Weather Update: हरियाणा में मौसम का मिजाज बदला, छह दिन बाद कुरुक्षेत्र में झमाझम बारिश, भीषण गर्मी से राहत
हरियाणा में मौसम में परिवर्तन देखने को मिल रहा है। जिसके चलते कई जिलों में झमाझम बारिश हुई है। बारिश के होने से किसानों के चेहरे खिले हुए हैं। शनिवार को हुई बारिश ने फिर से प्रशासन की पानी निकासी के दावों की पोल खोल दी है।
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विस्तार
कुरुक्षेत्र में शनिवार को अल सुबह से ही झमाझम बारिश हुई, जिससे पिछले छह दिनों से जारी उमस भरी भीषण गर्मी से राहत मिली है। अगले तीन दिन और बारिश की उम्मीद जताई जा रही है। वहीं बारिश से शहर में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शनिवार अल सुबह से ही बारिश शुरू हुई, जो सुबह करीब साढ़े दस बजे तक रूक-रूक कर जारी रही। बारिश होने से धान रोपाई में जुटे किसानों के चेहरे पर खुशी देखी जा रही है।
शहर में जलभराव की स्थिति बन गई
बारिश का धान रोपाई में बड़ा फायदा माना जा रहा है। उधर बारिश से शहर में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शहर के नीचले क्षेत्रों से लेकर कईं सेक्टरों में भी हालात बदहाल रहे। 10 दिन पहले भी हुई बारिश के बाद विधायक सुभाष सुधा ने शहर में हुए जलभराव का जायजा भी लिया था, जिस दौरान उन्होंने अधिकारियों को पानी निकासी दुरूस्त न होने पर फटकार भी लगाई थी।
बारिश का सब्जी की फसलों पर विपरित असर
इसके बावजूद हालात नहीं बदल पाए हैं और शनिवार को हुई बारिश ने फिर पानी निकासी के दावों की पोल खोल दी है। उधर अगले तीन से चार दिन तक बारिश होने का अनुमान भी जताया जा रहा है। बारिश का सब्जी की फसलों पर विपरित असर भी माना जा रहा है। लगातार बारिश हुई तो बड़े नुकसान की आशंका से भी इंकार नहीं किया जा सकता।
सुबह से हो रही बारिश, किसानों के खिले चेहरे
कैथल में शनिवार अल सुबह से ही मूसलाधार बारिश हो रही है। इसके साथ ही 18 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल रही है। बारिश होने सेे किसानों के चहरे खिल उठे हैं। धान का सीजन जोरों पर है। किसान अब तक बारिश की बाट जोह रहे थे। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार आगामी दो से तीन दिन तक बारिश की संभावना जताई जा रही है। यदि यह बारिश लगातार होती है तो खरीफ की फसलों को फायदा होगा।
खेतों में ऊपर तक पानी जमा हो गया
जिले में यह मानसूनी की दूसरी बरसात है। खेतों में ऊपर तक पानी जमा हो गया है। अब किसानाें को 15 दिन तक धान की फसल में पानी देने की आवश्यकता नहीं है। किसान साहिल, प्रदीेप चहल, रामनिवास ने बताया कि अब धान की फसल को पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं मिल रहा था। बारिश के बाद फसलों में 15 दिनों का तक का पानी जमा हाे गया है। इस बारिश से धान की फसल में एक खाद्य का कट्टा जितना फायदा हुआ है।
आगामी तीन चार दिन तक बरसात होने की संभावना
कृषि विज्ञान केंद्र के मुख्य समन्वयक डा. रमेश चंद वर्मा ने कहा कि आगामी तीन चार दिन तक बरसात होने की संभावना है। किसान कृषि विशेषज्ञों की सलाह लेकर ही फसलों में पानी लगाएं और जो खेत नीचे हैं उनमें पानी की निकासी की व्यवस्था रखें। ताकि अधिक बरसात होने पर धान की फसल को नुकसान न हो।
बूंदाबंदी से मौसम में बढ़ी ठंडक
मानसून में मौसम कूल बना हुआ है। अल सुबह हुई बूंदाबंदी ने ठंडक घोलने का काम किया। शनिवार सुबह से ही मौसम ठंडा बना हुआ है। बादल छाने के साथ बूंदाबंदी बनी हुई है। इससे हवा में नमी की मात्रा बढ़ गई है। दिन का तापमान भी करीब 25 डिग्री सेल्सियस बना हुआ है। दिनभर बादल छाने के साथ मौसम में ठंडक बनी रहने व हल्की बारिश संभावित है। फिलहाल मौसम में यह स्थिति बनी रहने की संभावना है।