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Kurukshetra News: भाकियू फिर आंदोलन की राह पर पांच को होगी किसान महापंचायत
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शाहाबाद। धान खरीद में अव्यवस्थाओं के विरोध में भारतीय किसान यूनियन चढूनी ने फिर आंदोलन की राह पकड़ी है। यूनियन अध्यक्ष गुरनाम चढूनी ने पांच अक्तूबर को शहीद स्मारक पर किसान महापंचायत बुलाई है।
उन्होंने किसानों से लठ लेकर पहुंचने की अपील की है, ताकि प्रशासन की कार्रवाई का सीधा जवाब दिया जा सके। करीब 10 दिन पहले भाकियू ने धान की सरकारी खरीद शुरू करने की मांग पर जीटी रोड पर संघर्ष किया था। उस समय पुलिस ने आंसू गैस के गोले, वाटर कैनन और हल्का लाठीचार्ज किया था।
सरकार ने 29 सितंबर से धान खरीद शुरू की थी, लेकिन गुरनाम चढूनी का आरोप है कि अनाजमंडियों में स्थिति जस की तस है। धान की खरीद पूरी तरह शुरू नहीं हुई है और पोर्टल का सत्यापन भी अधूरा है। उठान एक क्विंटल तक नहीं हो सका है। दूसरे जिलों में धान बेचने पर प्रतिबंध है, जिससे किसान मजबूर हैं। तरावड़ी में एक किसान ने धान न बिकने से दुखी होकर आत्महत्या की कोशिश भी की है। चढूनी ने कहा कि 23 सितंबर को सरकार ने 25 से धान खरीदने का वादा किया था, जो सफेद झूठ और किसानों से धोखा साबित हुआ।
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उन्होंने किसानों से लठ लेकर पहुंचने की अपील की है, ताकि प्रशासन की कार्रवाई का सीधा जवाब दिया जा सके। करीब 10 दिन पहले भाकियू ने धान की सरकारी खरीद शुरू करने की मांग पर जीटी रोड पर संघर्ष किया था। उस समय पुलिस ने आंसू गैस के गोले, वाटर कैनन और हल्का लाठीचार्ज किया था।
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सरकार ने 29 सितंबर से धान खरीद शुरू की थी, लेकिन गुरनाम चढूनी का आरोप है कि अनाजमंडियों में स्थिति जस की तस है। धान की खरीद पूरी तरह शुरू नहीं हुई है और पोर्टल का सत्यापन भी अधूरा है। उठान एक क्विंटल तक नहीं हो सका है। दूसरे जिलों में धान बेचने पर प्रतिबंध है, जिससे किसान मजबूर हैं। तरावड़ी में एक किसान ने धान न बिकने से दुखी होकर आत्महत्या की कोशिश भी की है। चढूनी ने कहा कि 23 सितंबर को सरकार ने 25 से धान खरीदने का वादा किया था, जो सफेद झूठ और किसानों से धोखा साबित हुआ।
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