{"_id":"64724200c93cfa452c0ba965","slug":"police-detained-bku-state-spokesperson-rakesh-bains-in-kurukshetra-2023-05-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haryana: BKU प्रदेश प्रवक्ता को पुलिस ने हिरासत में लिया, पहलवानों के समर्थन में दिल्ली जाने की थी तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haryana: BKU प्रदेश प्रवक्ता को पुलिस ने हिरासत में लिया, पहलवानों के समर्थन में दिल्ली जाने की थी तैयारी
Sat, 27 May 2023 11:16 PM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Sat, 27 May 2023 11:16 PM IST
सार
भाकियू प्रदेश प्रवक्ता राकेश बैंस ने कहा कि अन्य कार्यकर्ताओं के घरों पर भी छोपमारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि रविवार को पहलवानों के समर्थन में दिल्ली जाने की तैयारी थी और पूरी रणनीति भी बना ली गई थी, लेकिन पुलिस ने इसे विफल बनाने के लिए यह कार्रवाई की है।
विज्ञापन
भाकियू प्रदेश प्रवक्ता राकेश बैंस को पुलिस ने हिरासत में लिया
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
हरियाणा के कुरुक्षेत्र में भारतीय किसान यूनियन चढूनी गुट के प्रदेश प्रवक्ता राकेश बैंस को पुलिस ने देर रात हिरासत में ले लिया है जबकि अन्य कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लेने के लिए छापेमारी की जाती रही। इससे यूनियन कार्यकर्ता एवं किसानों में हड़कंप सा मचा रहा।
विज्ञापन
पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने पर संपर्क करने पर राकेश बैंस ने बताया कि वह अपने घर पर परिवार के सदस्यों के साथ बैठा था। तभी पुलिस के कईं कर्मचारी पहुंचे और उसे हिरासत में ले लिया। उसे थाने ले जाया गया, जहां देर रात तक उसे बैठाए रखा।
विज्ञापन
उन्होंने कहर कि 25 मई को भाकियू की ओर से दिल्ली में धरने पर बैठी महिला पहलवानों का समर्थन किया गया तो वहीं राज्यपाल रहे सत्यपाल मलिक का भी जोरदार स्वागत किया गया था। इसके बाद से ही भाकियू कार्यकर्ता पुलिस के निशाने पर आ गए थे।
विज्ञापन
वहीं रविवार को फिर पहलवानों के समर्थन में दिल्ली जाने की तैयारी थी और इसके लिए पूरी रणनीति भी बना ली गई थी, लेकिन पुलिस ने इसे विफल बनाने के लिए यह कार्रवाई की है। राकेश बैंस ने माना कि पुलिस ने यूनियन प्रधान गुरनाम सिंह चढूनी सहित अन्य पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लेने के लिए छापेमार की जाती रही।
उधर, पुलिस ने इस मामले पर चुप्पी साधे रही तो वहीं शाहाबाद एसएचओ राजपाल ने मोबाइल कॉल रिसीव की, लेकिन इस संबंध में बताने पर टालमटोल करते रहे।