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Karnal News: बेडे़ में आईं 37 नई बसें मगर 20 हो गईं कंडम
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। पिछले एक माह में करनाल रोडवेज के 84 बसों के बेड़े में से 20 बसें कंडम हो चुकी हैं। वहीं, पिछले एक माह में करनाल रोडवेज को 37 नई बसें मिली भी हैं। इनमें से नौ बसें बीमा सहित अन्य दस्तावेजों के अभाव में अभी चल नहीं पाई हैं। जबकि 20 नई बसों को कंडम हो चुकी पुरानी बसों के मार्ग पर दौड़ाया जा रहा है। ऐसे में नई बसें आने का रोडवेज को ज्यादा लाभ नहीं हुआ है। यदि 20 बसें कंडम न होती तो रोडवेज का बेड़ा बढ़कर 121 बसों का हो जाता, लेकिन अब नई बसें आने और पुरानी बसों के ऑफ रोड होने से बेड़ा केवल 101 बसों का ही बन पाया है। हालांकि बसों की इतनी संख्या भी चार माह बाद हुई है। नवंबर माह में विभाग के पास 105 बसें थी। उसके बाद दिसंबर माह में 20 बसें कंडम हुई और 20 बसें अब 15 मार्च तक कंडम हो गई हैं।
करनाल डिपो की क्षमता और जिले की 16.5 लाख की आबादी के हिसाब से 350 बसों की जरूरत है। 2015 के मानक के अनुसार, डिपो में 250 बसें तो जरूर होनी चाहिए पर अभी तक 84 बसों के सहारे ही डिपो चल रहा था। अब 37 बसें नई आई हैं। लेकिन इनके आने के बाद भी मानक पूरा नहीं हो पाया है।
दस्तावेज पूरे न होने के कारण लोकल चल रही नई बसें
नई आई 37 बसों में से 28 बसें अभी मार्गों पर चला दी गई हैं। इनमें से भी कई बसों के अभी फास्टैग आदि नहीं बन पाए हैं। ऐसे में टोल वाले मार्ग पर इन बसों को नहीं चलाया जा रहा। जबकि लोकल व ग्रामीण मार्ग पर इन बसों की सेवाएं ली जा रही हैं। इन मार्ग पर चल रही पुरानी ऐसी बसें जिन पर फास्टैग लगा है, उन्हें असंध, पानीपत और चंडीगढ़ आदि मार्ग पर लगा दिया गया है।
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भरठी, बैजनाथ और धर्मशाला मार्ग होगा शुरू
नई बसें आने के बाद करीब 17 बसें विभाग के पास बढ़ी हैं। ऐसे में रोडवेज की योजना के अनुसार नई बसों के आने से लंबे समय से बंद हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला, बैजनाथ और भरठी के लिए बस सेवा दोबारा शुरू होगी। इन मार्ग पर बस सेवा अगस्त 2022 से बंद है। कई देवियों के स्थलों की यात्रा कराती है। साथ ही नई बसों को दिल्ली, हरिद्वार और चंडीगढ़ मार्ग सहित अन्य बड़े मार्ग पर भी चलाया जाएगा। इस मार्ग पर वर्तमान में दौड़ रही पुरानी बसों को ग्रामीण व छोटे मार्ग पर चलाया जाएगा। ऐसे में लंबे से समय से बंद 56 ग्रामीण मार्ग में से भी कई मार्ग पर दोबारा बस सेवा शुरू होगी।
किस वर्ष जनवरी माह में कितनी थी बसें
वर्ष
बसें
2023
84
2022
135
2021
140
2019
163
2018
175
(2018 से सितंबर 2022 तक करनाल डिपो में एक भी नई बस शामिल नहीं हुई।)
इस माह में 20 बसें कंडम हुई हैं। वहीं, अब तक 37 बसें नई आ चुकी हैं। इनमें से नौ बसें अभी रूट पर नहीं लगाई हैं। चार बसें इस सप्ताह और मिल जाएंगी। नई बसें आने से कुछ नए मार्ग शुरू होंगे। व्यवस्था भविष्य में और बेहतर होने की उम्मीद है।
- कुलदीप सिंह, रोडवेज जीएम
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करनाल। पिछले एक माह में करनाल रोडवेज के 84 बसों के बेड़े में से 20 बसें कंडम हो चुकी हैं। वहीं, पिछले एक माह में करनाल रोडवेज को 37 नई बसें मिली भी हैं। इनमें से नौ बसें बीमा सहित अन्य दस्तावेजों के अभाव में अभी चल नहीं पाई हैं। जबकि 20 नई बसों को कंडम हो चुकी पुरानी बसों के मार्ग पर दौड़ाया जा रहा है। ऐसे में नई बसें आने का रोडवेज को ज्यादा लाभ नहीं हुआ है। यदि 20 बसें कंडम न होती तो रोडवेज का बेड़ा बढ़कर 121 बसों का हो जाता, लेकिन अब नई बसें आने और पुरानी बसों के ऑफ रोड होने से बेड़ा केवल 101 बसों का ही बन पाया है। हालांकि बसों की इतनी संख्या भी चार माह बाद हुई है। नवंबर माह में विभाग के पास 105 बसें थी। उसके बाद दिसंबर माह में 20 बसें कंडम हुई और 20 बसें अब 15 मार्च तक कंडम हो गई हैं।
करनाल डिपो की क्षमता और जिले की 16.5 लाख की आबादी के हिसाब से 350 बसों की जरूरत है। 2015 के मानक के अनुसार, डिपो में 250 बसें तो जरूर होनी चाहिए पर अभी तक 84 बसों के सहारे ही डिपो चल रहा था। अब 37 बसें नई आई हैं। लेकिन इनके आने के बाद भी मानक पूरा नहीं हो पाया है।
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दस्तावेज पूरे न होने के कारण लोकल चल रही नई बसें
नई आई 37 बसों में से 28 बसें अभी मार्गों पर चला दी गई हैं। इनमें से भी कई बसों के अभी फास्टैग आदि नहीं बन पाए हैं। ऐसे में टोल वाले मार्ग पर इन बसों को नहीं चलाया जा रहा। जबकि लोकल व ग्रामीण मार्ग पर इन बसों की सेवाएं ली जा रही हैं। इन मार्ग पर चल रही पुरानी ऐसी बसें जिन पर फास्टैग लगा है, उन्हें असंध, पानीपत और चंडीगढ़ आदि मार्ग पर लगा दिया गया है।
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भरठी, बैजनाथ और धर्मशाला मार्ग होगा शुरू
नई बसें आने के बाद करीब 17 बसें विभाग के पास बढ़ी हैं। ऐसे में रोडवेज की योजना के अनुसार नई बसों के आने से लंबे समय से बंद हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला, बैजनाथ और भरठी के लिए बस सेवा दोबारा शुरू होगी। इन मार्ग पर बस सेवा अगस्त 2022 से बंद है। कई देवियों के स्थलों की यात्रा कराती है। साथ ही नई बसों को दिल्ली, हरिद्वार और चंडीगढ़ मार्ग सहित अन्य बड़े मार्ग पर भी चलाया जाएगा। इस मार्ग पर वर्तमान में दौड़ रही पुरानी बसों को ग्रामीण व छोटे मार्ग पर चलाया जाएगा। ऐसे में लंबे से समय से बंद 56 ग्रामीण मार्ग में से भी कई मार्ग पर दोबारा बस सेवा शुरू होगी।
किस वर्ष जनवरी माह में कितनी थी बसें
वर्ष
बसें
2023
84
2022
135
2021
140
2019
163
2018
175
(2018 से सितंबर 2022 तक करनाल डिपो में एक भी नई बस शामिल नहीं हुई।)
इस माह में 20 बसें कंडम हुई हैं। वहीं, अब तक 37 बसें नई आ चुकी हैं। इनमें से नौ बसें अभी रूट पर नहीं लगाई हैं। चार बसें इस सप्ताह और मिल जाएंगी। नई बसें आने से कुछ नए मार्ग शुरू होंगे। व्यवस्था भविष्य में और बेहतर होने की उम्मीद है।
- कुलदीप सिंह, रोडवेज जीएम