{"_id":"688d1b6e405e34c3aa097d7b","slug":"students-angry-over-re-evaluation-fee-hike-submitted-memorandum-to-administration-kurukshetra-news-c-45-1-knl1024-139810-2025-08-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: री-वैल्यूएशन फीस वृद्धि पर भड़के छात्र, प्रशासन को सौंपा ज्ञापन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: री-वैल्यूएशन फीस वृद्धि पर भड़के छात्र, प्रशासन को सौंपा ज्ञापन
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। ज्ञापन सौंपने से पहले प्रति दिखाते छात्र-छात्राएं। संवाद
- फोटो : निर्माणाधीन बैडमिंटन हॉल।
कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में शुक्रवार को संयुक्त छात्र मोर्चा के बैनर तले कई छात्र संगठनों एसोसिएशन ऑफ स्टूडेंट्स फॉर अल्टरनेटिव पॉलिटिक्स (एएसएपी), स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई), डॉ. आंबेडकर स्टूडेंट्स फ्रंट ऑफ इंडिया (दासफी), नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई) ने कुलपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन के सामने छात्र हितों से जुड़ी कई गंभीर समस्याएं रखीं।
छात्र संगठनों ने आरोप लगाया कि हाल ही में स्पेशल री-वैल्यूएशन फीस को दोगुना कर 2000 रुपये कर दिया गया है, जो आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए भारी बोझ है। उन्होंने इस फैसले को तुरंत वापस लेने की मांग की।
छात्रों ने यह भी कहा कि री-वैल्यूएशन के परिणाम घोषित करने की कोई तय समय सीमा नहीं है जिससे विद्यार्थी लंबे समय तक मानसिक दबाव में रहते हैं। इसका परिणाम 15 से 20 दिन के भीतर जारी करने की मांग की है।
विज्ञापन
आईयूएमएस पोर्टल के लिए भी छात्र नेताओं ने सवाल उठाए। भारत बराड़ ने बताया कि जीरो बैलेंस योजना के अंतर्गत दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों की फीस पोर्टल पर दिखाई जा रही है जबकि उन्हें इससे छूट मिली हुई है। इसके साथ ही पोर्टल में बीपीएल कार्ड अपलोड करने और एडिटिंग की सुविधा की मांग भी की गई। हॉस्टल रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के लिए मधुबाला और सिमरन मुंडे ने कहा कि बीपीएल कार्ड से जुड़े नो विकल्प को हटाया जाए ताकि ओपन काउंसलिंग से दाखिला लेने वाले छात्र भी आवास सुविधा ले सकें।
बार-बार पोर्टल डाउन रहने की समस्या को भी दूर करने की मांग रखी। छात्र मोर्चा ने चेताया कि यदि इन समस्याओं का समाधान शीघ्र नहीं हुआ तो मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा और इसकी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी। इस मौके पर लकी चौहान, उपकार राणा, अनिकेत सिंह, रोहित, अंकित, आंचल सहित अन्य छात्र-छात्राएं मौजूद रहीं।
विज्ञापन
छात्र संगठनों ने आरोप लगाया कि हाल ही में स्पेशल री-वैल्यूएशन फीस को दोगुना कर 2000 रुपये कर दिया गया है, जो आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए भारी बोझ है। उन्होंने इस फैसले को तुरंत वापस लेने की मांग की।
विज्ञापन
छात्रों ने यह भी कहा कि री-वैल्यूएशन के परिणाम घोषित करने की कोई तय समय सीमा नहीं है जिससे विद्यार्थी लंबे समय तक मानसिक दबाव में रहते हैं। इसका परिणाम 15 से 20 दिन के भीतर जारी करने की मांग की है।
विज्ञापन
आईयूएमएस पोर्टल के लिए भी छात्र नेताओं ने सवाल उठाए। भारत बराड़ ने बताया कि जीरो बैलेंस योजना के अंतर्गत दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों की फीस पोर्टल पर दिखाई जा रही है जबकि उन्हें इससे छूट मिली हुई है। इसके साथ ही पोर्टल में बीपीएल कार्ड अपलोड करने और एडिटिंग की सुविधा की मांग भी की गई। हॉस्टल रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के लिए मधुबाला और सिमरन मुंडे ने कहा कि बीपीएल कार्ड से जुड़े नो विकल्प को हटाया जाए ताकि ओपन काउंसलिंग से दाखिला लेने वाले छात्र भी आवास सुविधा ले सकें।
बार-बार पोर्टल डाउन रहने की समस्या को भी दूर करने की मांग रखी। छात्र मोर्चा ने चेताया कि यदि इन समस्याओं का समाधान शीघ्र नहीं हुआ तो मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा और इसकी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी। इस मौके पर लकी चौहान, उपकार राणा, अनिकेत सिंह, रोहित, अंकित, आंचल सहित अन्य छात्र-छात्राएं मौजूद रहीं।