{"_id":"5fdcf9f88ebc3e3b865b3f4c","slug":"mp-nayab-kaithal-news-knl54623090","type":"story","status":"publish","title_hn":"कृषि कानून से किसानों को आर्थिक रूप से मिलेगी मजबूती-सांसद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कृषि कानून से किसानों को आर्थिक रूप से मिलेगी मजबूती-सांसद
विज्ञापन
mp nayab
- फोटो : Kaithal
क सांसद नायब सिंह सैनी ने कहा कि केंद्र सरकार ने 6 सालों के कार्यकाल में किसानों की आय को बढ़ाने तथा आर्थिक मजबूती प्रदान करने के लिए अनेकों योजनाओं को अमलीजामा पहनाया। सरकार ने अब किसानों को आर्थिक मजबूती देने और फसलों को किसी भी मंडी में बेचने की आजादी देने के लिए देश के किसान संगठनों के अनुरोध पर ही कृषि कानूनों को तैयार किया है। इन कृषि कानूनों से किसानों की आय में ओर इजाफा होगा तथा आर्थिक रुप से मजबूती मिलेगी। अहम पहलु यह है कि इस देश में जब विपक्षी दलों की जमीन खिसकती नजर आई तो किसानों के कंधों पर बंदूक रखकर निशाना साधने का प्रयास किया है। जब पंजाब में पहले से ही कान्ट्रेक्ट फार्मिंग चल रही है तो किसान आंदोलन को तूल देने के पीछे क्या उदे्श्य है।
सांसद नायब सिंह सैनी शुक्रवार को लोक निर्माण विश्राम गृह में कृषि कानूनों को लेकर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इस मौके पर विधायक लीला राम, जिला अध्यक्ष अशोक गुर्जर भी मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि लोकसभा और राज्यसभा में तीनों कृषि कानून बनाए गए। यह कानून किसान की मजबूती और आय बढ़ाने के लिए क्रांतिकारी कदम है। अब विपक्ष किसानों को भ्रमित कर और झूठ बोलकर गुमराह करने का प्रयास कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2014 से लगातार किसान की आय को वर्ष 2022 तक दोगुना करने के लिए कार्य किए हैं और आय बढ़ाने के लिए एमएसपी में डेढ़ गुणा बढ़ोतरी करने का काम किया है। इस सरकार ने एमएसपी के रुप में धान की फसल के लिए 5 लाख करोड़ तथा गेहूं की फसल के लिए 3 लाख करोड़ रुपये की राशि का भुगतान किया है। केंद्र सरकार ने क्रेडिट कार्ड योजना बढ़ाने, मृदा जांच के लिए अलग योजना बनाकर दवाई, खाद के खर्चों को कम किया ताकि किसान की आमदन बढ़ सके। एमएसपी और मंडियां खत्म नहीं होगी और न ही कोई पूंजीपति किसान की जमीन पर कब्जा कर पाएगा। एमएसपी पहले की तरह लागू रहेगा और निरंतर बढ़ता रहेगा। सरकार ने धरने पर बैठे लोंगों की बात को सुना और उनके सुझावों पर अमल करने के लिए 3 मंत्रियों की कमेटी भी गठित की है। कांग्रेसी नेता रणदीप सुरजेवाला राहुल गांधी के नाक का बाल हैं, जो हर रोज बिना तथ्यों के खोखली बयानबाजी करते हैं। पूर्व सीएम हुड्डा भी मुंगेरी लाल के सपने लेना छोड़ दें।
उन्होंने कहा कि हरियाणा के सांसदों और विधायकों ने केन्द्रीय मंत्री से मिलकर एजेंडे में एसवाईएल के पानी के समझौते को लागू करने के लिए अनुरोध किया है। इसलिए पंजाब सरकार को हरियाणा के किसानों का हक देने की भी बात करनी चाहिए। सरकार ने लखवार, रेणुका बांध एमओयू पर भी कार्रवाई करने के लिए भी मांग की है। इस अवसर पर पूर्व विधायक तेजवीर सिंह, महामंत्री रामपाल राणा, सुरेश संधु, संजीव राणा, भीम सैन अग्रवाल, रामकुमार नैन, कृष्ण शर्मा पिलनी, राजरमन दीक्षित, शोकी सैनी, अशोक भारती, संदीप कैलरम, नरेश मित्तल, कुशलपाल, मुकेश जैन कार्यकर्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सांसद नायब सिंह सैनी शुक्रवार को लोक निर्माण विश्राम गृह में कृषि कानूनों को लेकर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इस मौके पर विधायक लीला राम, जिला अध्यक्ष अशोक गुर्जर भी मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि लोकसभा और राज्यसभा में तीनों कृषि कानून बनाए गए। यह कानून किसान की मजबूती और आय बढ़ाने के लिए क्रांतिकारी कदम है। अब विपक्ष किसानों को भ्रमित कर और झूठ बोलकर गुमराह करने का प्रयास कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2014 से लगातार किसान की आय को वर्ष 2022 तक दोगुना करने के लिए कार्य किए हैं और आय बढ़ाने के लिए एमएसपी में डेढ़ गुणा बढ़ोतरी करने का काम किया है। इस सरकार ने एमएसपी के रुप में धान की फसल के लिए 5 लाख करोड़ तथा गेहूं की फसल के लिए 3 लाख करोड़ रुपये की राशि का भुगतान किया है। केंद्र सरकार ने क्रेडिट कार्ड योजना बढ़ाने, मृदा जांच के लिए अलग योजना बनाकर दवाई, खाद के खर्चों को कम किया ताकि किसान की आमदन बढ़ सके। एमएसपी और मंडियां खत्म नहीं होगी और न ही कोई पूंजीपति किसान की जमीन पर कब्जा कर पाएगा। एमएसपी पहले की तरह लागू रहेगा और निरंतर बढ़ता रहेगा। सरकार ने धरने पर बैठे लोंगों की बात को सुना और उनके सुझावों पर अमल करने के लिए 3 मंत्रियों की कमेटी भी गठित की है। कांग्रेसी नेता रणदीप सुरजेवाला राहुल गांधी के नाक का बाल हैं, जो हर रोज बिना तथ्यों के खोखली बयानबाजी करते हैं। पूर्व सीएम हुड्डा भी मुंगेरी लाल के सपने लेना छोड़ दें।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि हरियाणा के सांसदों और विधायकों ने केन्द्रीय मंत्री से मिलकर एजेंडे में एसवाईएल के पानी के समझौते को लागू करने के लिए अनुरोध किया है। इसलिए पंजाब सरकार को हरियाणा के किसानों का हक देने की भी बात करनी चाहिए। सरकार ने लखवार, रेणुका बांध एमओयू पर भी कार्रवाई करने के लिए भी मांग की है। इस अवसर पर पूर्व विधायक तेजवीर सिंह, महामंत्री रामपाल राणा, सुरेश संधु, संजीव राणा, भीम सैन अग्रवाल, रामकुमार नैन, कृष्ण शर्मा पिलनी, राजरमन दीक्षित, शोकी सैनी, अशोक भारती, संदीप कैलरम, नरेश मित्तल, कुशलपाल, मुकेश जैन कार्यकर्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन