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Kaithal News: गुहला-चीका में दवा की 38 दुकानों को नोटिस
Thu, 19 Feb 2026 01:29 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Thu, 19 Feb 2026 01:29 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। क्षेत्र में बढ़ते नशे के प्रभाव पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को क्षेत्र में व्यापक अभियान चलाया। इसके तहत छह जिलों से आई टीमों ने 47 दवा की दुकानों के रिकॉर्ड जांचे। गंभीर खामियां पाए जाने पर दो दुकानों को सील करने के साथ अनियमितताएं मिलने पर 38 दुकानों को नोटिस भी जारी किया गया।
फूड एवं ड्रग कमिश्नर मनोज कुमार और एसडीसी ललित गोयल के निर्देशानुसार छह अलग-अलग जिलों से स्वास्थ्य विभाग की छह टीमों का गठन कर ये जांच-पड़ताल की।
इन टीमों ने एसडीसीओ कुरुक्षेत्र सुनील दहिया के नेतृत्व में गुहला-चीका शहरी क्षेत्र के साथ-साथ गांव कांगथली, खेड़ी गुलामअली, ककहेड़ी, भागल, रामथली और खरकां सहित विभिन्न स्थानों पर संचालित 47 दवा विक्रेताओं की दुकानों की गहन जांच की। जांच के दौरान टीमों ने दुकानों में उपलब्ध दवाइयों का निरीक्षण किया और संबंधित दस्तावेजों की भी जांच-पड़ताल की।
कैथल के ड्रग कंट्रोल अधिकारी चेतन वर्मा ने बताया कि गुहला-चीका क्षेत्र सीमावर्ती इलाका होने के कारण यहां पिछले कुछ समय से नशे का प्रभाव देखा जा रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह विशेष अभियान चलाया गया।
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उन्होंने बताया कि छह टीमों ने समन्वित कार्रवाई करते हुए 47 केमिस्ट दुकानों की जांच की।
उन्होंने कहा कि इस अभियान का सबसे सकारात्मक पहलू यह रहा कि किसी भी दवा विक्रेता के यहां से नशीली गोलियां या प्रतिबंधित दवाएं बरामद नहीं हुईं। हालांकि जांच के दौरान 38 दवा विक्रेताओं के यहां विभिन्न प्रकार की अनियमितताएं पाई गईं, जिनके संबंध में उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किए जाएंगे।
चेतन वर्मा ने बताया कि गंभीर खामियां पाए जाने पर दो दुकानों को सील भी किया गया है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा पूर्व में दवा विक्रेताओं की बैठकें आयोजित कर उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया था और रोकथाम में सहयोग की अपील की गई थी। विभाग की इसी सतत पहल का परिणाम है कि इतनी व्यापक जांच के बावजूद किसी भी दुकान से नशीली दवाएं नहीं मिलीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी इस प्रकार के अभियान निरंतर जारी रहेंगे, ताकि क्षेत्र में नशे के कारोबार पर अंकुश लगाया जा सके।
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गुहला-चीका। क्षेत्र में बढ़ते नशे के प्रभाव पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को क्षेत्र में व्यापक अभियान चलाया। इसके तहत छह जिलों से आई टीमों ने 47 दवा की दुकानों के रिकॉर्ड जांचे। गंभीर खामियां पाए जाने पर दो दुकानों को सील करने के साथ अनियमितताएं मिलने पर 38 दुकानों को नोटिस भी जारी किया गया।
फूड एवं ड्रग कमिश्नर मनोज कुमार और एसडीसी ललित गोयल के निर्देशानुसार छह अलग-अलग जिलों से स्वास्थ्य विभाग की छह टीमों का गठन कर ये जांच-पड़ताल की।
इन टीमों ने एसडीसीओ कुरुक्षेत्र सुनील दहिया के नेतृत्व में गुहला-चीका शहरी क्षेत्र के साथ-साथ गांव कांगथली, खेड़ी गुलामअली, ककहेड़ी, भागल, रामथली और खरकां सहित विभिन्न स्थानों पर संचालित 47 दवा विक्रेताओं की दुकानों की गहन जांच की। जांच के दौरान टीमों ने दुकानों में उपलब्ध दवाइयों का निरीक्षण किया और संबंधित दस्तावेजों की भी जांच-पड़ताल की।
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कैथल के ड्रग कंट्रोल अधिकारी चेतन वर्मा ने बताया कि गुहला-चीका क्षेत्र सीमावर्ती इलाका होने के कारण यहां पिछले कुछ समय से नशे का प्रभाव देखा जा रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह विशेष अभियान चलाया गया।
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उन्होंने बताया कि छह टीमों ने समन्वित कार्रवाई करते हुए 47 केमिस्ट दुकानों की जांच की।
उन्होंने कहा कि इस अभियान का सबसे सकारात्मक पहलू यह रहा कि किसी भी दवा विक्रेता के यहां से नशीली गोलियां या प्रतिबंधित दवाएं बरामद नहीं हुईं। हालांकि जांच के दौरान 38 दवा विक्रेताओं के यहां विभिन्न प्रकार की अनियमितताएं पाई गईं, जिनके संबंध में उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किए जाएंगे।
चेतन वर्मा ने बताया कि गंभीर खामियां पाए जाने पर दो दुकानों को सील भी किया गया है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा पूर्व में दवा विक्रेताओं की बैठकें आयोजित कर उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया था और रोकथाम में सहयोग की अपील की गई थी। विभाग की इसी सतत पहल का परिणाम है कि इतनी व्यापक जांच के बावजूद किसी भी दुकान से नशीली दवाएं नहीं मिलीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी इस प्रकार के अभियान निरंतर जारी रहेंगे, ताकि क्षेत्र में नशे के कारोबार पर अंकुश लगाया जा सके।