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Kurukshetra News: अमेरिका से 14 दिन बाद घर पहुंचेगा विक्की का शव
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पिहोवा। अमेरिका में सड़क हादसे में जान गंवाने वाले सिकंदरा निवासी 34 वर्षीय विक्की अरोड़ा का शव 14 दिन बाद भारत के लिए रवाना कर दिया गया है। शव आज सुबह उसके पैतृक गांव में पहुंचेगा।
विक्की करीब 12 साल पहले अमेरिका गए थे और नवंबर-दिसंबर में घर लौटने की तैयारी कर रहे थे। 17-18 सितंबर की रात अमेरिका के ओहायो में हाईवे पर विक्की ट्राॅले में सामान लेकर जा रहे थे।
सामने से गलत दिशा में दूसरा ट्राॅला आने पर उसे बचाने के प्रयास में उनका ट्राॅला कंक्रीट बैरियर से टकरा गया था। इस हादसे में विक्की करीब 20 फीट नीचे रेलवे लाइन पर जा गिरे थे और उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
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शव भारत लाने की प्रक्रिया में करीब 14 दिन लगे। परिवार के अनुसार, पुलिस ने शुरुआत में शव सौंपने से इन्कार किया था। बाद में पिता कश्मीरी लाल की ओर से शपथपत्र देने और जरूरी प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव सौंपा गया।
विक्की के दोस्तों और परिचितों ने परिवार की मदद के लिए करीब 20 लाख रुपये जुटाए। हादसे की सूचना उसके दोस्त और रूममेट हैप्पी ने परिवार को दी थी। परिवार में पिता कश्मीरी लाल और भाई सोनू हैं। करीब तीन वर्ष पहले विक्की की मां राजरानी का निधन हो गया था।
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विक्की करीब 12 साल पहले अमेरिका गए थे और नवंबर-दिसंबर में घर लौटने की तैयारी कर रहे थे। 17-18 सितंबर की रात अमेरिका के ओहायो में हाईवे पर विक्की ट्राॅले में सामान लेकर जा रहे थे।
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सामने से गलत दिशा में दूसरा ट्राॅला आने पर उसे बचाने के प्रयास में उनका ट्राॅला कंक्रीट बैरियर से टकरा गया था। इस हादसे में विक्की करीब 20 फीट नीचे रेलवे लाइन पर जा गिरे थे और उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
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शव भारत लाने की प्रक्रिया में करीब 14 दिन लगे। परिवार के अनुसार, पुलिस ने शुरुआत में शव सौंपने से इन्कार किया था। बाद में पिता कश्मीरी लाल की ओर से शपथपत्र देने और जरूरी प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव सौंपा गया।
विक्की के दोस्तों और परिचितों ने परिवार की मदद के लिए करीब 20 लाख रुपये जुटाए। हादसे की सूचना उसके दोस्त और रूममेट हैप्पी ने परिवार को दी थी। परिवार में पिता कश्मीरी लाल और भाई सोनू हैं। करीब तीन वर्ष पहले विक्की की मां राजरानी का निधन हो गया था।