फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Uproar at CM residence after thrashing by police

पुिलस से जोर आजमाइश के बाद सीएम आवास पर हंगामा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 03 Oct 2021 02:27 AM IST
विज्ञापन
Uproar at CM residence after thrashing by police
करनाल। धान खरीद टलने से नाराज किसानों ने शनिवार की सुबह करनाल अनाज मंडी में एकत्रित होकर मुख्यमंत्री के प्रेमनगर कॉलोनी स्थित आवास के लिए कूच किया। धान से भरी ट्रालियों के साथ मोटरसाइकिलों, कारों, ट्रैक्टरों पर सवार होकर हाथों में झंडे लहराते, सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए किसान करीब एक घंटे में सीएम आवास पर पहुंचे। इससे पहले लगे बैरिकेड्स पर किसानों की पुलिस के साथ धक्कामुक्की भी हुई।
विज्ञापन

इस दौरान पुलिस को वाटर कैनन का भी इस्तेमाल करना पड़ा। इसके बावजूद पुलिस की सुरक्षा को ध्वस्त कर किसान सीएम आवास के समीप पहुंच गए और आवास के सामने ही दरी बिछाकर धरना शुरू कर दिया। टेंट लगाने को लेकर भी किसानों और पुलिस की नोकझोंक हुई। फिर किसानों ने कुछ दूरी पर टेंट लगा दिया और अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। यही नहीं कुछ किसानों ने सटे मकान पर चढ़कर मुख्यमंत्री के आवास पर भी किसानों का झंडा लगा दिया। शाम को जब मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने तीन अक्तूबर से धान खरीद शुरू कराने का एलान किया तब जाकर किसानों ने 5.30 बजे धरना खत्म कर दिया।
विज्ञापन

भाकियू (चढ़ूनी) सहित किसान संगठनों, आढ़ती एसोसिएशन आदि ने शुक्रवार को मार्केट कमेटी करनाल की तालाबंदी करके करीब 25 अधिकारियों-कर्मचारियों को आठ घंटे तक बंधक बनाकर धरना दिया था। इसके बाद शनिवार को सुबह फिर बड़ी संख्या में किसान करनाल अनाज मंडी पहुंचे। यहां से 11.30 बजे किसान धान भरी ट्राली के साथ कार, मोटरसाइकिल, ट्रैक्टर आदि वाहनों से मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के लिए रवाना हुए। किसान मंडी गेट से हाईवे पर चढ़े, जिससे हाईवे पर भी कुछ समय तक आवाजाही प्रभावित हुई। आईटीआई चौक से फिर किसान शहर में एनडीआरआई चौक के लिए मुड़े।
विज्ञापन
विज्ञापन

यहां से होते हुए महात्मा गांधी चौक पर पहुंचे। यहां कुछ देर ठहर कर राष्ट्रपिता को श्रद्धा सुमन अर्पित किए और फिर आगे बढ़ गए। काछवा पुल से होते हुए प्रेम नगर में दाखिल हुए। इस दौरान कहीं भी पुलिस प्रशासन ने किसानों को नहीं रोका। सीएम आवास के सामने जरूर पैरा मिलिट्री फोर्स व भारी पुलिस बल तैनात था। साथ ही बैरिकेड्स लगाए गए थे। वज्रवाहन, वाटर कैनन की गाड़ियां भी थीं। इस दौरान किसानों को रोकने के लिए पानी की बौछार भी की गई।
लेकिन पुलिस प्रशासन किसानों को रोकने में नाकाम रहा। सीएम आवास के पास पहुंचकर किसानों ने दिनभर धरना दिया। इस दौरान यहां लंगर चलता रहा। शाम को जब मुख्यमंत्री ने चंडीगढ़ में तीन अक्तूबर से धान की खरीद शुरू करने का एलान किया तो प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर शाम 5.30 बजे धरना खत्म कर दिया गया। इस मौके पर जगदीश औलख, राजेंद्र आर्य दादूपुर, अमृत मुग्गा, आढ़ती एसोसिएशन के स्टेट चेयरमैन रजनीश चौधरी आदि कई प्रमुख लोग मौजूद रहे।
यह किसानों के संघर्ष की जीत : औलख
-किसानों के आंदोलन का नेतृत्व कर रहे भाकियू (चढ़ूनी) के प्रदेश कार्य समिति के सदस्य जगदीप औलख ने तीन अक्तूबर से धान की खरीद पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि यह किसानों के संघर्ष की बड़ी जीत है। इससे लाखों किसानों को फायदा होगा, वह बर्बादी की कगार पर पहुंचने से बच सकेंगे।
परेशान करना सरकार की आदत :रजनीश
हरियाणा राज्य अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन के चेयरमैन रजनीश चौधरी ने कहा कि यह हरियाणा सरकार की आदत है। हर खरीद सीजन में पहले किसानों व आढ़तियों को परेशान किया जाता है। फिर खरीद शुरू कराई जाती है। यह फैसला सरकार को पहले ही करना चाहिए था।
-भारतीय किसान मजदूर नौजवान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र आर्य दादूपुर ने कहा कि आखिरकार सरकार को किसानों के आगे झुकना ही पड़ा। हालांकि अभी तैयारियां अधी अधूरी ही हैं। सरकार यदि पहले ही खरीद शुरू कर देती तो क्योंकि किसानों को आंदोलन करने की जरूरत पड़ती। मंडियां अटी पड़ी हैं।
मुख्यमंत्री के आवास पर लगाया भाकियू (चढ़ूनी) का झंडा
-पैरा मिलिट्री फोर्स व भारी पुलिस बल मुख्यमंत्री के आवास की सुरक्षा में तैनात था। पुलिस प्रशासन ने भी इसकी कल्पना नहीं की थी कि किसान सटे मकान का सहारा ले सकते हैं। किसानों ने सीएम आवास से सटे मकान में जाकर सीएम आवास की दीवार पर अपना झंडा लगा दिया। सीएम आवास के इतने नजदीक पहली बार आंदोलनकारी किसान पहुंचे। इसकी जानकारी मिलने पर पुलिस प्रशासन में भी खलबली मच गई।
लग गई हुक्का चौपालें
-धरना शुरू हो जाने के बाद तत्काल ही कई लोगों की तरफ से किसानों के लिए चाय व बिस्कु ट का इंतजाम कर दिया गया। जहां तहां दरी बिछाकर किसानों ने हुक्का चौपालें शुरू कर दी। किसान चौपाल लगाकर बैठ गए और हुक्का गुड़गुड़ाने लगे।

रास्ते में नहीं थी कोई रुकावट
-ऐसा भी पहली बार हुआ कि जब किसानों ने सीएम आवास का घेराव किया और जिला प्रशासन ने उन्हें रोकने के लिए कोई रुकावट पैदा नहीं की। किसान बड़ी आसानी से सीएम आवास तक पहुंच गए। अनाज मंडी में एक पुलिस वाहन के अलावा कोई अतिरिक्त पुलिस बल नहीं लगाया गया था। रास्ते में भी कोई बैरिकेड्स नजर नहीं आया।

58: करनाल में प्रेमनगर स्थित सीएम आवास पर प्रदर्शन करने पहुचे आंदोलनकारी किसानो ट्रैक्टर ट्राली म

58: करनाल में प्रेमनगर स्थित सीएम आवास पर प्रदर्शन करने पहुचे आंदोलनकारी किसानो ट्रैक्टर ट्राली म

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed