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जीआईएमटी में बताए कामयाबी के गुर
कुरुक्षेत्र
Updated Sat, 14 Sep 2013 11:54 PM IST
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कुरुक्षेत्र के गीता इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी कनीपला में देश के जाने माने मॉटीवेशनल स्पीकर संदीप वढेरा ने जीवन में कामयाबी हासिल करने के गुर बताए। संदीप वढेरा देश के नौजवान मोटिवेशनल स्पीकर में से एक हैं। वे महज 27 वर्ष के हैं और देश-विदेशों में 200 से ज्यादा लेक्चर दे चुके हैं।
उन्हाेंने छात्र-छात्राओं को बताया कि जीवन में हम सब कामयाब होना चाहते हैं, लेकिन हम नाकामयाब रहते हैं और हमेशा इसका दोष कुछ चीजों पर डालते हैं जैसे कि किस्मत ने साथ नहीं दिया, पढ़ाई अच्छी नहीं हुई, समय ने साथ नहीं दिया आदि परंतु कभी यह नहीं कहते की हमने मेहनत नहीं की इसलिए कामयाब नहीं हुए। जबकि हमारी कामयाबी में सबसे मुख्य बाधा हम खुद हैं। कामयाबी के लिए किसी समय, किसी आयु, किसी पढ़ाई की जरूरत नहीं होती, आपके अंदर काम को करने का जज्बा व जोश होना चाहिए।
कामयाबी कभी भी हासिल की जा सकती है इसके अलावा उन्होंने बताया कि कामयाबी का मतलब ज्यादा से ज्यादा पैसा कमाना नहीं है। कामयाबी का मतलब है आप जिस क्षेत्र में काम कर रहे हैं उसमें शिखर तक जाए। अगर हम ऐसा कर पाते हैं तो हम एक कामयाब इंसान है, यह लेक्चर ट्रीनीटी कंपनी के माध्यम से कराया गया। इस कंपनी का मुख्य उद्देश्य छात्रों को ट्रेनिंग देकर रोजगार के लिए तैयार करना है।
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इसी के तहत ये लेक्चर कराया गया और इस अवसर पर कंपनी की वरिष्ठ अधिकारी नमिता शर्मा भी उनके साथ थीं। इस अवसर पर संस्थान के प्लेसमेंट अधिकारी इंजीनियर राहुल सिंगला, मीडिया अधिकारी अश्वनी गोयल, अंकुर गुप्ता, अंकित गर्ग, केशव नंद, नवीता गुप्ता, सोनिया सुनेजा, रोहित मौजूद थे।
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उन्हाेंने छात्र-छात्राओं को बताया कि जीवन में हम सब कामयाब होना चाहते हैं, लेकिन हम नाकामयाब रहते हैं और हमेशा इसका दोष कुछ चीजों पर डालते हैं जैसे कि किस्मत ने साथ नहीं दिया, पढ़ाई अच्छी नहीं हुई, समय ने साथ नहीं दिया आदि परंतु कभी यह नहीं कहते की हमने मेहनत नहीं की इसलिए कामयाब नहीं हुए। जबकि हमारी कामयाबी में सबसे मुख्य बाधा हम खुद हैं। कामयाबी के लिए किसी समय, किसी आयु, किसी पढ़ाई की जरूरत नहीं होती, आपके अंदर काम को करने का जज्बा व जोश होना चाहिए।
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कामयाबी कभी भी हासिल की जा सकती है इसके अलावा उन्होंने बताया कि कामयाबी का मतलब ज्यादा से ज्यादा पैसा कमाना नहीं है। कामयाबी का मतलब है आप जिस क्षेत्र में काम कर रहे हैं उसमें शिखर तक जाए। अगर हम ऐसा कर पाते हैं तो हम एक कामयाब इंसान है, यह लेक्चर ट्रीनीटी कंपनी के माध्यम से कराया गया। इस कंपनी का मुख्य उद्देश्य छात्रों को ट्रेनिंग देकर रोजगार के लिए तैयार करना है।
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इसी के तहत ये लेक्चर कराया गया और इस अवसर पर कंपनी की वरिष्ठ अधिकारी नमिता शर्मा भी उनके साथ थीं। इस अवसर पर संस्थान के प्लेसमेंट अधिकारी इंजीनियर राहुल सिंगला, मीडिया अधिकारी अश्वनी गोयल, अंकुर गुप्ता, अंकित गर्ग, केशव नंद, नवीता गुप्ता, सोनिया सुनेजा, रोहित मौजूद थे।