{"_id":"6960112b49b7678fd908c23a","slug":"mact-gave-compensation-of-rs-115-lakh-to-the-injured-kurukshetra-news-c-45-1-kur1007-148310-2026-01-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: एमएसीटी ने घायल को दिया 1.15 लाख का मुआवजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: एमएसीटी ने घायल को दिया 1.15 लाख का मुआवजा
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल (एमएसीटी) के पीठासीन अधिकारी अरविंद कुमार ने बुधवार को एक सड़क दुर्घटना मामले में फैसला सुनाया। कैथल जिले के राजौंद निवासी 40 वर्षीय राजेंद्र कुमार उर्फ राजिंदर सिंह को 29 अगस्त 2020 को पटियाला में हुए हादसे में लगी चोटों के लिए 1,15,703 रुपये मुआवजा दिए जाने का आदेश दिया गया है।
घटना के अनुसार राजेंद्र कुमार अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली में सब्जियां बेच रहे थे। पटियाला के सरहिंद बाईपास चौक के पास ट्रॉली सड़क किनारे खड़ी कर प्याज बेचने के बाद वे ट्रॉली में ही थे। तभी निर्मल सिंह की ओर से चलाए जा रहे कैंटर ने लापरवाही से टक्कर मार दी। इससे राजेंद्र को सिर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें पहले पटियाला के निजी अस्पताल में बाद में कैथल के निजी अस्पताल में उपचार कराना पड़ा।
ट्रिब्यूनल ने दुर्घटना को कैंटर चालक की लापरवाही का नतीजा मानते हुए मुआवजा तय किया। इसमें इलाज पर खर्च हुए 20,203 रुपये, पोषण, परिचर्या और परिवहन के 30 हजार, इलाज अवधि में आय हानि के तौर पर 9,500, दर्द, पीड़ा और ट्रॉमा सहने के लिए 50 हजार रुपये के साथ-साथ स्थायी अक्षमता को तीन प्रतिशत से भविष्य की आय हानि के लिए छह हजार रुपये देते हुए कुल मुआवजा 1,15,703 तय किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
घटना के अनुसार राजेंद्र कुमार अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली में सब्जियां बेच रहे थे। पटियाला के सरहिंद बाईपास चौक के पास ट्रॉली सड़क किनारे खड़ी कर प्याज बेचने के बाद वे ट्रॉली में ही थे। तभी निर्मल सिंह की ओर से चलाए जा रहे कैंटर ने लापरवाही से टक्कर मार दी। इससे राजेंद्र को सिर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें पहले पटियाला के निजी अस्पताल में बाद में कैथल के निजी अस्पताल में उपचार कराना पड़ा।
विज्ञापन
ट्रिब्यूनल ने दुर्घटना को कैंटर चालक की लापरवाही का नतीजा मानते हुए मुआवजा तय किया। इसमें इलाज पर खर्च हुए 20,203 रुपये, पोषण, परिचर्या और परिवहन के 30 हजार, इलाज अवधि में आय हानि के तौर पर 9,500, दर्द, पीड़ा और ट्रॉमा सहने के लिए 50 हजार रुपये के साथ-साथ स्थायी अक्षमता को तीन प्रतिशत से भविष्य की आय हानि के लिए छह हजार रुपये देते हुए कुल मुआवजा 1,15,703 तय किया गया।
विज्ञापन