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Kurukshetra News: कमलकुंज के बाहर स्थापित होगी महर्षि दधीचि की भव्य प्रतिमा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 30 Jun 2023 01:30 AM IST
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Grand statue of Maharishi Dadhichi will be installed outside Kamalkunj

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कुरुक्षेत्र। धर्मनगरी को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने को लेकर प्रदेश सरकार हर संभव प्रयास कर रही है। इसी के चलते सन्निहित सरोवर का जहां सुंदरीकरण किया जाना है वहीं महर्षि दधीचि की भव्य एवं आर्कषक प्रतिमा चार चांद लगाएगी। यह प्रतिमा अगले तीन माह में स्थापित कर दी जाएगी और नंवबर-दिसंबर माह में मनाए जाने वाले अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव से पहले इसका अनावरण किए जाने की उम्मीद है। खास बात यह है कि यह प्रतिमा अब सन्निहित सरोवर के कमल कुंज में नहीं इसके बाहर सरोवर की ओर स्थापित की जाएगी। इस कार्य का शुभारंभ मुख्यमंत्री मनोहर लाल एक जुलाई को ऑनलाइन करेंगे। इसके लिए कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड तैयारियों में जुटा है तो वहीं मूर्ति को आकार देने का जिम्मा मशहूर मूर्तिकार राम सुतार को सौंपा गया है। मूर्ति का प्रतिरूप भी धर्मनगरी देख चुकी है, जिसकी हर कोई सराहना करता दिखाई दिया।





पहले थी कमलकुंज में स्थापना की तैयारी

केडीबी ने पहले करीब एक करोड़ 30 लाख की लागत से तैयार की जाने वाली यह प्रतिमा सन्निहित सरोवर परिसर में ही स्थित कमल कुंज में स्थापित करने की तैयारी की थी, लेकिन अब इस योजना को बदलना पड़ा है। यह प्रतिमा कमल कुंज के बाहर किनारे के साथ सरोवर की ओर स्थापित की जाएगी। यह जगह बदले जाने के पीछे माना जा रहा है कि कमलकुंज की विशालता के चलते मूर्ति यहां आने वाले पर्यटकों व श्रद्धालुओं को आर्कषित नहीं करती। अब पर्यटक व श्रद्धालु इस प्रतिमा को बेहद करीब से निहार सकेंगे।
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महर्षि दधीचि रहते थे सन्निहित किनारे

केडीबी के मानद सचिव उपेंद्र सिंघल का कहना है कि देश का सर्वोच्च पुरस्कार परमवीर चक्र भी दधिचि के वज्र पर आधारित है। यह प्रतिमा इस परमवीर चक्र का भी अहसास कराएगी। महर्षि दधीचि यहां सन्निहित किनारे रहते थे। माना जाता है कि असुरों से युद्ध जितने के लिए भगवान विष्णु के कहने पर महर्षि दधीचि ने प्रचंड तपस्या कर अपनी हड्डियों को मजबूत किया। फिर अपनी हड्डियों को वज्र हथियार बनाने के लिए इंद्रदेव को दान कर दिया था उसकी मदद से इंद्र व देवता युद्ध जीत सके थे। यह प्रतिमा हर श्रद्धालु व पर्यटक के लिए प्रेरणादायक बनेगी।
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सोमेश्वर तीर्थ के जीर्णोद्वार की जगी उम्मीद

गांव गुमथला गढ़ू स्थित सोमेवश्र तीर्थ के जीर्णोद्वा की भी उम्मीद जग गई है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल इस कार्य का शुभारंभ एक जुलाई को ही ऑनलाइन मोड से करेंगे। तीर्थ के जीर्णोद्वार को लेकर मुख्यमंत्री ने ही पांच वर्ष पहले वर्ष 2018 में घोषणा की थी। किन्हीं कारणों के चलते पूर्व की पंचायत में यह कार्य सिरे नहीं चढ़ सका था। जीर्णोद्वार कार्य पूरा होने पर यह तीर्थ भव्य रूप लेगा।
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