{"_id":"0d84a3e3cf57571a18ec730a075b53db","slug":"on-seven-farmers-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"फाने जलाने वाले सात किसानों पर केस ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फाने जलाने वाले सात किसानों पर केस
करनाल
Updated Thu, 08 May 2014 11:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिला प्रशासन ने फसलों के
विज्ञापन
अवशेष जलाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा रखा है। इसी के दृष्टिगत विशेष अभियान
चलाया गया। नायब तहसीलदार नवजीत कौर तथा हलका पटवारी रघुवीर सिंह ने असंध
क्षेत्र का निरीक्षण किया तो पाया कि कई जगह किसानों ने आदेशों की उल्लंघना
करके अपने खेेतों में पड़े गेहूं के अवशेषों में आग लगा रखी थी।
इस पर कड़ा संज्ञान लेते हुए प्रशासन द्वारा उन किसानों के खिलाफ प्राथमिकी रिपोर्ट दर्ज करवा दी गई है। एसडीएम ने बताया कि आदेशों की उल्लंघना करने पर असंध के किसान काला सिंह, गांव मर्दान खेड़ा के जोगिंद्र सिंह, बूटा सिंह, जस्सा सिंह, छबेग सिंह, लाभ सिंह मलका, भजन सिंह लागर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई गई है।
उन्होंने कहा कि साठी धान की रोपाई पर प्रतिबंध है, जो किसान आदेशों की उल्लंघन करेगा उनके खिलाफ भी कृषि विभाग द्वारा कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस पर कड़ा संज्ञान लेते हुए प्रशासन द्वारा उन किसानों के खिलाफ प्राथमिकी रिपोर्ट दर्ज करवा दी गई है। एसडीएम ने बताया कि आदेशों की उल्लंघना करने पर असंध के किसान काला सिंह, गांव मर्दान खेड़ा के जोगिंद्र सिंह, बूटा सिंह, जस्सा सिंह, छबेग सिंह, लाभ सिंह मलका, भजन सिंह लागर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई गई है।
उन्होंने कहा कि साठी धान की रोपाई पर प्रतिबंध है, जो किसान आदेशों की उल्लंघन करेगा उनके खिलाफ भी कृषि विभाग द्वारा कानूनी कार्रवाई की जाएगी।