फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   sirsi village freed from lal dora in haryana

लाल डोरा मुक्त होने से अवैध कब्जे का मिटेगा झंझट

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 22 Nov 2019 02:18 AM IST
विज्ञापन
sirsi village freed from lal dora in haryana
सुशासन दिवस पर प्रदेश सरकार की ओर से प्रदेश के पहले गांव सिरसी को लाल डोरे से मुक्त करने के ऐलान पर ग्रामीणों में खुशी का माहौल है। ग्रामीणों ने सरकार के निर्णय का स्वागत किया है। उनका कहना है कि अब गांव में जिसकी लाठी उसकी भैंस वाली बात नहीं होगी। कारण कि हर संपत्ति का रेवेन्यू रिकार्ड होगा। विदित हो कि लाल डोरे के अंतर्गत क्षेत्र में गांव में किसी प्रकार की संपत्ति का रेवेन्यू रिकार्ड नहीं हुआ करता। मकान या प्लाट की खरीद व बिक्री के समय रजिस्ट्री नहीं होती थी। ऐसी संपत्ति पर बैंक से ऋण भी नहीं मिलता था। स्थिति यह है कि दबंग लोग खाली जगह पर कब्जा कर लेते हैं। आए दिन इस तरह के विवाद होते रहते हैं।
विज्ञापन

एक साल से सर्वे टीमें लगी थी काम में
मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने एक नवंबर 2018 को सभी गांवों को लाल डोरे से मुक्त करने की घोषणा की थी, जिसकी पहल करनाल जिले के सिरसी गांव से की गई है। एक साल से इस गांव का सर्वे किया जा रहा था। सिरसी गांव में करीब एक हजार मतदाता हैं और सरपंच के अलावा सात पंचायत सदस्य हैं। सर्वे के दौरान टीमों ने गांव की लाल डोरे की परिधि के अंदर तमाम गलियों, संपत्तियों, नालियों, खाली प्लाटों तथा पंचायत अधीन तमाम जमीन का सर्वेक्षण किया। गांव की कोई गली व नाली नहीं बची जिसकी पैमाइश नहीं की गई। इस कार्य में पूरे गांव ने टीमों का सहयोग किया।
विज्ञापन

सरपंच ने सीएम का आभार जताया
गांव की सरपंच आशना का कहना है कि लाल डोरा मुक्त होने पर भविष्य में गांव में कई समस्याओं पर विराम लग जाएगा। ग्रामीणों को अवैध कब्जे को लेकर कोई झगड़ा नहीं होगा। पिछले साल से इस कार्य को लेकर सरकार की ओर से सर्वे शुरू किया गया था। पिछले सप्ताह यह सर्वेक्षण पूरा करके सरकार ने फैसला लिया है। इससे ग्रामीण खुश हैं। उन्होंने गांव लाल डोरा मुक्त होने पर मुख्यमंत्री मनोहरलाल का आभार व्यक्त किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

सरकार का ऐतिहासिक फैसला : सुमित
सरपंच के पति सुमित कुमार ने कहा कि गांवों में लाल डोरे के अंदर गली व खाली जगह पर अवैध कब्जे की समस्या सामान्य सी बात है। जिस कारण ग्रामीणों का आपस में विवाद होता है और मुकदमेबाजी तक होती है। पंचायत की जमीन पर कब्जा होने पर पंचायत को मुकदमा लड़ना पड़ता है। कहीं नालियों पर कब्जे को लेकर विवाद उत्पन्न होते हैं। लाल डोरा मुक्त गांव में पूरी जमीन का रिकार्ड होगा तो कोई एक इंच जमीन पर भी अवैध कब्जा करने की मंशा पैदा ही नहीं करेगा।
रजिस्ट्री होने से संपत्ति की कीमत बढ़ेगी : मामराज
ग्रामीण मामराज ने कहा कि गांवों में गलियों व रास्तों पर भी लोग कब्जे कर लेते हैं, जिस कारण कई गांवों में लंबी-चौड़ी गलियां संकरी हो जाती हैं। एक-एक इंच जमीन को लेकर झगड़ा हो जाता है। नाली के ऊपर ही लोग नींव रखकर मकान बनाना शुरू कर देते हैं। लाल डोरे के अंदर संपत्ति का पूरा रेवेन्यू रिकार्ड होगा तो सभी समस्याएं खत्म होंगी। कोई गली का दबा नहीं सकेगा। रजिस्ट्री होने से संपत्ति की कीमत बढ़ेगी।
सारी संपत्तियों के बन गए नक्शे : रकम सिंह
ग्रामीण रकम सिंह ने कहा कि लाल डोरे के अंदर नक्शे बन जाने से अच्छा काम हो गया है। पहले कोई लिखित पक्का रिकार्ड नहीं होता था। सरकार ने लाल डोरे के अंदर की भूमि व संपत्ति की वैल्यू बना दी है। यह अच्छा काम किया है। इससे गांव में झगड़े नहीं होंगे और भाईचारा बढ़ेगा। उन्हें सरकार के कार्य पर खुशी हुई है। अब कोई व्यक्ति पंचायत की गली या अन्य जमीन को दबा नहीं पाएगा।
गांवों में खाली जगहों पर होता है अवैध कब्जे का डर : मोहनलाल
ग्रामीण मोहनलाल ने कहा कि उनका गांव शांतिप्रिय गांव है। हरियाणा में कई गांवों में ऐसा देखने को मिला कि यदि कोई साथ लगती चौड़ी गली में कोई निर्माण करके कब्जा कर रहा है तो विवाद के डर से कोई नहीं टोकता। जिस कारण रास्ते तंग हो जाते हैं। गांवों से बहुत से लोग शहरों में जाकर बस गए। उनके घर खाली पड़े हैं। उन सब संपत्तियों का रेवेन्यू रिकार्ड होगा तो कोई अवैध कब्जा नहीं कर सकेगा।

बदले जमाने के साथ नियम बनाना सही : बीरभान
ग्रामीण बीरभान ने कहा कि गांवों में अब लाल डोरे के अंदर बहुत सी जगह खाली पड़ी हैं। बहुत से लोगों ने गांव की फिरनी से बाहर खेतों में मकान बना लिए हैं। एक जमाने में जनसंख्या कम थी तो खाली पड़ी पंचायती जमीन पर कोई निर्माण कर लेता था, जिस पर कोई ऐतराज नहीं करता था। जमीन की ज्यादा कीमत नहीं थी। इंसान को इंसान से प्यार था। जनसंख्या बढ़ने के साथ जरूरतें बढ़ी तो समस्याएं भी पैदा हुईं। सरकार ने अब सही काम किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed