पूंडरी। गांव पाई में प्लाटों की निशानदेही न मिलने से खफा ग्रामीणों ने खंड विकास एवं पंचायत कार्यालय के सामने धरना देकर नारेबाजी की। ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें गांव में लगभग 11 वर्ष पूर्व सरकार की ओर से महात्मा गांधी ग्रामीण बस्ती योजना के तहत 100-100 वर्ग गज के रिहायशी प्लॉट आवंटित हुए थे। इनकी अभी निशानदेही नहीं हुई है। जहां पर प्लॉट आवंटित हुए थे, वहां पर पहले से ही कब्जा था, जिसका केस ग्रामीण जीत चुके हैं। मंगलवार को कानूनगो सहित प्रशासन की टीम निशानदेही देने गांव में पहुंची थी। मंगलवार को सिर्फ रिहायशी प्लॉटों की बॉर्डर लाइन की ही निशानदेही हो पाई। इसी कड़ी में बुधवार को सुबह 10 बजे भी प्रशासन ने निशानदेही देने गांव में पहुंचना था लेकिन दोपहर तक प्रशासन का कोई अधिकारी और कर्मचारी गांव में नहीं पहुंचा। ग्रामीणों राजेंद्र पांचाल, रणधीर पांचाल, राजेश, सुरेंद्र, कूड़ा राम, कविता, भरपाई व रामरति ने बताया कि गांव में लगभग 886 प्लॉट धारक हैं। गांव में निशानदेही के इंतजार में हजारों लोग भीषण गर्मी को झेलते हुए बैठे रहते हैं। इस पर ग्रामीणों में रोष पनपा और विरोध स्वरूप ग्रामीण पूंडरी बीडीपीओ कार्यालय पर पहुंचे। ग्रामीण तहसील व बीडीपीओ कार्यालय के मुख्य गेट के सामने बैठ गए। गेट पर धरना दे रहे ग्रामीणों को बीडीपीओ श्याम सुंदर ने जल्द ही उनकी समस्या का समाधान निकालने का आश्वासन दिया। इस पर ग्रामीण मान गए और अपने गांव चले गए।