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Kurukshetra News: मानसून सीजन में मारकंडा नदी में पहली बार पहुंचा पांच हजार क्यूसेक पानी

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 20 Jul 2024 06:45 AM IST
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Five thousand cusecs of water reached Markanda river for the first time in monsoon season.
कुरुक्षेत्र/शाहाबाद। पहाड़ी क्षेत्र कालाअम्ब व आसपास वीरवार रात और शुक्रवार अल सुबह हुई बारिश के बाद मारकंडा नदी में भी बारिश का पानी बहने लगा। शुक्रवार को यहां पांच हजार क्यूसेक पानी पहुंचा है। वहीं ज्यादा बारिश होने पर यह पानी और बढ़ने की संभावना भी जताई जा रही है। कालाअम्ब में मारकंडा नदी पर तैनात गेज रीडर कश्मीरा ने बताया कि वीरवार रात और शुक्रवार अल सुबह पहाड़ों पर लगातार बारिश हुई, जिसके बाद कालाअम्ब में सुबह करीब 15 हजार क्यूसेक पानी दर्ज किया गया, लेकिन शुक्रवार सुबह पांच बजे के बाद वहां बारिश बंद हो गई। वहीं शाहाबाद में तैनात गेज रीडर रविंदर का कहना है कि अभी तक नदी सूखी थी। शुक्रवार शाम करीब चार बजे केवल पांच हजार क्यूसेक पानी पहुंचा है।
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उन्होंने बताया कि फिलहाल बेगना और रुन नदी में भी पानी नहीं आया है, इसलिए भी मारकंडा में ज्यादा पानी नहीं पहुंचा है। गौरतलब है कि शाहाबाद शहर में मारकंडा नदी के तट पर बना बांध मजबूत है और यहां 35 हजार क्यूसेक पानी तक कोई खतरा नहीं है। लेकिन अंबाला के गांव हेमामाजरा में कटे बांध से 13 हजार क्यूसेक से ऊपर होने के बाद ही पानी गांव गल्हेड़ी, तंदवाल और तंदवाली के खेतों के रास्ते शाहाबाद के गांव पाडलू में दस्तक देता है। उसके बाद गांव रावा, जोगी माजरा और अनाज मंडी के रास्ते शाहाबाद की अटारी कालोनी और हुडा में प्रवेश कर जाता है और बाढ़ का कारण बनता है। पिछले वर्ष भी यही हालात बने थे। फिलहाल बारिश कम होने के चलते राहत मानी जा रही है, लेकिन अब मारकंडा में पानी आया तो लोग पिछले वर्ष को भी याद करने लगे हैं। मारकंडा नदी में पानी आने के बाद विधायक रामकरण काला ने पत्रकार वार्ता की और मदद हेतु मोबाइल नंबर जारी किए। विधायक ने कहा कि पिछले वर्ष जैसे हालात इस बार नहीं होंगे। उन्होंने ग्रामीणों से अनुरोध किया कि मारकंडा नदी के तट पर जहां भी बांध टूटे वह तुरंत मदद हेतु फ़ोन करें। जिसके बाद तुरंत बड़ी मशीन मदद के लिए पहुंचेगी और वह खुद भी मौके का जायजा लेंगे। मदद के लिए 86075-11316 और 94165-14737 नंबर पर संपर्क किया जा सकता है।
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