{"_id":"6713d878e92a316d0505bea5","slug":"kurukshetra-vvip-ghat-of-brahmasarovar-also-became-grain-market-lakhs-of-mt-paddy-under-open-sky-2024-10-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra: ब्रह्मसरोवर का वीवीआईपी घाट भी बना अनाजमंडी, खुले आसमान के नीचे लाखों एमटी धान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra: ब्रह्मसरोवर का वीवीआईपी घाट भी बना अनाजमंडी, खुले आसमान के नीचे लाखों एमटी धान
Sat, 19 Oct 2024 09:34 PM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Sat, 19 Oct 2024 09:34 PM IST
सार
ब्रह्मसरोवर पर पर्यटन को परेशानी हो रही है तो वहीं किसान भी परेशानी झेल रहे हैं। धान उठान में उम्मीद अनुसार तेजी नहीं आ पा रही है। सड़कों पर खुले आसमान के नीचे लाखों एमटी धान पड़ा है।
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र में धान से अटी मंडी।
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा कुरुक्षेत्र जिले की अनाज मंडियों में धान की खरीद से लेकर उठान तक के हालात उम्मीद अनुसार पटरी पर नहीं लौट पाए हैं। अभी भी अधिकतर अनाज मंडियां धान से अटी पड़ी है तो किसानों को धान डालने की जगह नहीं मिल पा रही है। धर्मनगरी में भी किसानों को सड़को पर जहां भी जगह दिखाई पड़ रही वहीं धान डालने को मजबूर हैं।
यहां तक कि ब्रह्मसरोवर चारों ओर से अस्थाई अनाज मंडियों से घिरा हुआ है तो वीवीआईपी घाट भी बाहरी ओर से पूरी तरह धान से अटा हुआ है। यहां वीवीआईपी तो दूर आम आदमी का गुजरना भी घाट तक पहुंचना मुश्किल है। ब्रह्मसरोवर के बने इन हालात के चलते यहां पर्यटन को भी धक्का लग रहा है।
यहां आने वाले पर्यटकों को दिन-रात धूल के गुबारों का सामना करना पड़ता है तो वहीं वहीं चारों ओर सड़कों पर ट्रैक्टर-ट्रक व अन्य वाहन दौड़ते दिखाई पड़ रहे हैं। ब्रह्मसरोवर परिसर में घुसना तक पर्यटकों के लिए मुश्किल भरा हो चुका है तो ऐसे में पर्यटक यहां से किनारा करने लगे हैं।
विज्ञापन
पिछले सीजन में ही प्रशासन को करवा दिया था अवगत : सिंघल
केडीबी के मानद सचिव उपेंद्र सिंघल का कहना है कि ब्रह्मसरोवर के चारों ओर हर सीजन में मंडियां बना दी जाती है, जिससे पूरी तरह से यहां अव्यवस्था फैल जाती है तो पर्यटकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। पिछले सीजन में भी प्रशासन को अवगत कराया गया था लेकिन इस बार फिर चारों ओर धान की मंडियां बनी हुई है।
यह हो चुका धान खरीद व उठान
विज्ञापन
यहां तक कि ब्रह्मसरोवर चारों ओर से अस्थाई अनाज मंडियों से घिरा हुआ है तो वीवीआईपी घाट भी बाहरी ओर से पूरी तरह धान से अटा हुआ है। यहां वीवीआईपी तो दूर आम आदमी का गुजरना भी घाट तक पहुंचना मुश्किल है। ब्रह्मसरोवर के बने इन हालात के चलते यहां पर्यटन को भी धक्का लग रहा है।
विज्ञापन
यहां आने वाले पर्यटकों को दिन-रात धूल के गुबारों का सामना करना पड़ता है तो वहीं वहीं चारों ओर सड़कों पर ट्रैक्टर-ट्रक व अन्य वाहन दौड़ते दिखाई पड़ रहे हैं। ब्रह्मसरोवर परिसर में घुसना तक पर्यटकों के लिए मुश्किल भरा हो चुका है तो ऐसे में पर्यटक यहां से किनारा करने लगे हैं।
विज्ञापन
पिछले सीजन में ही प्रशासन को करवा दिया था अवगत : सिंघल
केडीबी के मानद सचिव उपेंद्र सिंघल का कहना है कि ब्रह्मसरोवर के चारों ओर हर सीजन में मंडियां बना दी जाती है, जिससे पूरी तरह से यहां अव्यवस्था फैल जाती है तो पर्यटकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। पिछले सीजन में भी प्रशासन को अवगत कराया गया था लेकिन इस बार फिर चारों ओर धान की मंडियां बनी हुई है।
यह हो चुका धान खरीद व उठान
- शनिवार शाम तक कुल खरीद - 719508 एमटी
- शनिवार को खरीद - 58727 एमटी
- कुल उठान - 444359 एमटी, 64 फीसदी
- भुगतान - 956. 23 करोड़ रुपये