{"_id":"6a4e9de23053aed46e0a2b91","slug":"rakesh-from-chuhadmajra-was-cremated-in-canada-itself-kaithal-news-c-245-1-kht1007-152015-2026-07-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: चूहड़माजरा के राकेश का कनाडा में ही किया संस्कार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: चूहड़माजरा के राकेश का कनाडा में ही किया संस्कार
विज्ञापन
08 ढांड 01 दिवंगत वॉलीबॉल खिलाड़ी राकेश कुमार का फाइल फोटो।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ढांड। चूहड़माजरा गांव के 24 वर्षीय प्रतिभाशाली वॉलीबॉल खिलाड़ी राकेश कुमार का कनाडा में हार्ट अटैक से निधन होने के बाद पूरे गांव में शोक की लहर है।
राकेश की मौत के 12 दिन बाद कनाडा में ही भारतीय परंपरा के अनुसार उनका अंतिम संस्कार किया गया। अब उनके बड़े भाई साहिल और चचेरे भाई रोहित अस्थियां लेकर गांव चूहड़माजरा पहुंचेंगे, जहां विधि-विधान के अनुसार उनका अस्थि विसर्जन किया जाएगा।
मृतक के चाचा कृष्ण कुमार ने बताया कि परिवार की पहली इच्छा राकेश के पार्थिव शरीर को भारत लाकर पैतृक गांव में अंतिम संस्कार करने की थी। इसके लिए प्रयास भी किए गए लेकिन कनाडा की कानूनी प्रक्रियाओं के कारण शव को भारत लाने में लगभग 40 से 45 दिन लगने की संभावना थी। इतनी लंबी अवधि तक इंतजार करना परिवार के लिए बेहद कठिन था।
लगातार शोक में डूबे परिजनों और रिश्तेदारों की स्थिति को देखते हुए परिवार ने आपसी सहमति से कनाडा में ही अंतिम संस्कार करने का निर्णय लिया। उन्होंने बताया कि राकेश का अंतिम संस्कार उनके बड़े भाई साहिल और चचेरे भाई रोहित ने भारतीय रीति-रिवाजों के अनुसार संपन्न कराया। दोनों जल्द ही अस्थियां लेकर गांव पहुंचेंगे जिसके बाद धार्मिक परंपराओं के अनुसार उनका विसर्जन किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
राकेश की मौत के 12 दिन बाद कनाडा में ही भारतीय परंपरा के अनुसार उनका अंतिम संस्कार किया गया। अब उनके बड़े भाई साहिल और चचेरे भाई रोहित अस्थियां लेकर गांव चूहड़माजरा पहुंचेंगे, जहां विधि-विधान के अनुसार उनका अस्थि विसर्जन किया जाएगा।
मृतक के चाचा कृष्ण कुमार ने बताया कि परिवार की पहली इच्छा राकेश के पार्थिव शरीर को भारत लाकर पैतृक गांव में अंतिम संस्कार करने की थी। इसके लिए प्रयास भी किए गए लेकिन कनाडा की कानूनी प्रक्रियाओं के कारण शव को भारत लाने में लगभग 40 से 45 दिन लगने की संभावना थी। इतनी लंबी अवधि तक इंतजार करना परिवार के लिए बेहद कठिन था।
विज्ञापन
लगातार शोक में डूबे परिजनों और रिश्तेदारों की स्थिति को देखते हुए परिवार ने आपसी सहमति से कनाडा में ही अंतिम संस्कार करने का निर्णय लिया। उन्होंने बताया कि राकेश का अंतिम संस्कार उनके बड़े भाई साहिल और चचेरे भाई रोहित ने भारतीय रीति-रिवाजों के अनुसार संपन्न कराया। दोनों जल्द ही अस्थियां लेकर गांव पहुंचेंगे जिसके बाद धार्मिक परंपराओं के अनुसार उनका विसर्जन किया जाएगा।

08 ढांड 01 दिवंगत वॉलीबॉल खिलाड़ी राकेश कुमार का फाइल फोटो।
विज्ञापन