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पिछले आठ साल से बंद पड़े है बास के दोनो सरकारी बोरवेल

Tue, 10 Aug 2021 10:54 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 10 Aug 2021 10:54 PM IST
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Bass's government borewell is closed for the last eight years
आकोदा(नारनौल)। आठ साल से बंद पड़े बास के दोनों सरकारी बोरवेलों की सुध लेने वाला कोई नहीं है। ये दोनों बोरवेल उस समय बने थ। जब खुडाना और बास की ग्राम पंचायत एक थीं। लगभग छह साल पहले अलग पंचायत हो जाने के बावजूद भी ये बोरवेल चालू नहीं हुए हैं। बोरवेल के चालू न होने के कारण ग्रामीणों के सामने पेयजल की समस्या बनी हुई है। ग्रामीण निजी कुओं के पानी से अपनी जरूरतों को पूरा कर रहे हैं। इन सरकारी बोरवेल के शुरू न होने से ग्रामीणों में रोष बना हुआ है।
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सरपंच प्रतिनिधि ओमप्रकाश का कहना है कि इन दोनों बोरवेलों का तीन लाख से ज्यादा बिल बकाया है। ग्राम पंचायत बास की आमदनी का कोई स्रोत नहीं है और पंचायत अपने स्तर पर इन दोनों बोरवेल के बिल भरने में असमर्थ है। हालांकि ग्राम पंचायत ने डी प्लान के तहत डीसी से भी दो लाख रुपये की मांग का प्रस्ताव किया था लेकिन वो बात भी सिरे नहीं चढ़ पाई। ये दोनों बोरवेल ग्राम पंचायत के अधीन आते हैं जिसके कारण जन स्वास्थ्य विभाग भी इन बोरवेल को बिना बिल भरे अपने अंतर्गत नहीं ले सकता।
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एक सरकारी बोरवेल तो सरकारी स्कूल के पास बनाया हुआ है। इस बोरवेल से स्कूल और मंदिर में पेयजल आपूर्ति की जा सकती है लेकिन अब बोरवेल चालू नहीं होने के कारण दोनों स्थानों पर ही पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है। जबकि दूसरा बोर वेल एससी कैटेगरी के लिए आरक्षित है। बोरवेल के चालू ना होने के कारण इस मोहल्ले में भी पानी की समस्या बनी हुई है। ग्रामीणों की मांग की है कि जल्द समस्या का समाधान किया जाए ताकि पानी की आपूर्ति हो सके।
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