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जीवन में नैतिक मूल्यों का होना बहुत जरूरी-योगार्थी
ब्यूरो कैथल
Updated Mon, 25 Jul 2016 12:17 AM IST
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शिविर में मौजूद शिक्षक
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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डीएवी पब्लिक स्कूल पूंडरी में अध्यापन कार्य में सुधार विषय पर चल रहे दो दिवसीय शिविर का रविवार को समापन हो गया। दो दिनों तक चले इस शिविर में अध्यापन कार्य में सुधार व कक्षा के वातावरण को स्वच्छ व बच्चों के अनुकूल बनाने पर विशेषज्ञों द्वारा विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यशाला में कैथल जोन के डीएवी स्कूलों के कामर्स, हिंदी, संस्कृत, सामाजिक विज्ञान व धर्म शिक्षा विषयों के अध्यापकों ने भाग लिया। कार्यशाला की अध्यक्षता मेजबान स्कूल की प्रिंसिपल साधना बख्शी ने की।
समापन अवसर पर ओएसडीएवी स्कूल की प्रिंसिपल सुमन निझावन ने विशेष रूप से शिरकत की।
दयानंद ब्रह्म महाविद्यालय हिसार से प्राध्यापक प्रमोद योगार्थी ने शिविर में विशेष रूप से भाग लिया। शिविर के दौरान योगार्थी ने कहा कि जीवन में नैतिक मूल्यों का होना बहुत जरूरी है, नैतिक मूल्यों के बिना हम सब अधूरे हैं। सशक्त समाज के निर्माण में एक अध्यापक एवं अभिभावकों का विशेष योगदान होता है। स्कूल की प्रिंसिपल साधना बख्शी ने बाहर से आए सभी अध्यापकों एवं विषय विशेषज्ञों का स्वागत करते हुए उनका आभार जताया।
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कार्यशाला में कैथल जोन के डीएवी स्कूलों के कामर्स, हिंदी, संस्कृत, सामाजिक विज्ञान व धर्म शिक्षा विषयों के अध्यापकों ने भाग लिया। कार्यशाला की अध्यक्षता मेजबान स्कूल की प्रिंसिपल साधना बख्शी ने की।
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समापन अवसर पर ओएसडीएवी स्कूल की प्रिंसिपल सुमन निझावन ने विशेष रूप से शिरकत की।
दयानंद ब्रह्म महाविद्यालय हिसार से प्राध्यापक प्रमोद योगार्थी ने शिविर में विशेष रूप से भाग लिया। शिविर के दौरान योगार्थी ने कहा कि जीवन में नैतिक मूल्यों का होना बहुत जरूरी है, नैतिक मूल्यों के बिना हम सब अधूरे हैं। सशक्त समाज के निर्माण में एक अध्यापक एवं अभिभावकों का विशेष योगदान होता है। स्कूल की प्रिंसिपल साधना बख्शी ने बाहर से आए सभी अध्यापकों एवं विषय विशेषज्ञों का स्वागत करते हुए उनका आभार जताया।
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