फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   yamuna water is not potable yet

लॉकडाउन में पीने योग्य नहीं हो सका यमुना का जल, नहाने योग्य जरूर हुआ

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 22 May 2020 01:57 AM IST
विज्ञापन
yamuna water is not potable yet
लॉकडाउन से नदियों का जल स्वच्छ हुआ है। इसमें दो राय नहीं कि करोड़ों रुपये व्यय करने के बावजूद नदियों के जल को इतना स्वच्छ बनाना मुश्किल था। यह कार्य प्रकृति ने स्वयं ही कर दिया है। यमुना नदी के जल का करनाल और यमुना नगर के बीच हाल ही में बीओडी और सीओडी टेस्ट किया गया। इसमें पाया गया कि यमुना का जल अभी पीने योग्य नहीं है, अलबत्ता नहाने योग्य जरूर हो गया है।
विज्ञापन

लॉकडाउन के कारण अधिकांश बड़ी औद्योगिक इकाइयाें का संचालन लंबे समय से बंद है, लॉकडाउन 3.0 में छूट मिलने के बावजूद बड़े उद्योग अपेक्षित गति से शुरू नहीं हो सके है। यदि हम लॉकडाउन 2.0 के अंतिम दिनों की बात करें तो भी कहीं न कहीं जल की शुद्धता के आंकड़े बताते हैं कि अभी यमुना प्रदूषित हो रही है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के रीजनल आफीसर निर्मल कश्यप बताते हैं कि किसी भी नदी के जल की शुद्धता को पैमाने पर नापा जाता है, एक बीओडी यानी बायोलॉजिकल आक्सीजन डिमांड और दूसरा सीओडी यानी केमिकल आक्सीजन डिमांड। हाल ही में यमुना नदी के जल का करनाल और यमुना नगर के बीच टेस्ट किया गया। इसमें बीओडी तो शून्य पाया गया लेकिन सीओडी 7 पाया गया है, जबकि पिछले साल बीओडी 7 से 8 और सीओडी 15 एमजी प्रति लीटर था। मालूम हो कि यमुना में पिछले दिनों की अपेक्षा जलस्तर बढ़ा है। यमुना ने उत्तर प्रदेश की बजाय इस बार हरियाणा राज्य की ओर अधिक बहाव दिया है।
विज्ञापन

पीने योग्य पानी तब माना जाता है, जब जल का बीओडी और सीओडी दोनों ही शून्य हों। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का कहना है कि बीओडी तीन तक हो तो जल पीने योग्य तो नहीं लेकिन नहाने योग्य जरूर हो जाता है। हालांकि बीओडी अभी शून्य है लेकिन सीओडी सात तक है, जिसके कारण जल को पीने योग्य तो नहीं कहा जा सकता है लेकिन नहाने लायक जरूर कहा जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

अभी हो रहा है यमुना के जल में प्रदूषण
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़े यह बताने के लिए काफी हैं कि फैक्ट्रियों से आने वाला प्रदूषण तो फिलहाल नहीं आ रहा है लेकिन शहरों के सीवर, नालों से जाने वाले प्रदूषण अभी यमुना के जल में प्रवाहित हो रहे हैं, जिससे केमिकल युक्त प्रदूषण लगातार जारी है। -लॉकडाउन के कारण यमुना का पानी साफ तो हुआ है लेकिन अभी नहाने योग्य ही है। जल को पीने योग्य बनाने के लिए सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की आवश्यकता है। फैक्ट्रियों के प्रदूषण को रोकना होगा। तभी जाकर स्थिति में सुधार होगा। अब तो फिर इंडस्ट्रियां भी चलने लगी हैं।
-निर्मल कश्यप, रीजनल आफीसर, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed