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Kurukshetra News: राष्ट्रीय पैरा आर्म रेसलिंग में दो खिलाड़ियों ने जीते रजत
Tue, 09 Jun 2026 02:48 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Tue, 09 Jun 2026 02:48 AM IST
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पिहोवा। गुजरात के गांधीनगर स्थित राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय में आयोजित चौथी पीएएफआई नेशनल आर्म रेसलिंग एवं पैरा आर्म रेसलिंग चैंपियनशिप में पिहोवा के दो दिव्यांग खिलाड़ियों ने 85 किलोग्राम और 75 किलोग्राम वर्ग में दो रजत पदक जीतकर राष्ट्रीय स्तर पर जिले और प्रदेश का नाम रोशन किया।
चैंपियनशिप में राम कुमार ने 85 किलोग्राम पीआईयूएच स्टैंडिंग वर्ग में जबकि देवेंद्र सिंह ने 75 किलोग्राम पीआईडी सिटिंग वर्ग में दूसरा स्थान प्राप्त किया। दोनों खिलाड़ियों की इस उपलब्धि पर पिहोवा पहुंचने पर जोरदार स्वागत किया गया। समाजसेवी एवं भाजपा नेता अजय कालड़ा सहित क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने फूल-मालाएं पहनाकर खिलाड़ियों का सम्मान किया।
अजय कालड़ा ने कहा कि राम कुमार और देवेंद्र सिंह उन युवाओं के लिए प्रेरणा हैं जो किसी भी कारण से स्वयं को कमजोर समझते हैं। उन्होंने कहा कि दोनों खिलाड़ियों ने साबित कर दिया है कि सफलता हासिल करने के लिए शारीरिक सीमाएं नहीं, बल्कि मजबूत इरादे और आत्मविश्वास की आवश्यकता होती है।
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उन्होंने बताया कि दोनों खिलाड़ी दिव्यांग होने के बावजूद आत्मनिर्भर जीवन जी रहे हैं। वे स्वयं का सीएससी सेंटर संचालित कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे हैं। संवाद
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चैंपियनशिप में राम कुमार ने 85 किलोग्राम पीआईयूएच स्टैंडिंग वर्ग में जबकि देवेंद्र सिंह ने 75 किलोग्राम पीआईडी सिटिंग वर्ग में दूसरा स्थान प्राप्त किया। दोनों खिलाड़ियों की इस उपलब्धि पर पिहोवा पहुंचने पर जोरदार स्वागत किया गया। समाजसेवी एवं भाजपा नेता अजय कालड़ा सहित क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने फूल-मालाएं पहनाकर खिलाड़ियों का सम्मान किया।
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अजय कालड़ा ने कहा कि राम कुमार और देवेंद्र सिंह उन युवाओं के लिए प्रेरणा हैं जो किसी भी कारण से स्वयं को कमजोर समझते हैं। उन्होंने कहा कि दोनों खिलाड़ियों ने साबित कर दिया है कि सफलता हासिल करने के लिए शारीरिक सीमाएं नहीं, बल्कि मजबूत इरादे और आत्मविश्वास की आवश्यकता होती है।
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उन्होंने बताया कि दोनों खिलाड़ी दिव्यांग होने के बावजूद आत्मनिर्भर जीवन जी रहे हैं। वे स्वयं का सीएससी सेंटर संचालित कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे हैं। संवाद