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Kaithal News: मरीजों को मुफ्त मिलेगी प्लेटलेट्स
Sat, 27 May 2023 01:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 27 May 2023 01:14 AM IST
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कैथल। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से जून में जिला नागरिक अस्पताल में प्लेटलेट्स निकालने की मशीन शुरू करने की तैयारी पूरी है। इसके शुरू होने के बाद जिला नागरिक अस्पताल में मरीजों को प्लेटलेट्स मुफ्त में मिल सकेंगी। दो दिन पहले ही केंद्र व राज्य सरकार की टीम ने संयुक्त रूप से ब्लड बैंक का दौरा किया था।
गौरतलब है कि मलेरिया व डेंंगू की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कमर कस ली है। मानसून के समय होने वाली बरसात से पहले ही एंटी लारवा की गतिविधियां भी विभाग ने शुरू कर रखी है परंतु इस बार डेंगू के मरीजों के समक्ष आने वाली प्लेटलेट्स की समस्या के संदर्भ में राहत भरी खबर है। जिला नागरिक अस्पताल में प्लेटलेट्स निकालने की मशीन शुरू होने के बाद यहां दाखिल मरीजों को निशुल्क प्लेटलेट्स मुहैया करवाई जाएगी।
इस व्यवस्था से डेंगू की बीमारी के समय निजी अस्पताल व लैब संचालकों की तरफ से की जाने वाली कालाबाजारी भी कम होगी। सूत्रों का कहना है कि यह मशीन जून महीने में किसी भी समय शुरू हो सकती है। इस मशीन के लाइसेंस को अनुमति भी मिल गई है। पिछले सीजन में इस मशीन का संचालन न होने का मुद्दा अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था।
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पिछले दो साल पहले आई थी मशीन, नहीं मिला था लाइसेंस
जिला नागरिक अस्पताल में दो साल पहले ही प्लेटलेट्स निकालने की मशीन को स्वास्थ्य विभाग ने खरीदा था। इसकी कीमत करीब 30 लाख रुपये की है। इस मशीन से एक बार में रक्त से 45 हजार प्लेटलेट्स निकाली जा सकती है। इसके तहत सिंगल डोनर से रोगी को एक साथ 30 से 35 हजार यूनिट प्लेटलेट्स दी जा सकती है, जबकि कंपोनेंट सेपरेशन मशीन से खून से अलग किए गए प्लेटलेट्स की संख्या चार से पांच हजार तक होती है।
एक निजी अस्पताल या लैब संचालक की तरफ से प्लेटलेट्स 10 से हजार रुपये में बेचते है। सरकारी अस्पताल में यह सुविधा होने की स्थिति में यहां पर दाखिल मरीजों को यह बिल्कुल निशुल्क दी जाती है। अब सामान्य अस्पताल में मशीन के शुरू होने के बाद बाजार में डेंगू की बीमारी के सीजन में होने वाली कालाबाजारी पर रोक लग पाएगी।
पिछले पांच साल में डेंगू व मलेरिया की ये रही है स्थिति-
वर्ष
मलेरिया
डेंगू
2019
0
06
2020
0
114
2021
0
1212
2022
0
116
2023
0
0
2023 का आंकड़ा 26 मई तक का है।
सिविल सर्जन डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि पिछले दो साल से प्लेटलेट्स मशीन को चलाने का लाइसेंस न मिलने की स्थिति में यह संचालित नहीं हो पाई थी। अब इसे लाइसेंस मिल गया है। अगले 10 से 15 दिन के अंदर इसे विधिवत रूप से शुरू कर दिया जाएगा।
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गौरतलब है कि मलेरिया व डेंंगू की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कमर कस ली है। मानसून के समय होने वाली बरसात से पहले ही एंटी लारवा की गतिविधियां भी विभाग ने शुरू कर रखी है परंतु इस बार डेंगू के मरीजों के समक्ष आने वाली प्लेटलेट्स की समस्या के संदर्भ में राहत भरी खबर है। जिला नागरिक अस्पताल में प्लेटलेट्स निकालने की मशीन शुरू होने के बाद यहां दाखिल मरीजों को निशुल्क प्लेटलेट्स मुहैया करवाई जाएगी।
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इस व्यवस्था से डेंगू की बीमारी के समय निजी अस्पताल व लैब संचालकों की तरफ से की जाने वाली कालाबाजारी भी कम होगी। सूत्रों का कहना है कि यह मशीन जून महीने में किसी भी समय शुरू हो सकती है। इस मशीन के लाइसेंस को अनुमति भी मिल गई है। पिछले सीजन में इस मशीन का संचालन न होने का मुद्दा अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था।
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पिछले दो साल पहले आई थी मशीन, नहीं मिला था लाइसेंस
जिला नागरिक अस्पताल में दो साल पहले ही प्लेटलेट्स निकालने की मशीन को स्वास्थ्य विभाग ने खरीदा था। इसकी कीमत करीब 30 लाख रुपये की है। इस मशीन से एक बार में रक्त से 45 हजार प्लेटलेट्स निकाली जा सकती है। इसके तहत सिंगल डोनर से रोगी को एक साथ 30 से 35 हजार यूनिट प्लेटलेट्स दी जा सकती है, जबकि कंपोनेंट सेपरेशन मशीन से खून से अलग किए गए प्लेटलेट्स की संख्या चार से पांच हजार तक होती है।
एक निजी अस्पताल या लैब संचालक की तरफ से प्लेटलेट्स 10 से हजार रुपये में बेचते है। सरकारी अस्पताल में यह सुविधा होने की स्थिति में यहां पर दाखिल मरीजों को यह बिल्कुल निशुल्क दी जाती है। अब सामान्य अस्पताल में मशीन के शुरू होने के बाद बाजार में डेंगू की बीमारी के सीजन में होने वाली कालाबाजारी पर रोक लग पाएगी।
पिछले पांच साल में डेंगू व मलेरिया की ये रही है स्थिति-
वर्ष
मलेरिया
डेंगू
2019
0
06
2020
0
114
2021
0
1212
2022
0
116
2023
0
0
2023 का आंकड़ा 26 मई तक का है।
सिविल सर्जन डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि पिछले दो साल से प्लेटलेट्स मशीन को चलाने का लाइसेंस न मिलने की स्थिति में यह संचालित नहीं हो पाई थी। अब इसे लाइसेंस मिल गया है। अगले 10 से 15 दिन के अंदर इसे विधिवत रूप से शुरू कर दिया जाएगा।