{"_id":"657f545e246991bd150e3ba6","slug":"international-festival-begins-with-maha-aarti-and-worship-of-holy-book-geeta-kurukshetra-news-c-45-1-kur1001-10441-2023-12-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: पवित्र ग्रंथ गीता की महाआरती व पूजन संग अंतरराष्ट्रीय महोत्सव का आगाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: पवित्र ग्रंथ गीता की महाआरती व पूजन संग अंतरराष्ट्रीय महोत्सव का आगाज
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। पवित्र ग्रंथ गीता की महाआरती और महापूजन तथा गीता के श्लोकों के उच्चारण के बीच रविवार को अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव का आगाज हुआ। इसके साथ ही ब्रह्मसरोवर के चारों तरफ पवित्र ग्रंथ गीता के श्लोकोच्चारण से पूरी फिजा गीतामय हो गई। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, मुख्यमंत्री मनोहर लाल, गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद ने पवित्र ग्रंथ गीता की महाआरती व महापूजन कर विधिवत रूप से 24 दिसंबर तक चलने वाले महोत्सव का शुभारंभ किया। इस दौरान आकाश में छोडे़ गए रंग-बिरंगे हिंडोले मुख्य आकर्षण का केंद्र रहे।
महोत्सव में जगदीप धनखड़ व उनकी धर्मपत्नी डॉ. सुदेश धनखड़ का कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय हैलीपेड पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष एवं सांसद नायब सिंह सैनी, राज्यमंत्री संदीप सिंह, विधायक सुभाष सुधा, उपायुक्त शांतनु शर्मा, कुलपति डाॅ. सोमनाथ सचदेवा ने स्वागत किया। इसके उपरांत रविवार को ब्रहमसरोवर के पुरुषोतमपुरा बाग में उपराष्ट्रपति का जैसे ही आगमन हुआ, उसी समय मंत्रोच्चारण के बीच मुख्यमंत्री मनोहर लाल, गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद महाराज, असम के मुख्य सचिव पवन कुमार बोरठाकुर, असम के सांस्कृतिक एवं कॉमर्स मंत्री बिमल बोरहा, राज्यमंत्री संदीप सिंह, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव एवं सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के महानिदेशक डाॅ. अमित अग्रवाल ने स्वागत किया। यहां पर देश के विभिन्न राज्यों से आए लोक कलाकारों ने अपने-अपने प्रदेश की वेशभूषा में सुसज्जित होकर अपने प्रदेश की परंपरा अनुसार सभी मेहमानों और पर्यटकों का कुरुक्षेत्र की पावन धरा पर पहुंचने पर अभिनंदन किया।
पवित्र ग्रंथ गीता की महाआरती व महापूजन से महोत्सव का शुभारंभ किया गया। इससे पहले सभी ने भागीदारी राज्य असम के पवेलियन का उद्घाटन करने के उपरांत असम प्रदेश के खान-पान, रहन-सहन, परिधानों सहित अन्य विभिन्न दृश्यों को दर्शाने वाले स्टॉलों का अवलोकन किया तो वहीं सांस्कृतिक विरासत के दर्शन किए। इसके पश्चात सूचना, जनसम्पर्क, भाषा एवं संस्कृति विभाग की राज्य स्तरीय प्रदर्शनी का उदघाटन व अवलोकन किया। इस प्रदर्शनी के माध्यम से हरियाणा सरकार की नौ साल की उपलब्धियों को विभिन्न विभागों के स्टॉलों के माध्यम से दर्शाया गया है। इसके पश्चात सभी ने कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के सदस्यों और अधिकारियों के साथ एक ग्रुप स्मृति चित्र भी करवाया।
विज्ञापन
विज्ञापन
महोत्सव में जगदीप धनखड़ व उनकी धर्मपत्नी डॉ. सुदेश धनखड़ का कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय हैलीपेड पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष एवं सांसद नायब सिंह सैनी, राज्यमंत्री संदीप सिंह, विधायक सुभाष सुधा, उपायुक्त शांतनु शर्मा, कुलपति डाॅ. सोमनाथ सचदेवा ने स्वागत किया। इसके उपरांत रविवार को ब्रहमसरोवर के पुरुषोतमपुरा बाग में उपराष्ट्रपति का जैसे ही आगमन हुआ, उसी समय मंत्रोच्चारण के बीच मुख्यमंत्री मनोहर लाल, गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद महाराज, असम के मुख्य सचिव पवन कुमार बोरठाकुर, असम के सांस्कृतिक एवं कॉमर्स मंत्री बिमल बोरहा, राज्यमंत्री संदीप सिंह, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव एवं सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के महानिदेशक डाॅ. अमित अग्रवाल ने स्वागत किया। यहां पर देश के विभिन्न राज्यों से आए लोक कलाकारों ने अपने-अपने प्रदेश की वेशभूषा में सुसज्जित होकर अपने प्रदेश की परंपरा अनुसार सभी मेहमानों और पर्यटकों का कुरुक्षेत्र की पावन धरा पर पहुंचने पर अभिनंदन किया।
विज्ञापन
पवित्र ग्रंथ गीता की महाआरती व महापूजन से महोत्सव का शुभारंभ किया गया। इससे पहले सभी ने भागीदारी राज्य असम के पवेलियन का उद्घाटन करने के उपरांत असम प्रदेश के खान-पान, रहन-सहन, परिधानों सहित अन्य विभिन्न दृश्यों को दर्शाने वाले स्टॉलों का अवलोकन किया तो वहीं सांस्कृतिक विरासत के दर्शन किए। इसके पश्चात सूचना, जनसम्पर्क, भाषा एवं संस्कृति विभाग की राज्य स्तरीय प्रदर्शनी का उदघाटन व अवलोकन किया। इस प्रदर्शनी के माध्यम से हरियाणा सरकार की नौ साल की उपलब्धियों को विभिन्न विभागों के स्टॉलों के माध्यम से दर्शाया गया है। इसके पश्चात सभी ने कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के सदस्यों और अधिकारियों के साथ एक ग्रुप स्मृति चित्र भी करवाया।
विज्ञापन