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करियर को अद्भुत ढंग से बदल सकती हैं लीडरशिप स्किल : सुरेश नारायणन
Updated Sat, 28 Jul 2018 01:20 AM IST
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करनाल। राष्ट्रीय डेरी अनुसंधान संस्थान में नेस्ले इंडिया कंपनी की ओर से शॉफ्ट स्किल डेवलपमेंट पर एन-रीच नामक एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। चार दिन तक चली इस कार्यशाला में विशेषज्ञों ने नेतृत्व विकास, जवाबदेही एवं स्वामित्व, संचार एवं प्रभाव और भावनात्मक बुद्धि पर फोकस किया। समापन समारोह में नेस्ले इंडिया के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री सुरेश नारायणन ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की और लीडरशिप विषय व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि लीडरशिप स्किल हमेशा से उन कुशलताओं में शामिल रही हैं, जो आपके करियर को अद्भुत ढंग से बदल सकती हैं। इसके साथ बेहतर संवाद, आत्मविश्वास और नेतृत्व का संयोजन आपके प्रदर्शन में सकारात्मक अंतर ला सकते हैं। उन्होंने एनडीआरआई की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा डेरी के क्षेत्र में नेस्ले को प्रसिद्धी दिलवाने में एनडीआरआई के विद्यार्थियों का अहम योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि वे एनडीआरआई के विद्यार्थियों के टैलेंट से काफी प्रभावित है। उन्होंने बताया कि नेस्ले इंडिया ने छात्रों में कौशल विकसित करने के लिए देश भर के डेयरी विज्ञान और खाद्य विज्ञान संस्थानों में इस कार्यक्रम (एन-रीच) को लॉन्च किया है। इस अवसर पर केस स्टडी 2018 प्रतियोगिता करवाई गई, इसमें विद्यार्थी रिद्दम, प्रियम अग्रवाल, रजत्त जैन, इंतिहाज को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। डेरी टेक्नोलोजी विभागाध्यक्ष तथा प्लेसमेंट सेल की इंचार्ज डा. लता सबीखी ने बताया कि इस कार्यशाला का मुख्य उद्ेश्य विद्यार्थियों को डेरी क्षेत्र में विभिन्न अवसरों तथा चुनौतियों के बारे में अवगत करवाना रहा। कार्यशाला में मुख्य रूप से विद्यार्थियों के अंदर शॉफ्ट स्किल को बढ़ावा देने पर बल दिया गया। इस मौके पर डा. एके सिंह, डा. मीना मलिक, डा. गुणवंत सिंह राठौर, डा. नीलम उपाध्याय, डा. योगेश खेतरा सहित अन्य वैज्ञानिकगण मौजूद रहे।
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