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Kurukshetra News: महोत्सव के अंतिम दिन धर्मनगरी में पूरे दिन लगा रहा जाम
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कुरुक्षेत्र। सन्निहित सरोवर के समीप रविवार को लगे जाम में फंसी एंबुलेंस।
कुरुक्षेत्र। अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के अंतिम दिन रविवार को लाखों पर्यटक धर्मनगरी पहुंचे। लाखों लोगों के आगमन से ब्रह्मसरोवर, सन्निहित सरोवर व आसपास अधिकतर सड़कें जाम रहीं। दूसरे दिन भी राहगीरों और शहर के लोगों को जाम से राहत नहीं मिली। ब्रह्मसरोवर, सन्निहित सरोवर से लेकर पिपली से थर्ड गेट, 100 फुटा रोड, बिरला मंदिर चौक, आंबेडकर चौक, पुराना बस अड्डा चौक सहित कई जगहों पर जाम के हालात बने रहे।
सुबह होते ही दूर-दराज से आए पर्यटक ब्रह्मसरोवर पहुंचना शुरू हो गए। लोग अपने निजी, किराए और बस से धर्मनगरी पहुंचे तो जाम में फंस गए। कई घंटों तक लोग जाम में ही फंसे रहे। यहां तक सन्निहित सरोवर के निकट एक एंबुलेंस भी काफी देर तक जाम में ही फंसी रही। हालांकि अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव में सुरक्षा और यातायात को सुचारू रूप से चलाने के लिए जिला पुलिस की ओर से कड़े बंदोबस्त किए गए थे, मगर यह इंतजाम फेल साबित हुए।
शहर के साथ विभिन्न जगहों पर 30 से ज्यादा नाके लगाए गए थे और भारी वाहनों काे भी शहर में प्रवेश नहीं करने दिया गया। इसके अलावा पुलिस ने पहले ही कई रूट के यातायात को डायवर्ट कर दिया था, मगर दिनभर लोगों को मुख्य मार्गों के साथ-साथ शहर में भी जाम से जूझना पड़ा। वहीं ब्रह्मसरोवर और सन्निहित सरोवर पर भीड़ की वजह से पैदल चलना भी दूभर हो रहा था।
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पहुंचे पांच लाख से ज्यादा पर्यटक
गीता महोत्सव के समापन दिवस पर पांच लाख से अधिक पर्यटक धर्मनगरी और ब्रह्मसरोवर पहुंचे थे। इतनी बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने पर शहर में जाम लगना लाजिमी था। हालांकि शनिवार को लगे जाम के बाद भी जिला प्रशासन कोई खास इंतजाम या योजना बनाने में नाकाम रहा। इस कारण लोग देर रात तक जाम में ही फंसे रहे।
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सुबह होते ही दूर-दराज से आए पर्यटक ब्रह्मसरोवर पहुंचना शुरू हो गए। लोग अपने निजी, किराए और बस से धर्मनगरी पहुंचे तो जाम में फंस गए। कई घंटों तक लोग जाम में ही फंसे रहे। यहां तक सन्निहित सरोवर के निकट एक एंबुलेंस भी काफी देर तक जाम में ही फंसी रही। हालांकि अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव में सुरक्षा और यातायात को सुचारू रूप से चलाने के लिए जिला पुलिस की ओर से कड़े बंदोबस्त किए गए थे, मगर यह इंतजाम फेल साबित हुए।
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शहर के साथ विभिन्न जगहों पर 30 से ज्यादा नाके लगाए गए थे और भारी वाहनों काे भी शहर में प्रवेश नहीं करने दिया गया। इसके अलावा पुलिस ने पहले ही कई रूट के यातायात को डायवर्ट कर दिया था, मगर दिनभर लोगों को मुख्य मार्गों के साथ-साथ शहर में भी जाम से जूझना पड़ा। वहीं ब्रह्मसरोवर और सन्निहित सरोवर पर भीड़ की वजह से पैदल चलना भी दूभर हो रहा था।
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पहुंचे पांच लाख से ज्यादा पर्यटक
गीता महोत्सव के समापन दिवस पर पांच लाख से अधिक पर्यटक धर्मनगरी और ब्रह्मसरोवर पहुंचे थे। इतनी बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने पर शहर में जाम लगना लाजिमी था। हालांकि शनिवार को लगे जाम के बाद भी जिला प्रशासन कोई खास इंतजाम या योजना बनाने में नाकाम रहा। इस कारण लोग देर रात तक जाम में ही फंसे रहे।