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अभिभावकों के धरने को हटाने की मांग के बाद धरने पर बैठे अभिभावकों ने लगाई अपनी सुरक्षा गुहार, पुलिस को दिया

Sun, 13 May 2018 12:28 AM IST
Updated Sun, 13 May 2018 12:28 AM IST
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अभिभावकों के धरने को हटाने की मांग के बाद धरने पर बैठे अभिभावकों ने लगाई अपनी सुरक्षा गुहार, पुलिस को दिया
धरने पर बैठने वाले अभिभावकों ने मांगी सुरक्षा
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अमर उजाला ब्यूरो
पिहोवा। डीएवी पब्लिक स्कूल प्रबंधन के वार्षिक विकास शुल्क के खिलाफ चल रहे अभिभावकों के धरने को हटाने की मांग के बाद अब धरने पर बैठे अभिभावकों ने अपनी सुरक्षा की गुहार लगाई है। धरने पर बैठे अभिभावकों ने शनिवार को अपनी सुरक्षा को लेकर पुलिस को मांगपत्र सौंपा है। धरने पर बैठे पर अभिभावकों ने बताया कि उनका धरना शांतिपूर्वक चल रहा है। जिसे असफल करने के लिए कुछ लोग षडयंत्र कर रहे है। उनके धरने को किसी को परेशानी नहीं हो रही है। वे स्कूल प्रबंधन द्वारा लिए जा रहे वार्षिक विकास शुल्क का विरोध कर रहे है। स्कूल प्रबंधन द्वारा खुद भरे गए फार्म 6 में वार्षिक विकास शुल्क का कोई जिक्र नहीं है। ऐसे में स्कूल प्रबंधन वार्षिक विकास शुल्क की मांग नहीं कर सकता है। उन्होंने बताया कि कुछ लोग धरने के खिलाफ साजिश रच रहे है और धरने को असफल बनाना चाहते हैं। ऐसे में साजिश करने वाले धरने पर बैठे अभिभावकों को नुकसान ना पहुंचा इसके लिए उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए। इस मौके पर वीना वर्मा, सुरजीत जावा, पूनम वर्मा, मधू बंसल, रेनू कंसल, रजनी सिंगल, मधू, प्रीति, राजेश कौशिक, मिंटू, अरूण कुमार, अमित कुमार, भुपिंद्र सिंह, संतोख, नितिन, राजेश कुमार, बलबीर कुमार, नवीन कुमार सहित कई अभिभावक मौजूद रहे।
सर्वहित पार्टी ने दिया समर्थन
धरने के चौथे दिन सर्वहित पार्टी के जिलाध्यक्ष सोमवीर खटाणा ने अभिभावकों को समर्थन दिया है। उन्होंने कहा कि एक ओर सरकार निजी स्कूलों की मनमानी पर लगाम लगाने के बड़े बड़े दावे करती है और दूसरी तरफ मूकदर्शक बनी हुई है। अभिभावकों की मांग को अनदेखा करना दुर्भाग्यपूर्ण है।
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स्कूल प्रबंधन या कमेटी ने नहीं की कोई बात
अभिभावकों ने बताया की चार दिन बाद भी तक स्कूल प्रबंधन या स्थानीय कमेटी से कोई भी उनसे बातचीत करने कोई नहीं पहुंचा है। हालांकि उनके धरने को तोडने की साजिश जरूर रची गई है। उनकी मांग जायज है और वे अपनी मांग पर अडिग हैं।
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