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बिना परमिट चल रही बसों पर भड़के रोडवेज कर्मचारी
ब्यूरो/अमर उजाला, कैथ्ाल
Updated Thu, 10 Jul 2014 11:33 PM IST
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गुहला-चीका। चीका से पटियाला व चीका से समाना चलने वाली बिना परमिट की बसों को लेकर गुस्साए रोडवेज चालकों ने कैथल-पटियाला मार्ग पर जाम लगा दिया। आरटीए अधिकारियों द्वारा प्राईवेट बस चालकों के खिलाफ कार्रवाई होने पर ही कर्मचारियों ने जाम खोला।
रोडवेज कर्मी ने कहा कि परिवहन विभाग के अधिकारियों व पुलिस प्रशासन से मिलीभगत के चलते प्राइवेट बस संचालक सरकार को चूना लगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एक भी बस को पटियाला से चीका या समाना से चीका का परमिट नहीं मिला हुआ है फिर भी निजी बस संचालक यहां बसें चला रहे हैं।
हरियाणा रोडवेज यूनियन के जिला प्रधान हाकम सिंह ने बताया कि बसों का यह मामला ट्रांसपोर्ट ट्रिब्यूनल व माननीय हाईकोर्ट में भी चल चुका है तथा दोनों जगहों से आए आदेशों के अनुसार बनी अड्डा टाइमिंग में चीका से पटियाला या समाना के लिए किसी भी प्राइवेट बस का टाइम नहीं है। उन्होंने कहा कि हरियाणा व पंजाब दोनों प्रदेशों के परिवहन अधिकारियों के पास कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन कोई कदम नहीं उठाया गया है।
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रोडवेज कर्मी शमशेर सिंह, सुखदेव सिंह, राजेंद्र कुमार, रमेश शर्मा व जीता राम ने कहा कि रोडवेज घाटे में है और इसी बिनाह पर इसका निजीकरण कर दिया जाए, यह कभी नहीं होने दिया जाएगा। रोडवेज बसों के जाम की खबर पाकर डीएसपी गुहला, एसएचओ चीका व नायब तहसीलदार मौके पर पहुंचे, लेकिन रोडवेज कर्मी प्राइवेट बसों को चीका आने जाने पर पक्के तौर पर पाबंदी लगाए जाने की बात पर ही अड़े रहे।
बाद में आरटीए सेक्रेटरी कैथल नीलम रानी नेे समाना के लिए सवारियां भर रही खेड़की सर्विस की बस को तुरंत इंपाउंड कर दिया। दो अन्य निजी बस सर्विस की बसों को चालान काटकर और दोबारा बिना परमिट चीका ना आने की चेतावनी देकर छोड़ दिया। इसके बाद ही कर्मचारियों ने जाम खोला।
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रोडवेज कर्मी ने कहा कि परिवहन विभाग के अधिकारियों व पुलिस प्रशासन से मिलीभगत के चलते प्राइवेट बस संचालक सरकार को चूना लगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एक भी बस को पटियाला से चीका या समाना से चीका का परमिट नहीं मिला हुआ है फिर भी निजी बस संचालक यहां बसें चला रहे हैं।
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हरियाणा रोडवेज यूनियन के जिला प्रधान हाकम सिंह ने बताया कि बसों का यह मामला ट्रांसपोर्ट ट्रिब्यूनल व माननीय हाईकोर्ट में भी चल चुका है तथा दोनों जगहों से आए आदेशों के अनुसार बनी अड्डा टाइमिंग में चीका से पटियाला या समाना के लिए किसी भी प्राइवेट बस का टाइम नहीं है। उन्होंने कहा कि हरियाणा व पंजाब दोनों प्रदेशों के परिवहन अधिकारियों के पास कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन कोई कदम नहीं उठाया गया है।
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रोडवेज कर्मी शमशेर सिंह, सुखदेव सिंह, राजेंद्र कुमार, रमेश शर्मा व जीता राम ने कहा कि रोडवेज घाटे में है और इसी बिनाह पर इसका निजीकरण कर दिया जाए, यह कभी नहीं होने दिया जाएगा। रोडवेज बसों के जाम की खबर पाकर डीएसपी गुहला, एसएचओ चीका व नायब तहसीलदार मौके पर पहुंचे, लेकिन रोडवेज कर्मी प्राइवेट बसों को चीका आने जाने पर पक्के तौर पर पाबंदी लगाए जाने की बात पर ही अड़े रहे।
बाद में आरटीए सेक्रेटरी कैथल नीलम रानी नेे समाना के लिए सवारियां भर रही खेड़की सर्विस की बस को तुरंत इंपाउंड कर दिया। दो अन्य निजी बस सर्विस की बसों को चालान काटकर और दोबारा बिना परमिट चीका ना आने की चेतावनी देकर छोड़ दिया। इसके बाद ही कर्मचारियों ने जाम खोला।