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Kurukshetra News: वीआईपी नंबरों की कटघरे में खड़े हो लगाई बोली
Tue, 25 Apr 2023 02:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Tue, 25 Apr 2023 02:03 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
पिहोवा। वाहनों के लिए वीआईपी नंबर लेने आए लोगों ने प्रशासन के खिलाफ रोष व्यक्त किया। उनका कहना था कि प्रशासन ने उनके बैठने तक का प्रबंध नहीं कर रखा था। उनको एसडीएम कोर्ट में मुजरिमों की तरह कटघरे के अंदर व आसपास खड़े होकर बोली देनी पड़ी, जबकि सरकार को उनसे लाखों रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। वीआईपी नंबरों की बोली में सबसे महंगा नंबर एचआर 41 एम-1111 बिका। यह नंबर दो लाख 80 हजार रुपये में नीलाम हुआ, जिसे गौरव जिंदल निवासी शास्त्री कॉलोनी ने खरीदा।
नंबर लेने आए लोगों ने बताया कि प्रशासन ने मौके पर न तो उनके लिए पीने के पानी की व्यवस्था कर रखी थी। न ही बैठने का कोई प्रबंध किया गया था। एसडीएम कोर्ट में मुजरिमों की तरह कटघरे के अंदर और आसपास खड़े होकर लोग नंबरों के लिए बोली लगा रहे थे। प्रशासन एक तरफ तो दावा कर रहा है कि इस नीलामी से सरकार को लाखों रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है, लेकिन जिन लोगों के कारण यह राजस्व एकत्रित हुआ है उनको मौके पर कोई सुविधा नहीं दी गई। यदि प्रशासन भविष्य में भी ऐसी अनदेखी करेगा तो वे इसका विरोध करेंगे।
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पिहोवा। वाहनों के लिए वीआईपी नंबर लेने आए लोगों ने प्रशासन के खिलाफ रोष व्यक्त किया। उनका कहना था कि प्रशासन ने उनके बैठने तक का प्रबंध नहीं कर रखा था। उनको एसडीएम कोर्ट में मुजरिमों की तरह कटघरे के अंदर व आसपास खड़े होकर बोली देनी पड़ी, जबकि सरकार को उनसे लाखों रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। वीआईपी नंबरों की बोली में सबसे महंगा नंबर एचआर 41 एम-1111 बिका। यह नंबर दो लाख 80 हजार रुपये में नीलाम हुआ, जिसे गौरव जिंदल निवासी शास्त्री कॉलोनी ने खरीदा।
नंबर लेने आए लोगों ने बताया कि प्रशासन ने मौके पर न तो उनके लिए पीने के पानी की व्यवस्था कर रखी थी। न ही बैठने का कोई प्रबंध किया गया था। एसडीएम कोर्ट में मुजरिमों की तरह कटघरे के अंदर और आसपास खड़े होकर लोग नंबरों के लिए बोली लगा रहे थे। प्रशासन एक तरफ तो दावा कर रहा है कि इस नीलामी से सरकार को लाखों रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है, लेकिन जिन लोगों के कारण यह राजस्व एकत्रित हुआ है उनको मौके पर कोई सुविधा नहीं दी गई। यदि प्रशासन भविष्य में भी ऐसी अनदेखी करेगा तो वे इसका विरोध करेंगे।
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