फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Advocate Commit Suicide in Karnal of Haryana

करनाल: लॉकडाउन में नहीं चल रहा था काम, वकील ने अपने चेंबर में की गोली मारकर आत्महत्या

Tue, 17 Aug 2021 04:16 PM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल (हरियाणा) Published by: निवेदिता वर्मा Updated Tue, 17 Aug 2021 04:16 PM IST
सार

मृतक के बड़े भाई राजेश चोपड़ा ने बताया कि उनके भाई लॉकडाउन में काम सही न चलने की वजह से भी परेशान थे और उनकी दवा चल रही थी। 

विज्ञापन
Advocate Commit Suicide in Karnal of Haryana
करनाल में वकील की आत्महत्या के बाद जांच करती पुलिस। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

सुबह घर से सैर करने निकले वरिष्ठ वकील विजय चोपड़ा ने सेक्टर-12 स्थित अपने चेंबर नंबर-268 में जाकर खुद को लाइसेंसी रिवाल्वर से गोली मार ली। करीब डेढ़ घंटे तक घर वापस नहीं आने पर खोजबीन के लिए निकले परिजन ढूंढते हुए मौके पर पहुंचे, जहां खून से लथपथ पिता के शव को देखकर बेटे के होश उड़ गए। परिजनों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने एफएसएल टीम की मदद से जांच पड़ताल की और मौके से रिवाल्वर तथा कारतूस के खोल बरामद किए। परिजनों का कहना है कि विजय चोपड़ा मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे। 

विज्ञापन


मृतक के बड़े भाई और नहरी एवं सिंचाई विभाग करनाल के कार्यकारी अभियंता राजेश चोपड़ा ने बताया कि छोटा भाई विजय चोपड़ा सेक्टर-13 में पत्नी और दो बच्चों के साथ रहता था। इसके अलावा पिता भी उसी के साथ रहते थे। सोमवार की रात ही वह छोटे भाई विजय चोपड़ा और पिता केहर सिंह चोपड़ा से मिलकर आए थे।
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि घर पर सब कुछ ठीक था लेकिन लॉकडाउन में काम नहीं चलने के कारण छोटा भाई परेशान चल रहा था। इस दौरान वह दवाइयां भी ले रहा था लेकिन किसी को इसका आभास नहीं था कि वह आत्मघाती कदम उठा सकता है। रोजाना की तरह ही मंगलवार की सुबह करीब छह बजे वह स्कूटी से सेक्टर-12 पार्क में सैर के लिए निकला था लेकिन जब साढ़े सात बजे तक वापस नहीं लौटा तो परिजनों ने खोजबीन शुरू की। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पिता को ढूंढते हुए बेटा अखिल पहले सेक्टर-12 पार्क में गया। इसके बाद वह कोर्ट परिसर में पिता के चेंबर की ओर गया, जहां विजय चोपड़ा लहूलुहान पड़े थे। सिविल लाइन थाना प्रभारी रोशन लाल ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। परिजनों के बयान पर धारा 174 की कार्रवाई की गई है। 


अधिवक्ता विजय चोपड़ा की मौत से आहत जिला बार एसोसिएशन मंगलवार को कार्य से विरत रहा। अधिवक्ताओं ने साथी की मौत पर दुख व्यक्त किया। विदित हो कि विजय चोपड़ा पिछले 25 साल से करनाल कोर्ट में प्रैक्टिस कर रहे थे और मुख्य रूप से बैंक के केस देखते थे। उनके पिता केहर सिंह चोपड़ा योग समिति से जुड़े हैं और मुख्य योग शिक्षक हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed