फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   action

पुलिस पर हमला कर खीरा को भगाने में मदद करने वाला उसका मौसेरा भाई गिरफ्तार

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 22 Sep 2019 01:54 AM IST
विज्ञापन
action
पुलिस पर हमला कर सुनील उर्फ खीरा को यमुनानगर जेल ले जाने से पहले से छुड़ाने में उसके मौसेरे भाई मनजीत का अहम रोल था। उसे सीआईए-1 पुलिस ने अवैध हथियार के साथ गिरफ्तार कर लिया है। वहीं एक लाख रुपये का इनामी बदमाश सुनील उर्फ खीरा और उसका साथी अंकुश कमालपुर को राजस्थान बीकानेर की पुलिस ने पकड़ा हुआ है। इन्हें करनाल पुलिस अगले सप्ताह वीरवार तक प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आएगी।
विज्ञापन

सीआईए-1 इंचार्ज इंस्पेक्टर दीपेंद्र राणा ने बताया कि उन्हें इनामी बदमाश सुनील उर्फ खीरा को भगाने में मदद करने वाले उसके एक अन्य साथी के बारे में सूचना मिली थी। सूचना मिलने पर मुख्य सिपाही रोहित कुमार की अध्यक्षता में एक टीम का गठन किया गया। आरोपी मंजीत उर्फ बिन्ना निवासी कर्ण विहार करनाल को अवैध देसी पिस्तौल और एक राउंड के साथ गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि खीरा को भगाने वाला अंकुश कमालपुर, फुसगढ़ अभिषेक व एक आरोपी पलवल का था। पुलिस पर गोली चलाने वाले ये तीनों थे और मंजीत कार लेकर अल्फा सिटी के पास खड़ा था। खीरा को छुड़ाने के बाद वे उसे कार में लेकर कुरुक्षेत्र की तरफ भागे थे। मनजीत घर चला गया था।
विज्ञापन

...................
जेल से खीरा करता था मासी के लड़के मनजीत से बात
सीआईए वन इंचार्ज दीपेंद्र राणा ने बताया कि खीरा जगाधरी जिला जेल में बंद था। वहां बात करने के लिए मंजीत का नंबर दिया हुआ था। इतना ही नहीं खीरा अवैध रूप से मोबाइल जेल में रखता था और उससे भी बात करता था। फोन पर बात करने से ही उन्होंने पूरी योजना बनाई थी। मनजीत ने ही तीनों साथियों को शाहबाद से अवैध हथियार लेकर दिये थे। फिर वे किसी की बाइक मांगकर नये बस स्टैंड पर गये थे। बाइक को वहीं छोड़कर फरार हो गये थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

...............
ये था मामला
28 मई को यमुनानगर पुलिस सात साल की सजा काट रहे मोनू उर्फ सुनील उर्फ खीरा को यमुनानगर जेल ले जा रही थी। जब पुलिस कर्मचारी खीरा को लेकर नये बस स्टैंड पर पहुंचे तो खीरा के तीन दोस्तों ने पुलिस के तीन कर्मचारियों पर फायरिंग की और उनकी आंखों में मिर्च पाउडर भी झोंक दिया। इस दौरान दो पुलिस कर्मचारियों की टांगों में गोली लगी थी। तीनों बदमाश अपने साथी खीरा को लेकर फरार हो गये थे। खीरा पर हत्या लूट सहित कई मामले दर्ज हैं।

........................................
मूल रूप से पानीपत का रहने वाला है खीरा, नौ मामले हैं दर्ज
कैदी और हत्यारोपी बदमाश सुनील उर्फ मोनू उर्फ खीरा मूल रूप से पानीपत जिले के भादड़ गांव का रहने वाला है लेकिन पिछले कई सालों से उसका परिवार करनाल की कर्ण विहार गली नंबर सात में रहता है। 2015 में सुनील के खिलाफ पहला मामला दर्ज हुआ था। इसके बाद यमुनानगर में लूट, डकैती, नशा तस्करी सहित चार मामले दर्ज हैं तो वहीं करनाल में हत्या सहित पांच मामले दर्ज हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed