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हरियाणा: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत होगा नेटवर्क, सात विवि के साथ हुआ एमओयू
Wed, 27 Sep 2023 08:43 PM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Wed, 27 Sep 2023 08:43 PM IST
सार
सात प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ समझौता कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालयों का एमओयू हुआ है। शैक्षणिक उत्कृष्टता और अंतरराष्ट्रीय सहयोग में एमओयू अहम भूमिका निभाएगा। छात्र और संकाय के सदस्य आदान-प्रदान कर सकेंगे।
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कुवि में सात अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ हुए समझौते की कॉपी दिखाते।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय (कुवि) का बुधवार को सात प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ समझौता (एमओयू) हुआ। इंडोनेशिया के बाटम शहर में ब्लैंडेड मोड में आयोजित 29वीं आईएमटी-जीटी बैठक के दौरान समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए।
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कुवि इन सात प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ अकादमिक साझेदारी कर एक मजबूत नेटवर्क स्थापित करेगा, जिससे छात्र और संकाय के सदस्य आदान-प्रदान कर सकेंगे। यह समझौता कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के इंडोनेशिया-मलेशिया-थाईलैंड ग्रोथ ट्राइएंगल यूनिवर्सिटी नेटवर्क (आईएमटी-जीटी यूनीनेट) के साथ एक महत्वपूर्ण अकादमिक भागीदारी स्थापित करेगा। आईएमटी यूनिनेट नेटवर्क में तीन देशों के 27 विश्वविद्यालय शामिल हैं।
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कुवि कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने समझौते पर हस्ताक्षर करते हुए कहा कि इन एमओयू के माध्यम से, कुवि, आईएमटी-जीटी और देश के बीच सहयोग की परियोजनाओं और कार्यक्रमों के कार्यान्वयन में तेजी लाने वाला देश का पहला विश्वविद्यालय बन गया है।
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कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय के लिए शैक्षणिक उत्कृष्टता और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के लिए एक नए युग की शुरुआत की गई हैं। इन एमओयू से नई राहें मिलेंगी, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप हमारे छात्रों के लिए उच्च शिक्षा के अंतरराष्ट्रीयकरण में सक्रिय रूप से शामिल होने के कई अवसर प्रदान करेगा।
कुवि इंटरनेशनल सेंटर फॉर इंडो-पैसिफिक स्टडीज के निदेशक प्रो. वीएन अत्री ने इस एमओयू में शामिल संस्थानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस समझौते में इंडोनेशिया के छह विश्वविद्यालय यूनिवर्सिटास सियाह कुआला, यूनिवर्सिटास लैम्पुंग, यूनिवर्सिटास मैरिटिम राजा अली हाजी, यूनिवर्सिटास सुमाटेरा उतरा, यूनिवर्सिटास जंबी, और यूनिवर्सिटास रियाउ शामिल हैं। इसके अतिरिक्त मलेशिया का एक विश्वविद्यालय, यूनिवर्सिटी टेक्नोलॉजी मारा भी इस समझौता का हिस्सा बना है।
इस समझौते के दौरान मलेशिया में देश के उच्चायुक्त बी एन रेड्डी, प्रो.टीएस, डॉ. हाजा रोज़िया मोहम्मद, जनोर और इंडोनेशिया तथा मलेशिया के सात भागीदार विश्वविद्यालयों के कुलपतियों ने भागीदारी की। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से समझौते के दौरान प्रो. शुचिस्मिता, प्रो. अनिल वोहरा, प्रो. अमित लुदरी, प्रो. संजीव अग्रवाल, प्रो. अनिल मित्तल, प्रो. दिनेश कुमार, प्रो. ब्रजेश साहनी, प्रो. नीलम रानी, प्रो. एसके चहल, प्रो. अनुरेखा शर्मा सहित अन्य मौजूद रहे।