फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   Sweating through the trails, teachers are reaching out to farm huts.

Kurukshetra News: पगडंडियां नाप बहा रहे पसीना, खेतों की झोपड़ियों तक पहुंच रहे शिक्षक

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 May 2026 01:28 AM IST
विज्ञापन
Sweating through the trails, teachers are reaching out to farm huts.
कुरुक्षेत्र। भट्ठों पर बने टीन की छत वाले कच्चे मकानों की नंबरिंग करते शिक्षक। संवाद
कुरुक्षेत्र। जनगणना कार्य में जुटे शिक्षक इन दिनों गांवों की गलियों से लेकर खेतों की पगडंडियां तक नापने को मजबूर हैं। घर-घर जाकर नंबरिंग और डाटा जुटाने के काम में कर्मियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई इलाकों में अभी तक नंबरिंग पूरी नहीं हो पाई है। वहीं अब शिक्षकों को खेतों के बीच बनी कच्ची पगडंडियों से गुजरते हुए ट्यूबवेलों के पास बनी झोपड़ियों और अस्थायी कमरों तक पहुंचना पड़ रहा है।
विज्ञापन


खेतों में सीजन के दौरान रहने वाले प्रवासी मजदूरों की गणना शिक्षकों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है। कहीं कच्ची ईंटों और लोहे की टीन से बने अस्थायी मकान हैं तो कहीं खेतों के बीच बने छोटे कमरों में मजदूर परिवार रह रहे हैं। जनगणना कर्मी इन सभी स्थानों तक पहुंचकर नंबरिंग करने और जानकारी जुटाने में लगे हैं। भीषण गर्मी में शिक्षक कभी ईंट-भट्ठों पर तो कभी खेतों के बीच दूर-दराज बनी झोपड़ियों तक पहुंच रहे हैं। कई जगहों पर वाहन न पहुंच पाने के कारण उन्हें पैदल ही खेतों की पगडंडियां नापनी पड़ रही हैं।
विज्ञापन


वहीं दोपहर के समय लोगों का दरवाजे न खोलना भी परेशानी बढ़ा रहा है। कई शिक्षक गर्मी अधिक होने पर दोपहर में लौट जाते हैं और शाम को फिर फील्ड में जाकर काम पूरा करते हैं। शिक्षकों का कहना है कि शहरों में लोग घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं जिससे जनगणना कार्य प्रभावित हो रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिलेभर में करीब 1700 शिक्षक और लगभग 300 सुपरवाइजर जनगणना कार्य में लगे हुए हैं। स्कूलों में पढ़ाई का काम संभालने के साथ-साथ उन्हें सुबह से शाम तक घर-घर जाकर नंबरिंग और मैपिंग करनी पड़ रही है। कई शिक्षक इस दोहरी जिम्मेदारी के लिए असमंजस में हैं। शिक्षकों को पहले स्कूल में पढ़ाना पढ़ रहा है, वहीं दोपहर या शाम को गणना करने के लिए 20 से 25 किलोमीटर दूर जाना पड़ रहा है जिससे उनको काफी परेशानी झेलनी पड़ रही हैं।


लाडवा में 8706 भवनों की हो चुकी जनगणना

जिला अध्यापक संघ के अनुसार लाडवा क्षेत्र में शनिवार तक 8706 भवनों की जनगणना पूरी की जा चुकी है। यहां करीब 227 शिक्षक एचएलबी फील्ड में कार्य कर रहे हैं। संघ का कहना है कि लाडवा में फिलहाल जनगणना कार्य सुचारू रूप से चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed