फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Danger of adulteration... You can also test food items from home

Karnal News: मिलावटखोरी का खतरा... आप भी घर बैठे कर सकते हैं खाद्य पदार्थ की जांच

Fri, 17 Oct 2025 02:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल Updated Fri, 17 Oct 2025 02:04 AM IST
विज्ञापन
Danger of adulteration... You can also test food items from home
काजल पांचाल
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी

करनाल। दीपावली नजदीक आते ही बाजार में मिठाइयों और दूध उत्पादों की मांग बढ़ गई है, लेकिन इसके साथ मिलावटखोरी का खतरा बढ़ गया है। ऐसे में खाद्य पदार्थों में मिलावट की पहचान कैसे की जाए लोगों में उलझन रहती है। जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. अमित चौहान व हरियाणा के जिला लोक एवं खाद्य विश्लेषक पूनम मुदगिल के अनुसार, लोग घर पर कई जरूरी खाद्य पदार्थों में मिलावट की जांच कर सकते हैं जिसकेे लिए एफएसएसएआई डार्ट बुक में कई उपाय दिए गए हैं।
अमित चौहान ने बताया कि दीपावली और अन्य त्योहारों पर मांग बढ़ने से दूध, मावा, खोया, पनीर, घी और मिठाइयों में मिलावट की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। विभाग नियमित रूप से जांच कर रहा है और जिन दुकानों या फैक्ट्रियों से नमूने लिए गए हैं, उनकी रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि इन दिनों मिलावटखोरी कई गुना अधिक बढ़ जाती है ऐसे में लोग घर पर ही कई उपाय कर जागरूक और सतर्क रह सकते हैं। घर पर जांच के लिए एफएसएसएआई (भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण) ने आम उपभोक्ताओं के लिए डार्ट तैयार की है, जिसमें घर पर आसानी से की जा सकने वाली जांच विधियां बताई गई हैं। कुछ सामान्य तरीके इस प्रकार हैं।
विज्ञापन

मिलावट पकड़ने के तरीके
- दूध की जांच : एक प्लेट पर दूध की एक बूंद गिराएं। यदि बूंद धीरे-धीरे नीचे जाती है और सफेद निशान छोड़ती है तो दूध शुद्ध है। बहुत तेजी से बहने पर पानी की मिलावट हो सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन




- खोया/मावा : थोड़ी मात्रा हथेली पर रगड़ें। अगर अत्यधिक चिकनाई या साबुन जैसी झाग बने तो इसमें वनस्पति घी या डिटर्जेंट की मिलावट हो सकती है।


- पनीर : पनीर का छोटा टुकड़ा गर्म पानी में डालें। यदि वह टूटकर बिखर जाए तो सिंथेटिक दूध या एसिड की मिलावट की संभावना है।



- मिठाई पर चांदी का वर्क : असली वर्क आग में नहीं जलता, जबकि नकली (एल्यूमिनियम का) वर्क जलाने पर काला हो जाता है।


- घी या रिफाइंड ऑयल : एक चम्मच तेल में नींबू रस या हाइड्रोक्लोरिक एसिड की एक बूंद डालें। यदि गुलाबी रंग दिखे तो इसमें आर्टिफिशियल रंग या डाई की मिलावट हो सकती है।




- चावल : एक चम्मच चावल पानी में डालें। यदि कुछ दाने ऊपर तैरने लगें तो उनमें प्लास्टिक जैसी मिलावट संभव है।

तीन सप्ताह में लिए 28 सैंपल, एक फैक्ट्री को नोटिस
मिलावटखोरों पर शिकंजा कसने के लिए विभाग लगातार नमूने ले रहा है जिसके चलते खाद्य सुरक्षा विभाग ने बीते दो सप्ताह में पनीर, मिठाई और रिफाइंड ऑयल समेत 19 से अधिक खाद्य पदार्थों के सैंपल और बुधवार को टीम ने तरावड़ी, हांसी रोड, सेक्टर-3 और रेलवे रोड स्थित वुमेन कॉलेज क्षेत्र से नौ नमूने लिए, जिनमें खोया, चांचम, राजभोग, चावल और आटा शामिल रहे। खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. अमित चौहान ने बताया कि टीम ने सेक्टर-3 में नमूने लेने के दौरान सेक्टर-3 क्षेत्र में बिना लाइसेंस संचालित मुंशीराम फैक्टरी का संचालन पाए जाने पर उसे नोटिस भी जारी किया जिस पर आगे कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने बताया कि त्योहारों में नकली मावा, सिंथेटिक दूध और कृत्रिम रंगों की मिलावट से सबसे ज्यादा खतरा रहता है। लोगों से अपील है कि वें एफएसएसएआई से पंजीकृत और लाइसेंस वाली दुकानों से ही सामान खरीदें, क्योंकि उन दुकानों की एक-एक बार जांच हो चुकी है। साथ ही अगर किसी भी व्यक्ति को खाद्य पदार्थों में मिलावट की सूचना मिलती है तो एफएसएसएआई की वेबसाइट पर मिलावटखोरी के खिलाफ आवाज उठा सकते हैं और शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
बुधवार को को लिए गए नमने-
-तरावड़ी की चहल डेयरी से चमचमख्र खोया।
- हांसी रोड स्थित मुंशीराम स्वीट्स से कलाकंद।
- हांसी रोड स्थित नंद स्वीट्स से चमचम और खोया।
- सेक्टर 3 स्थित मुंशीराम फैक्टरी से राजभोग और खोया।
- रेलवे रोड स्थित वूमन कॉलेज के मेस से चावल और आटा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed