धर्मबीर ने पिपला को पकड़ लिया था तभी उसके साथियों ने उसके सिर पर गोली मार दी जिससे वह वहीं बेहोश हो गया था। दो महीने तक उसका रेवाड़ी के निजी अस्पताल में इलाज चला तथा बाद में लगभग दो महीने गुरुग्राम के आर्टीमिस अस्पताल में भी आईसीयू में रहा। इसी दौरान वह कोमा में थे। चिकित्सकों ने परिजनों को घर ले जाने के लिए बोल दिया था। उसके बाद से उसको घर ले आए थे।
हरियाणा पुलिस का इनामी बदमाश है पपला
बता दें कि विक्रम उर्फ पपला पर कोर्ट में फायरिंग करने के बाद हरियाणा पुलिस ने दो लाख रुपये का ई0नाम घोषित कर दिया था। बाद में पुलिस ने इस पर इनाम बढ़ाकर तीन लाख रुपये कर दिया था। इसके बाकी साथी गिरफ्तार कर लिए थे। साथ वह गाड़ी भी पकड़ ली जिसमें वो सवार होकर आए थे। तीन चार महीने पहले राजस्थान के अलवर जिले में भी विक्रम उर्फ पपला के साथी फायरिंग कर उसको छुड़वा ले गए थे। राजस्थान पुलिस ने उस पर पांच लाख रुपये का इनाम रखा है।
दो महीने पहले हुए थे धर्मबीर रिटायर
एएसआई धर्मबीर सिंह ने 31 अक्तूबर 2019 को रिटायर हो गए थे। वे 58 वर्ष हो गए थे। धर्मबीर सिंह के गोली लगने के बाद परिवार ने काफी संघर्ष किया था। इलाज के दौरान उनके पैसे भी खत्म हो गए थे। परिजनों ने सरकार से मदद की गुहार लगाई थी। इसके बाद पुलिस विभाग के लोगों ने सरकार पर दबाव बनाया तब जाकर उसके लड़के को हरियाणा पुलिस में नौकरी दी। धर्मबीर के तीन बच्चें हैं। एक लड़का और दो लड़की। तीनों ही शादीशुुदा हैं।

धर्मबीर सिंह महेंद्रगढ़ कोर्ट में हुई फायरिंग में घायल हो गए थे। उनके दो गोलियां लगी थी इनमें एक गोली सिर पर लगी थी। तभी वो कोमा में चले गए थे। सोमवार को उनकी मौत हो गई है। सोमवार को चरखी दादरी अस्पताल में पुलिस उनका पोस्टमार्टम करवाएंगे।
- महाबीर सिंह, थाना प्रभारी महेंद्रगढ़।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed