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Kurukshetra News: कुरुक्षेत्र बनेगा देश का पहला टीबी मुक्त जिला, स्वास्थ्य विभाग ने तैयार किया रोडमैप
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कुरुक्षेत्र। ग्राम पंचायतों, प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के प्रयास से कुरुक्षेत्र देश का पहला टीबी मुक्त जिला बनेगा। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए अब तक कुरुक्षेत्र के 136 गांवों को टीबी मुक्त बनाया जा चुका है और शेष 267 गांव को टीबी मुक्त बनाने के लिए रोडमैप तैयार कर लिया गया है। इन गांव में लोगों के स्वास्थ्य की स्क्रीनिंग करने का काम जल्द शुरू कर दिया जाएगा। इस लक्ष्य को हासिल करने में ग्राम पंचायतों की भूमिका अहम रहेगी।
उपायुक्त नेहा सिंह ने यह जानकारी लघु सचिवालय के सभागार में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन हरियाणा की तरफ से एक कदम टीबी भारत की ओर टीबी मुक्त पंचायत सम्मान समारोह व टीबी फोरम की बैठक मेंं दी। इससे पहले सीएमओ डाॅ. सुखबीर सिंह व डिप्टी सीएमओ डाॅ. संदीप अग्रवाल ने पावर प्रेजेंटेशन के जरिए जिला टीबी मुक्त अभियान के बारे में आंकड़ों सहित रिपोर्ट प्रस्तुत की और वर्ष 2025 में कुरुक्षेत्र को देश का पहला टीबी मुक्त जिला बनाने का रोडमैप प्रस्तुत किया।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 में 33 और वर्ष 2024 में 136 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त हुई हैं। इनमें 25 पंचायतें दूसरी बार टीबी मुक्त की श्रेणी में शामिल हुईं हैंं। प्रत्येक पंचायत में 1000 की आबादी पर 30 लोगों के सैंपल लिए गए। गांव की आबादी के हिसाब से प्रति हजार पर एक मरीज से कम की संख्या वाली पंचायत को टीबी मुक्त घोषित किया जाता है। उन्होंने बताया कि जिले में करीब छह टीबी यूनिट, 14 डीएमसी यूनिट काम कर रही है जिसमें आदेश मेडिकल कॉलेज भी शामिल है।
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इन 24 पंचायतों को किया सम्मानित
उपायुक्त नेहा सिंह ने दूसरे साल लगातार दूसरी बार टीबी मुक्त की श्रेणी सिल्वर ट्रॉफी के साथ ग्राम पंचायतों को सम्मानित किया। इनमें गांव खानपुर रोडान, खिजरपुरा, रॉवगढ़, मुंडाखेड़ा, डेरुमाजरा, शादीपुर, दीरपुर, मंदरनपुर, टूकर, तंगौली, मुकीमपुरा, बुड्डा, जुलमत, नानकपुरा, चम्मू कलां, फतेहगढ चम्मू, सैनी माजरा, रायपुर, मलिकपुर, छोडपुर, भालड, खरकाली, पटामाजरा, जोगी माजरा की ग्राम पंचायतें शामिल हैं।
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उपायुक्त नेहा सिंह ने यह जानकारी लघु सचिवालय के सभागार में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन हरियाणा की तरफ से एक कदम टीबी भारत की ओर टीबी मुक्त पंचायत सम्मान समारोह व टीबी फोरम की बैठक मेंं दी। इससे पहले सीएमओ डाॅ. सुखबीर सिंह व डिप्टी सीएमओ डाॅ. संदीप अग्रवाल ने पावर प्रेजेंटेशन के जरिए जिला टीबी मुक्त अभियान के बारे में आंकड़ों सहित रिपोर्ट प्रस्तुत की और वर्ष 2025 में कुरुक्षेत्र को देश का पहला टीबी मुक्त जिला बनाने का रोडमैप प्रस्तुत किया।
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उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 में 33 और वर्ष 2024 में 136 ग्राम पंचायतें टीबी मुक्त हुई हैं। इनमें 25 पंचायतें दूसरी बार टीबी मुक्त की श्रेणी में शामिल हुईं हैंं। प्रत्येक पंचायत में 1000 की आबादी पर 30 लोगों के सैंपल लिए गए। गांव की आबादी के हिसाब से प्रति हजार पर एक मरीज से कम की संख्या वाली पंचायत को टीबी मुक्त घोषित किया जाता है। उन्होंने बताया कि जिले में करीब छह टीबी यूनिट, 14 डीएमसी यूनिट काम कर रही है जिसमें आदेश मेडिकल कॉलेज भी शामिल है।
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इन 24 पंचायतों को किया सम्मानित
उपायुक्त नेहा सिंह ने दूसरे साल लगातार दूसरी बार टीबी मुक्त की श्रेणी सिल्वर ट्रॉफी के साथ ग्राम पंचायतों को सम्मानित किया। इनमें गांव खानपुर रोडान, खिजरपुरा, रॉवगढ़, मुंडाखेड़ा, डेरुमाजरा, शादीपुर, दीरपुर, मंदरनपुर, टूकर, तंगौली, मुकीमपुरा, बुड्डा, जुलमत, नानकपुरा, चम्मू कलां, फतेहगढ चम्मू, सैनी माजरा, रायपुर, मलिकपुर, छोडपुर, भालड, खरकाली, पटामाजरा, जोगी माजरा की ग्राम पंचायतें शामिल हैं।