कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के जवाहर लाल नेहरू पुस्तकालय की ओर से पद्मश्री व भारतीय पुस्तकालय विज्ञान के जनक डॉ. एसआर रंगानाथन की जयंती पर आयोजन किया गया। पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ. चेतन शर्मा, स्टाफ और विद्यार्थियों ने डॉ. रंगानाथन के चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए।
पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ. शर्मा ने बताया कि डॉ. रंगानाथन ने पुस्तकालय विज्ञान के पांच सूत्रों का प्रतिपादन किया, जिससे पुस्तकालय सेवा को नया आयाम प्राप्त हुआ। उन्होंने इन पांच मौलिक सूत्रों को आत्मसात करके पुस्तकालय सेवाएं प्रदान करने का विश्वास दिलाया। उन्होंने बताया कि डॉ. रंगानाथन ने वर्गीकरण, सूचीकरण, प्रबंधन और अनुक्रमणीकरण आदि क्षेत्रों में विशेष योगदान दिया। संवाद