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Kaithal News: सेक्टर-19, 20 में पानी-सीवरेज व्यवस्था होगी जनस्वास्थ्य के हाथ

Thu, 18 Dec 2025 12:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Thu, 18 Dec 2025 12:42 AM IST
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Public health will take over water and sewerage system in Sector 19 and 20.
सेक्टर-20 की मार्किट का दृश्य। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
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कैथल। शहर के पुराने और घनी आबादी वाले सेक्टर-19 व 20 की पीने के पानी और सीवरेज व्यवस्था अब जनस्वास्थ्य विभाग के अधीन होगी। हरियाणा शहरी एवं विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) इन दोनों महत्वपूर्ण सेवाओं को विभाग के सुपुर्द करने जा रहा है। मुख्यालय स्तर से प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और जल्द ही औपचारिक पत्र जारी होने की उम्मीद है। इससे इन दोनों सेक्टरों में मूलभूत सुविधाओं के संचालन में और कुशलता आने की संभावना है, क्योंकि जनस्वास्थ्य विभाग इस क्षेत्र में विशेषज्ञ माना जाता है।

पंचकूला जोन के प्रशासक, कैथल अर्बन एस्टेट से जुड़े संपदा अधिकारी को अधिकृत करेंगे, जिसके बाद दोनों विभागों के बीच एग्रीमेंट होगा और पानी-सीवरेज का जिम्मा औपचारिक रूप से स्थानांतरित कर दिया जाएगा। गौरतलब है कि दोनों सेक्टरों की सड़क, पार्क, मेनटेनेंस और सफाई आदि सुविधाएं पहले ही नगर परिषद को सौंप दी गई हैं।
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जिले में कुल चार रिहायशी सेक्टर हैं। सेक्टर-18 व 21 अपेक्षाकृत नए हैं, जबकि सेक्टर-19 व 20 करीब 32–33 साल पहले विकसित किए गए थे। सेक्टर-19 पार्ट-1 में 757 और पार्ट-2 में 509 प्लॉट हैं, जबकि सेक्टर-20 में लगभग 709 प्लॉट शामिल हैं। दोनों सेक्टरों में कुल 1868 प्लॉट हैं, जिनमें से अधिकांश पर मकान बन चुके हैं। करीब 1700 से अधिक पानी के कनेक्शन सक्रिय हैं और दोनों सेक्टरों में व्यवस्थित मार्केट भी विकसित हो चुकी है।
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90 प्रतिशत विकसित हो चुके दोनों सेक्टर ः कैथल को 1989 में जिला घोषित किए जाने के बाद शहर में शहरीकरण तेजी से बढ़ा। वर्ष 1992 के आसपास विकसित हुए सेक्टर-19 व 20 आज लगभग 90% विकसित हो चुके हैं। नियमों के अनुसार, जब कोई सेक्टर 70% से अधिक विकसित हो जाता है, तब उसकी मूलभूत सुविधाएं संबंधित विभागों को हैंडओवर की जा सकती हैं। इससे एचएसवीपी और निकायों पर बोझ कम होता है तथा पानी-सीवरेज जैसी सेवाओं के बेहतर प्रबंधन और नियमित रखरखाव में सहूलियत मिलती है।

ये होंगे बदलाव
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दोनों सेक्टरों में लगभग 1700+ प्लॉट्स हैं; अब सभी प्लॉट्स को नियमित पानी मिलेगा।

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पानी का दबाव संतुलित रहेगा, जिससे ऊपरी और निचले फ्लोर वाले घरों में समान पानी उपलब्ध होगा।

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पानी की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी की जाएगी, जिससे पीने योग्य पानी की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।

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पूरे सेक्टर में सीवरेज लाइनें कुशलता से संचालित होंगी।

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बारिश या पानी की लीक से जलजमाव और गंदगी का खतरा कम होगा।

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नालियों और सीवरेज पाइप की नियमित सफाई होगी, जिससे गंदगी और दुर्गंध कम होगी।
दोनों सेक्टर पर्याप्त रूप से विकसित हो चुके हैं। नियमानुसार इनकी पानी और सीवरेज प्रणाली जनस्वास्थ्य विभाग को सौंपने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मुख्यालय स्तर से जल्द ही संबंधित आदेश जारी होने की संभावना है। बारिश या पानी की लीक से जलजमाव और गंदगी का खतरा कम होगा। -वकील अहमद, संपदा अधिकारी-हरियाणा शहरी एवं विकास प्राधिकरण

सेक्टर-20 की मार्किट का दृश्य। संवाद

सेक्टर-20 की मार्किट का दृश्य। संवाद

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