फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   political

बिफरे पार्षद बोले, इस बार सदन की बैठक होगी कमिश्नर के तानाशाही रवैए के खिलाफ

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 24 Aug 2019 11:54 PM IST
विज्ञापन
political
वार्डों में अटके विकास और नये शुरू नहीं होने वाले कार्यों को लेकर पार्षदों में अधिकारियों के प्रति नाराजगी बनी हुई है। इसी नाराजगी को पार्षद अब हाउस की बैठक में निकालेंगे। पार्षदों में अधिकारियों के खिलाफ नाराजगी है। अधिकारियों पर तानाशाही का आरोप है। सभी परेशानियों का हल करवाने के लिए सदन की बैठक बुलाने की मांग की गई है। इसमें वे अपने गुस्से को प्रकट कर अधिकारियों के खिलाफ एजेंडा पास करेंगे। इस बैठक में एजेंडे के अनुसार छह कामों पर चर्चा होगी। खास बात यह है कि बैठक से पहले ही पार्षद बिफरे हुए हैं और अधिकारियों को घेर रहे हैं। बता दें कि विधानसभा चुनाव से पहले ये नगर निगम हाउस की आखिरी बैठक होगी, इसके बाद चुनाव आचार संहिता लग जाएगी। इसके बाद नए विकास कार्य नहीं हो पाएंगे। ऐेसे में पार्षद अधिकारियों पर दबाव बना रहे हैं कि इससे पहले ज्यादा से ज्यादा कार्यों पर सदन की मुहर लगाई जा सके।
विज्ञापन

वाटर सप्लाई का उठाएंगे मुद्दा : नवीन कुमार
शहर के अधीन आने वाले गांवों में 36.12 करोड़ से पीने के पानी की पाइप लाइन बिछाई जा रही है। इनमें घटिया सामग्री का प्रयोग होते पकड़ा था। सीएम को शिकायत की। आदेश पर अधिकारियों ने सैंपल लिए और जांच के लिए टीम का गठन कर दिया। टीम की रिपोर्ट आने से पहले ही अधिकारियों ने मनमानी कर दोबारा से काम शुरू करवा दिया। इस मुद्दे को सदन में रखेंगे और घरों में लगाए गए कनेक्शनों की जांच करवाएंगे। - एडवोकेट नवीन कुमार, पार्षद वार्ड नंबर एक।
विज्ञापन

बिना एजेंडे मांगे पहुंचती है सूचना : मनजीत कौर
ये दूसरी बैठक होने जा रही है। हमारे पास दोनों बैठकों की सूचना ही पहुंची। जबकि नियम के अनुसार पहले पार्षदों से कामों की सूची ली जानी चाहिए। फिर उन्हें एजेंडे में शामिल करके हाउस की मीटिंग की जाए। निर्मल विहार में करीब 10 गलियाें का निर्माण किया जाना है। श्मशान में जाने वाला रास्ता छोटा है, इसको चौड़ा करके बनाया जाना है और शेड निर्माण भी करना है। बैंक कालोनी के पार्क का सौंदर्यीकरण और ग्रीन बेल्ट में ओपन जिम की जरूरत है। - मनजीत कौर, पार्षद वार्ड तीन।
विज्ञापन
विज्ञापन

बैठक पार्षदों की मांग पर रखी गई : नीलम
किसी भी पार्षद के अधिकारी काम नहीं कर रहे हैं। वे बार-बार त्याग करके थक चुके हैं। अब तक उनके द्वारा कहे जाने वाले कामों का नजरअंदाज किया जाता है। गली, सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे बने हैं। आए दिन हादसे हो रहे हैं। शहर के लोग हमारे घर पर आकर समस्या सुना जाते हैं। उनकी आगे कोई सुनवाई करने वाला नहीं है। जो उनके लिए सबसे बड़ी समस्या बने है। इन सभी बातों को हाउस की बैठक में रखा जाएगी। पार्षदों ने ही जोर देकर बैठक बुलवाई है। - नीलम पार्षद वार्ड चार।
छाया रहता है अंधेरा : भंडारी
वार्ड में अंधेरा छाया रहता है। लाइटों को कई बार कहने पर एक बार ठीक करते हैं। ठीक होने वाले एक भी लाइन तीन दिन से ज्यादा नहीं चलती है। एक तो अधिकारी उनकी सुनवाई नहीं करते हैं। ऊपर नीचे के कहने से यदि कोई करते हैं तो उसको पूरा नहीं कर पाते। दूसरा सदन में जल संचय का प्रोजेक्ट पर चर्चा की जाएगी। उसके लिये पब्लिक को जागरूक करना पड़ेगा। इसके लिए नाटक, मुनादी या डोर टू डोर प्रचार होना चाहिए। - मेद्या भंडारी, पार्षद वार्ड नंबर आठ।
कमीश्नर की तानाशाही, काम में भेदभाव : युद्धवीर
नगर निगम का कमिश्नर काम-काज में पूरा भेदभाव कर रहा है। अधिकारियों पर भी कमिश्नर का दबाव है। इसीलिए वे भी पार्षदों की नहीं मान रहे हैं। पूरी तरह तानाशाही चल रही है। लोगों को पीने का पानी तक नहीं मिल रहा है। छोटे से छोटा और बड़े से बड़ा काम नहीं बन पा रहा है। काम न होने से सभी पार्षद परेशान है और पार्षदों के साथ लगे हुए 20 वार्डों में बंटकर पूरे शहर के लोग। - युद्धवीर सिंह, पार्षद वार्ड 15
उनके अधिकतर काम नहीं हुए पूरे : हरीश कुमार
पिछले मीटिंग में पार्षदों के कामों को आऊट ऑफ एजेंडा वर्क में लिया गया था। उनके में अधिकतर काम नहीं हुए हैं। इन कामों को न होने की जानकारी ली जाएगी। हमारे वार्डों की मूलभूत सुविधाओं को रोका हुआ है। इन्हें पूरा करने न होने में अधिकारियों की मनमर्जी चल रही है। सभी पार्षदों को इस बात की परेशानी बने हुए है। इस मीटिंग में भी वे अपने वार्डों के कामों को रखा जाएगा।- हरीश कुमार, पार्षद वार्ड 18

किसी भी काम में कोई मनमानी नहीं हो रही है। हम अपने दायरे के कामों को तैयार करके मेयर के समक्ष प्रस्तुत करते हैं। एजेंडे में कौन से काम रखने और कौन से काम नहीं रखने। इसका फैसला मेयर खुद करती हैं। एजेंडे से मेरा कोई लेना-देना नहीं है, ये कार्य सदन का होता है। - राजीव मेहत्ता, कमिश्नर निगम निगम करनाल।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed