{"_id":"d22bccee6219f0408a797bfb2b992904","slug":"trouble-anniversary-as-rain-farmers-downcast","type":"story","status":"publish","title_hn":"आफत बनकर बरसी बारिश, किसान मायूस ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आफत बनकर बरसी बारिश, किसान मायूस
करनाल
Updated Tue, 25 Mar 2014 12:20 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तेज हवाओं के साथ आई बारिश से सोमवार को किसानों के चेहरे मुरझा गए। पिछले
विज्ञापन
दो दिन से रुक-रुककर बारिश हो रही है। तेज हवाओं के साथ हुई बारिश से
किसानों के खेतों पर अधिक नुकसान हुआ है।
किसानों की मानें तो कई हजार हेक्टेयर भूमि पर खड़ी किसानों की गेहूं की फसल जमीन पर गिर गई है। कृषि अधिकारियों ने भी बारिश और हवा के कारण नुकसान होने की पुष्टि की है। मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि मंगलवार को होने वाली बारिश से और अधिक नुकसान होगा।
रविवार को दोपहर में बारिश हुई थी। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार रविवार को मामूली बारिश हुई, लेकिन सोमवार को सुबह ही आसमान में घने काले बादल उमड़ आए। सुबह करीब नौ बजे झमाझम बारिश हुई।
बारिश के कारण जहां शहर की सड़कों पर कई स्थानों पर जलभराव होने से लोगों की फजीहत हुई, वहीं दूसरी ओर किसानों के खेत पर खड़ी गेहूं की फसल बर्बाद होने के कगार पर है। किसानों से पूछे तो वह लोग बुरी तरह सहमे हुए हैं। गांव औंगद के किसान राजकुमार, गांव फाजिलपुर के किसान जसमेर के अनुसार इस समय बारिश होना किसानों को नुकसान है।
पिछले वर्ष इन दिनों में कंबाइन से कटाई शुरू हो गई थी, लेकिन इस बार हुई बारिश ने किसानों की सांस फूला दी है। करीब पंद्रह दिन कटाई देरी से होने की संभावना बनी है, वहीं किसानों को भारी नुकसान होने का अंदेशा भी सता रहा है।
डीडीए पवन कु मार शर्मा के अनुसार जिला भर में एक लाख 70 हजार हेक्टेयर भूमि पर गेहूं की फसल खड़ी है। वह लोग इंद्री में सोमवार को कई घंटे तक किसानों के खेत पर दौरा करते रहे।
इस क्षेत्र में कम नुक सान है, लेकिन कुछ लोगों द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक कैथल रोड समेत अन्य कई क्षेत्रों में काफी नुकसान हुआ है। किसानों केे खेत पर गेहूं जमीन पर गिर गई है। जिन किसानों ने खेत पर सिंचाई कर रखी थी, ऐसे किसानों के लिए मुसीबत हो गई है। पहले सिंचाई का पानी खेत में खड़ा था। दूसरी ओर सोमवार को तेज हवा के साथ खासी बारिश हो गई। इस कारण गेहूं जमीन पर गिर गई। उन्होंने कहा अनुमान है करीब दस प्रतिशत क्षेत्र में गेहूं की फसल जमीन पर गिर गई है।
उधर, मौसम विभाग के अनुसार रविवार को करीब 1.5 एमएम बारिश हुई, लेकिन सोमवार को 6.6 एमएम बारिश हुई है। मौसम में नमी सुबह के समय 86 प्रतिशत और शाम के समय 76 प्रतिशत दर्ज की गई। वाष्प दाब सुबह के समय 13.1 एमएम और शाम के समय 14.1 एमएम दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान करीब तीन डिग्री टूटने के साथ 21.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान बारिश के कारण बढ़कर 16.0 डिग्री हो गया। उत्तर से दक्षिण की ओर 3.8 किलोमीटर की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। मौसम विशेषज्ञों ने मंगलवार को भी बारिश होने की संभावना जताई है।
किसानों की मानें तो कई हजार हेक्टेयर भूमि पर खड़ी किसानों की गेहूं की फसल जमीन पर गिर गई है। कृषि अधिकारियों ने भी बारिश और हवा के कारण नुकसान होने की पुष्टि की है। मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि मंगलवार को होने वाली बारिश से और अधिक नुकसान होगा।
रविवार को दोपहर में बारिश हुई थी। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार रविवार को मामूली बारिश हुई, लेकिन सोमवार को सुबह ही आसमान में घने काले बादल उमड़ आए। सुबह करीब नौ बजे झमाझम बारिश हुई।
बारिश के कारण जहां शहर की सड़कों पर कई स्थानों पर जलभराव होने से लोगों की फजीहत हुई, वहीं दूसरी ओर किसानों के खेत पर खड़ी गेहूं की फसल बर्बाद होने के कगार पर है। किसानों से पूछे तो वह लोग बुरी तरह सहमे हुए हैं। गांव औंगद के किसान राजकुमार, गांव फाजिलपुर के किसान जसमेर के अनुसार इस समय बारिश होना किसानों को नुकसान है।
पिछले वर्ष इन दिनों में कंबाइन से कटाई शुरू हो गई थी, लेकिन इस बार हुई बारिश ने किसानों की सांस फूला दी है। करीब पंद्रह दिन कटाई देरी से होने की संभावना बनी है, वहीं किसानों को भारी नुकसान होने का अंदेशा भी सता रहा है।
डीडीए पवन कु मार शर्मा के अनुसार जिला भर में एक लाख 70 हजार हेक्टेयर भूमि पर गेहूं की फसल खड़ी है। वह लोग इंद्री में सोमवार को कई घंटे तक किसानों के खेत पर दौरा करते रहे।
इस क्षेत्र में कम नुक सान है, लेकिन कुछ लोगों द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक कैथल रोड समेत अन्य कई क्षेत्रों में काफी नुकसान हुआ है। किसानों केे खेत पर गेहूं जमीन पर गिर गई है। जिन किसानों ने खेत पर सिंचाई कर रखी थी, ऐसे किसानों के लिए मुसीबत हो गई है। पहले सिंचाई का पानी खेत में खड़ा था। दूसरी ओर सोमवार को तेज हवा के साथ खासी बारिश हो गई। इस कारण गेहूं जमीन पर गिर गई। उन्होंने कहा अनुमान है करीब दस प्रतिशत क्षेत्र में गेहूं की फसल जमीन पर गिर गई है।
उधर, मौसम विभाग के अनुसार रविवार को करीब 1.5 एमएम बारिश हुई, लेकिन सोमवार को 6.6 एमएम बारिश हुई है। मौसम में नमी सुबह के समय 86 प्रतिशत और शाम के समय 76 प्रतिशत दर्ज की गई। वाष्प दाब सुबह के समय 13.1 एमएम और शाम के समय 14.1 एमएम दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान करीब तीन डिग्री टूटने के साथ 21.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान बारिश के कारण बढ़कर 16.0 डिग्री हो गया। उत्तर से दक्षिण की ओर 3.8 किलोमीटर की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। मौसम विशेषज्ञों ने मंगलवार को भी बारिश होने की संभावना जताई है।