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Karnal News: शिव कॉलोनी के तारों में लगी आग ने घोला हवा में जहर
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। शहर में रोजाना जलने वाला कूड़ा शहर की हवा में जहर घोलने का काम कर रहा है। रविवार को निगम के सामने और मॉल के पीछे कूड़े और झाड़ियों में लगी आग से उठे धुएं ने लोगों को परेशान किया। सोमवार को शिव कॉलोनी में तारों में लगी आग से निकले धुएं ने हवा की सेहत खराब की। किसी भी विभाग की ओर से कूड़ा जलाने या झाड़ियों में आग लगाने वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की है।
सोमवार को शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक 194 दर्ज किया गया। करनाल की हवा पड़ोसी जिलों से ज्यादा दूषित रही। अंबाला का एक्यूआई 108, चंडीगढ़ का 156, कैथल का 102 और यमुनानगर का 163 दर्ज किया गया। शहर की हवा में पीएम 2.5 और पीएम 10 के कणों की मात्रा औसतन से ज्यादा दर्ज की गई।
नवंबर में शहर के लोगों ने केवल नौ दिन ही थोड़ी बेहतर हवा मिली। वायु गुणवत्ता सूचकांक 200 से नीचे रहा। 19 दिन एक्यूआई 200 से 300 के बीच दर्ज किया गया। दो दिन शहर की हवा बेहद खराब रही। एक्यूआई 300 से ऊपर पहुंच गया था।
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हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एसडीओ रणदीप सिंधू ने कहा कि करीब 32 विभागों को प्रदूषण फैलाने और रोकथाम संबंधित दिशा-निर्देश भेजे जा चुके हैं। उनकी टीम के सामने ऐसा कोई प्रकरण या शिकायत आएगी तो उस पर तुंरत प्रभाव से एक्शन लिया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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करनाल। शहर में रोजाना जलने वाला कूड़ा शहर की हवा में जहर घोलने का काम कर रहा है। रविवार को निगम के सामने और मॉल के पीछे कूड़े और झाड़ियों में लगी आग से उठे धुएं ने लोगों को परेशान किया। सोमवार को शिव कॉलोनी में तारों में लगी आग से निकले धुएं ने हवा की सेहत खराब की। किसी भी विभाग की ओर से कूड़ा जलाने या झाड़ियों में आग लगाने वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की है।
सोमवार को शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक 194 दर्ज किया गया। करनाल की हवा पड़ोसी जिलों से ज्यादा दूषित रही। अंबाला का एक्यूआई 108, चंडीगढ़ का 156, कैथल का 102 और यमुनानगर का 163 दर्ज किया गया। शहर की हवा में पीएम 2.5 और पीएम 10 के कणों की मात्रा औसतन से ज्यादा दर्ज की गई।
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नवंबर में शहर के लोगों ने केवल नौ दिन ही थोड़ी बेहतर हवा मिली। वायु गुणवत्ता सूचकांक 200 से नीचे रहा। 19 दिन एक्यूआई 200 से 300 के बीच दर्ज किया गया। दो दिन शहर की हवा बेहद खराब रही। एक्यूआई 300 से ऊपर पहुंच गया था।
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हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एसडीओ रणदीप सिंधू ने कहा कि करीब 32 विभागों को प्रदूषण फैलाने और रोकथाम संबंधित दिशा-निर्देश भेजे जा चुके हैं। उनकी टीम के सामने ऐसा कोई प्रकरण या शिकायत आएगी तो उस पर तुंरत प्रभाव से एक्शन लिया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।