{"_id":"62d71939eb1eba149b17338e","slug":"fertilizer-and-agricultural-medicines-unit-raided-stir-karnal-news-knl115195940","type":"story","status":"publish","title_hn":"उर्वरक और कृषि दवाइयों की इकाई पर छापा, मचा हड़कंप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उर्वरक और कृषि दवाइयों की इकाई पर छापा, मचा हड़कंप
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवाद न्यूज एजेंसी
घरौंडा (करनाल)। सीएम फ्लाइंग स्क्वॉयड, गुप्तचर विभाग और कृषि विभाग की टीम ने मंगलवार को सांई मंदिर रोड स्थित एक पेस्टीसाइड, उर्वरक और इंसेक्टीसाइड इकाई पर छापामारी की। जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। यहां कृषि में इस्तेमाल किए जाने वाले कुछ उत्पाद ऐसे मिले जिनकी इजाजत नहीं थी।
दो बायोफर्टिलाइजर इकाई की संचालक के पास परमीशन थी, जिसके तहत वह एक उत्पाद बना सकता है और दूसरे उत्पाद की मार्केटिंग कर सकता है। वहीं अतिरिक्त बायोफर्टिलाइजर उत्पाद मिला भी है जिसे बनाने, रखने और बेचने की मंजूरी नहीं पाई गई। जांच में पाया कि आरोपी व्यवसायी ने फर्टिलाइजर कंट्रोल ऑर्डर 1985 की धाराओं का उल्लंघन किया। इस एक्ट के तहत आरोपी के खिलाफ कृषि विभाग ने कार्रवाई की है। विभाग ने घरौंडा थाने में शिकायत दे दी है। दवाओं व खाद के नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया है। यहां से रसायनिक दवाइयों के चार और बायोफर्टिलाइजर के दो नमूने लिए गए हैं।
पेस्टसाइड बेचने वाले दुकानदार भागे
छापामारी के लिए पहुंची टीमों ने इकाई की घेराबंदी की तो वहां मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। टीम ने उत्पादों की जांच और रिकॉर्ड खंगालना शुरू कर दिया। फैक्टरी से संबंधित सभी दस्तावेजों की जांच करते हुए वहां मिली दवाइयों के नमूने लिए गए। कृषि संबंधी दवाइयों से भरी पेटियां खंगाली गई। छापामारी की कार्रवाई से शहर के सभी पेस्टीसाइड संबंधित दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर भाग गए गए। टीम ने करीब दो घंटे पेस्टीसाइड की पेटियां, मार्का व अन्य सामान की गहनता से जांच की गई।
विज्ञापन
कृषि विभाग के गुण नियंत्रण निरीक्षक डॉ. सुनील बजाड़, कृषि उपमंडल अधिकारी डॉ. दिनेश शर्मा व पौधा संरक्षण अधिकारी डॉ. सुरेश कुमार छापामारी टीम में शामिल थे। डॉ. बजाड़ ने कहा कि कृषि में इस्तेमाल किए जाने वाले कुछ उत्पाद ऐसे मिले जिनकी इजाजत नहीं थी। यहां बायोफर्टिलाइजर बनाकर बेचा जा रहा था। दवाईयों से संबंधित परमीशन पाई गई है। इसके अलावा स्टॉक की उचित व्यवस्था नहीं थी। इकाई मालिक सुशील कुमार तेलू राम नामक फर्म है। इस संदर्भ में घरौंडा पुलिस को शिकायत दे दी है। इसके अलावा दवाइयों के नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
घरौंडा (करनाल)। सीएम फ्लाइंग स्क्वॉयड, गुप्तचर विभाग और कृषि विभाग की टीम ने मंगलवार को सांई मंदिर रोड स्थित एक पेस्टीसाइड, उर्वरक और इंसेक्टीसाइड इकाई पर छापामारी की। जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। यहां कृषि में इस्तेमाल किए जाने वाले कुछ उत्पाद ऐसे मिले जिनकी इजाजत नहीं थी।
दो बायोफर्टिलाइजर इकाई की संचालक के पास परमीशन थी, जिसके तहत वह एक उत्पाद बना सकता है और दूसरे उत्पाद की मार्केटिंग कर सकता है। वहीं अतिरिक्त बायोफर्टिलाइजर उत्पाद मिला भी है जिसे बनाने, रखने और बेचने की मंजूरी नहीं पाई गई। जांच में पाया कि आरोपी व्यवसायी ने फर्टिलाइजर कंट्रोल ऑर्डर 1985 की धाराओं का उल्लंघन किया। इस एक्ट के तहत आरोपी के खिलाफ कृषि विभाग ने कार्रवाई की है। विभाग ने घरौंडा थाने में शिकायत दे दी है। दवाओं व खाद के नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया है। यहां से रसायनिक दवाइयों के चार और बायोफर्टिलाइजर के दो नमूने लिए गए हैं।
विज्ञापन
पेस्टसाइड बेचने वाले दुकानदार भागे
छापामारी के लिए पहुंची टीमों ने इकाई की घेराबंदी की तो वहां मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। टीम ने उत्पादों की जांच और रिकॉर्ड खंगालना शुरू कर दिया। फैक्टरी से संबंधित सभी दस्तावेजों की जांच करते हुए वहां मिली दवाइयों के नमूने लिए गए। कृषि संबंधी दवाइयों से भरी पेटियां खंगाली गई। छापामारी की कार्रवाई से शहर के सभी पेस्टीसाइड संबंधित दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर भाग गए गए। टीम ने करीब दो घंटे पेस्टीसाइड की पेटियां, मार्का व अन्य सामान की गहनता से जांच की गई।
विज्ञापन
कृषि विभाग के गुण नियंत्रण निरीक्षक डॉ. सुनील बजाड़, कृषि उपमंडल अधिकारी डॉ. दिनेश शर्मा व पौधा संरक्षण अधिकारी डॉ. सुरेश कुमार छापामारी टीम में शामिल थे। डॉ. बजाड़ ने कहा कि कृषि में इस्तेमाल किए जाने वाले कुछ उत्पाद ऐसे मिले जिनकी इजाजत नहीं थी। यहां बायोफर्टिलाइजर बनाकर बेचा जा रहा था। दवाईयों से संबंधित परमीशन पाई गई है। इसके अलावा स्टॉक की उचित व्यवस्था नहीं थी। इकाई मालिक सुशील कुमार तेलू राम नामक फर्म है। इस संदर्भ में घरौंडा पुलिस को शिकायत दे दी है। इसके अलावा दवाइयों के नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।