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कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा लिपिक पद की भर्ती के लिए सत्यापन प्रक्रिया शुरू
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कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में क्लर्क के 198 पदों के लिए चल रही भर्ती प्रक्रिया के तहत दस्तावेज सत्यापन के लिए पहुंचे अभ्यर्थियों के उस समय होश उड़ गए, जब विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा बायोमेट्रिक मशीन पर ली गई हाजिरी में अंगूठे के निशान(थम इंप्रेशन) का मिलान नहीं हुआ। बायोमेट्रिक हाजिरी न लगने से दूर-दराज से पहुंचे दर्जनों अभ्यर्थियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों द्वारा अभ्यर्थियों की विभिन्न बायोमेट्रिक मशीनों पर हाजिरी लगवाई गई, लेकिन फिर भी अंगुठे के निशान का मिलान नहीं हो पाया। अंगुठे के निशान का मिलान न होने से अधिकारी स्वयं भी दुविधा में पड़ गए और काफी समय तक समस्या का समाधान न होने पर अधिकारी स्वयं अभ्यर्थियों से उनके दस्तावेजों और परीक्षा केंद्रों के बारे में गहनता से पूछताछ करने लगे। इस दौरान अधिकारियों ने अभ्यर्थी से उसका परिचय, दस्तावेजों और परीक्षा केंद्रों की गहनता से पूछताछ की। बता दें कि 25 अगस्त को कंप्यूटर एप्लीकेशन एंड एप्लीकेशन टेस्ट एप्टिट्यूड परीक्षा दोनों एक साथ ली गई थी, जिसके 3 दिन बाद बुधवार को इस परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया गया था। दोनों परीक्षाओं को उत्तीर्ण करने वाले 3091 आवेदकों के दस्तावेजों के सत्यापन के लिए शनिवार और रविवार को आमंत्रित किया गया था।
शनिवार को क्लर्क के 198 पदों के लिखित परीक्षा में उत्तीर्ण हुए करीब 1600 अभ्यर्थी कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय पहुंचे, जिनके दस्तावेजों के सत्यापन के लिए प्रशासन द्वारा करीब 80 अधिकारियों व कर्मचारियों की 12 कमेटी गठित की गई थी, जिन्होंने तीन बैच में अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया। हालांकि केयू प्रशासन द्वारा दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया के लिए किए गए बंदोबस्त नाकाम साबित हुए। अभ्यर्थियों को बायोमेट्रिक हाजिरी लगाने के लिए बार-बार मशीनों पर अंगुठे के निशान देने पड़े, लेकिन इसके बाद भी मशीन पर अंगुठे के निशानों का मिलान न होने पर अभ्यर्थियों के होश उड़ गए। अभ्यर्थी बार-बार अधिकारियों के समक्ष हाजिरी लगवाने के लिए गुहार लगाते रहे, जिसके बाद अधिकारियों द्वारा पोर्टेबल बायोमेट्रिक मशीन का प्रबंध किया गया। इसके पश्चात अभ्यर्थियों के अंगुठे के निशानों का सत्यापन किया गया।
छह बार लगाया अंगूठा नहीं हुआ मिलान: सतीश कुमार
जुलाना जिला जींद निवासी सतीश कुमार ने बताया कि जिस बायोमेट्रिक मशीन पर अभ्यर्थियों की हाजिरी ली जा रही थी। उन मशीनों में कोई तकनीकी खराबी थी। उसने पांच मशीनों पर छह बार अंगूठा लगाया, लेकिन एक बार भी अंगुठे के निशान का मिलान नहीं हुआ। आखिर में पोर्टेबल बायोमेट्रिक मशीन पर उनकी हाजिरी लगी।
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घंटों तक करना पड़ा इंतजार: आशू
कुरुक्षेत्र के सेक्टर-13 निवासी आशू ने बताया कि वे सुबह 11 बजे दस्तावेज सत्यापन के लिए कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय पहुंच गए थे, लेकिन दोपहर करीब 2 बजे तक भी उनकी बायोमेट्रिक हाजिरी नहीं हो सकी। कई घंटे के इंतजार के बाद दूसरी पोर्टेबल बायोमेट्रिक मशीन पर हाजिरी दर्ज कराई।
उपस्थित सभी अभ्यर्थियों के दस्तावेज हुए सत्यापित: डॉ. अशोक
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के प्रवक्ता डा. अशोक कुमार ने बताया कि शनिवार को दस्तावेज सत्यापन के लिए 1600 अभ्यर्थी विश्वविद्यालय पहुंचे थे, जिनके दस्तावेजों की ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों ने हर पहलु से सूक्ष्म जांच पड़ताल की, जिन अभ्यर्थियों की बायोमेट्रिक हाजिरी दर्ज नहीं हुई, उन अभ्यर्थियों की दूसरी बायोमेट्रिक मशीन के साथ हाजिरी दर्ज कराई गई।
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शनिवार को क्लर्क के 198 पदों के लिखित परीक्षा में उत्तीर्ण हुए करीब 1600 अभ्यर्थी कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय पहुंचे, जिनके दस्तावेजों के सत्यापन के लिए प्रशासन द्वारा करीब 80 अधिकारियों व कर्मचारियों की 12 कमेटी गठित की गई थी, जिन्होंने तीन बैच में अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया। हालांकि केयू प्रशासन द्वारा दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया के लिए किए गए बंदोबस्त नाकाम साबित हुए। अभ्यर्थियों को बायोमेट्रिक हाजिरी लगाने के लिए बार-बार मशीनों पर अंगुठे के निशान देने पड़े, लेकिन इसके बाद भी मशीन पर अंगुठे के निशानों का मिलान न होने पर अभ्यर्थियों के होश उड़ गए। अभ्यर्थी बार-बार अधिकारियों के समक्ष हाजिरी लगवाने के लिए गुहार लगाते रहे, जिसके बाद अधिकारियों द्वारा पोर्टेबल बायोमेट्रिक मशीन का प्रबंध किया गया। इसके पश्चात अभ्यर्थियों के अंगुठे के निशानों का सत्यापन किया गया।
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छह बार लगाया अंगूठा नहीं हुआ मिलान: सतीश कुमार
जुलाना जिला जींद निवासी सतीश कुमार ने बताया कि जिस बायोमेट्रिक मशीन पर अभ्यर्थियों की हाजिरी ली जा रही थी। उन मशीनों में कोई तकनीकी खराबी थी। उसने पांच मशीनों पर छह बार अंगूठा लगाया, लेकिन एक बार भी अंगुठे के निशान का मिलान नहीं हुआ। आखिर में पोर्टेबल बायोमेट्रिक मशीन पर उनकी हाजिरी लगी।
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घंटों तक करना पड़ा इंतजार: आशू
कुरुक्षेत्र के सेक्टर-13 निवासी आशू ने बताया कि वे सुबह 11 बजे दस्तावेज सत्यापन के लिए कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय पहुंच गए थे, लेकिन दोपहर करीब 2 बजे तक भी उनकी बायोमेट्रिक हाजिरी नहीं हो सकी। कई घंटे के इंतजार के बाद दूसरी पोर्टेबल बायोमेट्रिक मशीन पर हाजिरी दर्ज कराई।
उपस्थित सभी अभ्यर्थियों के दस्तावेज हुए सत्यापित: डॉ. अशोक
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के प्रवक्ता डा. अशोक कुमार ने बताया कि शनिवार को दस्तावेज सत्यापन के लिए 1600 अभ्यर्थी विश्वविद्यालय पहुंचे थे, जिनके दस्तावेजों की ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों ने हर पहलु से सूक्ष्म जांच पड़ताल की, जिन अभ्यर्थियों की बायोमेट्रिक हाजिरी दर्ज नहीं हुई, उन अभ्यर्थियों की दूसरी बायोमेट्रिक मशीन के साथ हाजिरी दर्ज कराई गई।