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Kurukshetra News: कपड़ा फैक्टरी संचालक ने फंदा लगाकर दी जान
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कुरुक्षेत्र/बाबैन। बीड़ कालवा गांव में एक फैक्टरी संचालक ने अपने घर पर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। घटनास्थल से पुलिस को एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है, जिसमें उसने शाहाबाद के रहने वाले राघव और रितिका पर टॉर्चर करने का आरोप लगाया है। मृतक की शिनाख्त जसविंद्र सैनी (34) के रूप में हुई। जसविंद्र सैनी कपड़े की फैक्टरी चलाता था। उसने फैक्टरी चलाने के लिए राघव और रितिका से कर्ज लिया था।
थाना बाबैन में दर्ज शिकायत में चंद्रभान ने बताया कि उसके भाई जसविंद्र ने फैक्टरी चलाने के लिए रितिका व राघव से ब्याज पर रुपये उधार लिए थे। फैक्टरी में काफी नुकसान के चलते उसके भाई ने करीब 10 दिन पहले ही अपनी कपड़े की फैक्टरी बंद कर दी थी। उसने फैक्टरी का सामान बेचकर रितिका व राघव से उधार लिए रुपये लौटा दिए थे, मगर अब भी कुछ बकाया थे। इन रुपयों को लौटाने के लिए आरोपी बार-बार उसके भाई को परेशान करते थे। इस वजह से उसका भाई काफी दिनों से परेशान रहने लगा था। उनकी वजह से उसके भाई ने अपने घर की ऊपरी मंजिल पर बने कमरे में चुनरी और गमछे से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। उसकी मां ने खिड़की से उसके शव को लटका देख पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने घटनास्थल से एफएसएल टीम को बुलाकर नमूने एकत्रित कराए। पुलिस ने शिकायत पर धारा 306 और 34 के तहत मामला दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों के हवाले कर दिया।
घर और घरवालों को बचा लो
सुसाइड नोट में जसविंद्र ने लिखा कि राघव और रितिका उसे एक साल से टॉर्चर करते आ रहे हैं। उनकी वजह से उसे जमीन बेचने और फैक्टरी बंद करने पर मजबूर होना पड़ा। उनकी वजह से उसके ऊपर काफी कर्ज हो गया है। उनकी नजर मेरे घर पर भी है। कृपा मेरे घरवालों और मेरे घर की रक्षा की जाए।
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थाना बाबैन में दर्ज शिकायत में चंद्रभान ने बताया कि उसके भाई जसविंद्र ने फैक्टरी चलाने के लिए रितिका व राघव से ब्याज पर रुपये उधार लिए थे। फैक्टरी में काफी नुकसान के चलते उसके भाई ने करीब 10 दिन पहले ही अपनी कपड़े की फैक्टरी बंद कर दी थी। उसने फैक्टरी का सामान बेचकर रितिका व राघव से उधार लिए रुपये लौटा दिए थे, मगर अब भी कुछ बकाया थे। इन रुपयों को लौटाने के लिए आरोपी बार-बार उसके भाई को परेशान करते थे। इस वजह से उसका भाई काफी दिनों से परेशान रहने लगा था। उनकी वजह से उसके भाई ने अपने घर की ऊपरी मंजिल पर बने कमरे में चुनरी और गमछे से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। उसकी मां ने खिड़की से उसके शव को लटका देख पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने घटनास्थल से एफएसएल टीम को बुलाकर नमूने एकत्रित कराए। पुलिस ने शिकायत पर धारा 306 और 34 के तहत मामला दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों के हवाले कर दिया।
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घर और घरवालों को बचा लो
सुसाइड नोट में जसविंद्र ने लिखा कि राघव और रितिका उसे एक साल से टॉर्चर करते आ रहे हैं। उनकी वजह से उसे जमीन बेचने और फैक्टरी बंद करने पर मजबूर होना पड़ा। उनकी वजह से उसके ऊपर काफी कर्ज हो गया है। उनकी नजर मेरे घर पर भी है। कृपा मेरे घरवालों और मेरे घर की रक्षा की जाए।
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