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नई व्यवस्था : दाखिलों के समय परिवार पहचानपत्र जरूरी
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। प्रदेश के स्कूलों में शिक्षा सत्र 2022-23 में विद्यार्थियों के प्रवेश के समय ही परिवार पहचान पत्र आईडी का डाटा भरा जाना अनिवार्य कर दिया गया है। इस संदर्भ में मौलिक शिक्षा निदेशक ने राज्य के सभी जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं। जारी पत्र में कहा किया गया है कि सरकार के निर्देशानुसार प्रवेश सत्र वर्ष 2022-23 में विद्यालयों में दाखिले के समय परिवार पहचान पत्र आईडी को एमआईएस पोर्टल पर अपलोड करना जरूरी है।
यदि किसी छात्र का परिवार पहचान पत्र आईडी का डाटा पोर्टल पर नहीं भरा होगा तो उसे किसी भी विभागीय स्कीम के तहत छात्रवृत्ति या प्रोत्साहन राशि का लाभ नहीं दिया जाएगा। पात्र विद्यार्थियों का एमआईएस पोर्टल पर डाटा भरते समय परिवार पहचान पत्र का कॉलम भी भरना जरूरी होगा इसलिए सभी छात्र और उनके अभिभावक जल्द डाटा अपलोट करा लें। यदि ऐसा नहीं किया तो विद्यार्थी को किसी छात्रवृत्ति स्कीम का लाभ नहीं मिल सकेगा। जिले के 778 राजकीय स्कूलों में पहली से 12वीं कक्षा तक डेढ़ लाख विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। ब्यूरो
पहली से 12वीं तक के विद्यार्थियों को मिलती है छात्रवृत्ति
- सभी श्रेणी में पहली से आठवीं तक के बच्चों के लिए निशुल्क वर्दी योजना है।
- सभी श्रेणी में पहली से पांचवीं कक्षा तक हर बच्चे को 800 रुपये और छठी से आठवीं तक एक हजार रुपये छात्रवृत्ति।
- नॉन एससी वर्ग को मुफ्त स्कूल बैग और लेखन सामग्री मिलती है। इसके अलावा पहली से पांचवीं तक 100 रुपये और छठी से आठवीं तक 150 रुपये छात्रवृत्ति।
- कक्षा छठी से 12वीं तक हर कक्षा में प्रथम रहे विद्यार्थी को छात्रवृत्ति मिलती है। आठवीं तक एक हजार और नौवीं से 12वीं तक 1200 रुपये छात्रवृत्ति है।
कैश अवॉर्ड योजना में इतनी मिलती है राशि
कक्षा राशि
पहली 740
दूसरी 750
तीसरी 960
चौथी 970
पांचवीं 980
छठी से 8वीं तक 1260
फैमिली आईडी का डाटा अपलोड करना जरूरी
मौलिक शिक्षा निदेशक का पत्र मिला है। उसके अनुसार दाखिले पत्र का डाटा अपलोड करना जरूरी है। इस संदर्भ में सभी खंड शिक्षा अधिकारियों व स्कूलों को अवगत कराया जा रहा है।
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- रोहताश वर्मा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी
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करनाल। प्रदेश के स्कूलों में शिक्षा सत्र 2022-23 में विद्यार्थियों के प्रवेश के समय ही परिवार पहचान पत्र आईडी का डाटा भरा जाना अनिवार्य कर दिया गया है। इस संदर्भ में मौलिक शिक्षा निदेशक ने राज्य के सभी जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं। जारी पत्र में कहा किया गया है कि सरकार के निर्देशानुसार प्रवेश सत्र वर्ष 2022-23 में विद्यालयों में दाखिले के समय परिवार पहचान पत्र आईडी को एमआईएस पोर्टल पर अपलोड करना जरूरी है।
यदि किसी छात्र का परिवार पहचान पत्र आईडी का डाटा पोर्टल पर नहीं भरा होगा तो उसे किसी भी विभागीय स्कीम के तहत छात्रवृत्ति या प्रोत्साहन राशि का लाभ नहीं दिया जाएगा। पात्र विद्यार्थियों का एमआईएस पोर्टल पर डाटा भरते समय परिवार पहचान पत्र का कॉलम भी भरना जरूरी होगा इसलिए सभी छात्र और उनके अभिभावक जल्द डाटा अपलोट करा लें। यदि ऐसा नहीं किया तो विद्यार्थी को किसी छात्रवृत्ति स्कीम का लाभ नहीं मिल सकेगा। जिले के 778 राजकीय स्कूलों में पहली से 12वीं कक्षा तक डेढ़ लाख विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। ब्यूरो
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पहली से 12वीं तक के विद्यार्थियों को मिलती है छात्रवृत्ति
- सभी श्रेणी में पहली से आठवीं तक के बच्चों के लिए निशुल्क वर्दी योजना है।
- सभी श्रेणी में पहली से पांचवीं कक्षा तक हर बच्चे को 800 रुपये और छठी से आठवीं तक एक हजार रुपये छात्रवृत्ति।
- नॉन एससी वर्ग को मुफ्त स्कूल बैग और लेखन सामग्री मिलती है। इसके अलावा पहली से पांचवीं तक 100 रुपये और छठी से आठवीं तक 150 रुपये छात्रवृत्ति।
- कक्षा छठी से 12वीं तक हर कक्षा में प्रथम रहे विद्यार्थी को छात्रवृत्ति मिलती है। आठवीं तक एक हजार और नौवीं से 12वीं तक 1200 रुपये छात्रवृत्ति है।
कैश अवॉर्ड योजना में इतनी मिलती है राशि
कक्षा राशि
पहली 740
दूसरी 750
तीसरी 960
चौथी 970
पांचवीं 980
छठी से 8वीं तक 1260
फैमिली आईडी का डाटा अपलोड करना जरूरी
मौलिक शिक्षा निदेशक का पत्र मिला है। उसके अनुसार दाखिले पत्र का डाटा अपलोड करना जरूरी है। इस संदर्भ में सभी खंड शिक्षा अधिकारियों व स्कूलों को अवगत कराया जा रहा है।
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- रोहताश वर्मा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी