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गुरुकुल कृषि एवं शिक्षा नीति में रोल मॉडल : गिरिराज
Updated Sun, 03 Sep 2017 11:40 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र।
केंद्रीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम राज्यमंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि देश की कृषि व्यवस्था गुरुकुल में देखने को मिली है। भारतीय कृषि अर्थव्यवस्था के लिए गुरुकुल मॉडल बना हुआ है, यहां दो एकड़ खेती जीरो बजट पर की जा सकती है। गुरुकुल कृषि एवं शिक्षा नीति में रोल मॉडल है। किसान यदि गुरुकुल कृषि पद्धति पर खेती करेंगे तो ज्यादा मुनाफा कमाएंगे। वे गुरुकुल कुरुक्षेत्र में जैविक खेती एवं गोशाला को देखने के लिए पहुंचे थे।
हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत उनके साथ विशेष रूप से मौजूद रहे। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के आदेशों के अनुसार ही वे गुरुकुल में पहुंचकर राज्यपाल देवव्रत से मिले हैं। गुरुकुल भारतीय संस्कार और संस्कृति का प्रतीक है, शिक्षा को हमने केवल पैकेज के साथ ही जोड़ रखा है। केंद्रीय मंत्री ने हैरानी व्यक्त की है कि वे समझ ही नहीं पा रहे हैं कि गुरुकुल स्कूल है या कृषि विश्वविद्यालय है। यहां की जीरो बजट खेती अपने आप में पूरे देश के लिए मिसाल है। उन्होंने कहा कि प्रधान मंत्री ने देश को 2022 एक नए भारत के निर्माण का संकल्प लिया है, जिसके चलते ही कई कदम उठाए जा रहे है।
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गुरुकुल कुरुक्षेत्र मॉडल रूप में देश के किसानों के बनेगा प्रशिक्षण केंद्र : देवव्रत
गुरुकुल के संरक्षक एवं हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने बताया कि केंद्रीय सूक्ष्म मंत्री गिरिराज सिंह गुरुकुल कुरुक्षेत्र पहुंचे, जिन्होंने गुरुकुल की गोशाला तथा खेतीबाड़ी का अवलोकन किया। गुरुकुल कुरुक्षेत्र में पौने दो सौ एकड़ भूमि में खेती की जाती है, यहां पर एक पैसा भी अतिरिक्त रासायनिक खादों पर खर्च नहीं किया जाता है। राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि गुरुकुल का मकसद इस मिशन को पूरे देश के किसानों तक पहुंचना है।
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कुरुक्षेत्र।
केंद्रीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम राज्यमंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि देश की कृषि व्यवस्था गुरुकुल में देखने को मिली है। भारतीय कृषि अर्थव्यवस्था के लिए गुरुकुल मॉडल बना हुआ है, यहां दो एकड़ खेती जीरो बजट पर की जा सकती है। गुरुकुल कृषि एवं शिक्षा नीति में रोल मॉडल है। किसान यदि गुरुकुल कृषि पद्धति पर खेती करेंगे तो ज्यादा मुनाफा कमाएंगे। वे गुरुकुल कुरुक्षेत्र में जैविक खेती एवं गोशाला को देखने के लिए पहुंचे थे।
हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत उनके साथ विशेष रूप से मौजूद रहे। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के आदेशों के अनुसार ही वे गुरुकुल में पहुंचकर राज्यपाल देवव्रत से मिले हैं। गुरुकुल भारतीय संस्कार और संस्कृति का प्रतीक है, शिक्षा को हमने केवल पैकेज के साथ ही जोड़ रखा है। केंद्रीय मंत्री ने हैरानी व्यक्त की है कि वे समझ ही नहीं पा रहे हैं कि गुरुकुल स्कूल है या कृषि विश्वविद्यालय है। यहां की जीरो बजट खेती अपने आप में पूरे देश के लिए मिसाल है। उन्होंने कहा कि प्रधान मंत्री ने देश को 2022 एक नए भारत के निर्माण का संकल्प लिया है, जिसके चलते ही कई कदम उठाए जा रहे है।
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गुरुकुल कुरुक्षेत्र मॉडल रूप में देश के किसानों के बनेगा प्रशिक्षण केंद्र : देवव्रत
गुरुकुल के संरक्षक एवं हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने बताया कि केंद्रीय सूक्ष्म मंत्री गिरिराज सिंह गुरुकुल कुरुक्षेत्र पहुंचे, जिन्होंने गुरुकुल की गोशाला तथा खेतीबाड़ी का अवलोकन किया। गुरुकुल कुरुक्षेत्र में पौने दो सौ एकड़ भूमि में खेती की जाती है, यहां पर एक पैसा भी अतिरिक्त रासायनिक खादों पर खर्च नहीं किया जाता है। राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि गुरुकुल का मकसद इस मिशन को पूरे देश के किसानों तक पहुंचना है।
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