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धरोहर हरियाणा संग्रहालय ने अपनाया अपणा घर
ब्यूरो/अमर उजाला/ कुरुक्षेत्र
Updated Fri, 29 Jan 2016 01:30 AM IST
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उन्होंने बताया कि केन्द्र तथा हरियाणा सरकार के पर्यटन व टैक्सटाईल बोर्ड के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सूरज कुंड क्राफ्ट मेले का आयोजन 01 से 15 फरवरी 2016 को किया जा रहा है। इस मेले में पहली बार हरियाणा हेरिटेज के दर्शन होंगे।
धरोहर हरियाणा संग्रहालय के प्रभारी डॉ. महासिंह पूनिया ने बताया कि हरियाणा के पर्यटन विभाग की पहल पर पहली बार धरोहर हरियाणा संग्रहालय सूरजकुंड क्राफ्ट मेले में अपणा घर के माध्यम से हरियाणा की सांस्कृतिक धरोहर को प्रस्तुत करेगा। अपणा घर की पूरी साज-सज्जा धरोहर हरियाणा संग्रहालय हरियाणवी तरीके से कर रहा है। इस घर में हरियाणा से जुड़ी हुई पारम्परिक विषय-वस्तुओं को प्रदर्शित किया जायेगा।
अपणा के घर के साथ ही कुवि धरोहर हरियाणा संग्रहालय की ओर से जुलाहा, कुम्हार, चरखा कातना, दरी बनाना, टोकरे बनाना, जेवड़ी बांटना जैसी सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत स्वरूप में प्रस्तुत किया जायेगा। इसके अतिरिक्त बैलगाड़ी, सबसे बड़ा हुक्का, पुराने बर्तन तथा घेर संस्कृति को भी उजागर किया जायेगा। इतना ही नहीं पगड़ी बंधवाओ, फोटो खिंचवाओ विधा के माध्यम से हरियाणवी पगड़ी को सूरजकुंड क्राफ्ट मेले में विदेशी सैलानियों तक पहुंचाया जायेगा। उल्लेखनीय है सूरजकुंड क्राफ्ट मेले में हर वर्ष दस लाख से अधिक पर्यटक भाग लेते हैं।
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धरोहर हरियाणा संग्रहालय के प्रभारी डॉ. महासिंह पूनिया ने बताया कि हरियाणा के पर्यटन विभाग की पहल पर पहली बार धरोहर हरियाणा संग्रहालय सूरजकुंड क्राफ्ट मेले में अपणा घर के माध्यम से हरियाणा की सांस्कृतिक धरोहर को प्रस्तुत करेगा। अपणा घर की पूरी साज-सज्जा धरोहर हरियाणा संग्रहालय हरियाणवी तरीके से कर रहा है। इस घर में हरियाणा से जुड़ी हुई पारम्परिक विषय-वस्तुओं को प्रदर्शित किया जायेगा।
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अपणा के घर के साथ ही कुवि धरोहर हरियाणा संग्रहालय की ओर से जुलाहा, कुम्हार, चरखा कातना, दरी बनाना, टोकरे बनाना, जेवड़ी बांटना जैसी सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत स्वरूप में प्रस्तुत किया जायेगा। इसके अतिरिक्त बैलगाड़ी, सबसे बड़ा हुक्का, पुराने बर्तन तथा घेर संस्कृति को भी उजागर किया जायेगा। इतना ही नहीं पगड़ी बंधवाओ, फोटो खिंचवाओ विधा के माध्यम से हरियाणवी पगड़ी को सूरजकुंड क्राफ्ट मेले में विदेशी सैलानियों तक पहुंचाया जायेगा। उल्लेखनीय है सूरजकुंड क्राफ्ट मेले में हर वर्ष दस लाख से अधिक पर्यटक भाग लेते हैं।
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