{"_id":"cc1973c11dae4065cfc182651190c41e","slug":"kalayat-mc-s-meeting-held-postoned-again","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरम पूरा न होने से पास नहीं हुआ बजट, विकास थमेगा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरम पूरा न होने से पास नहीं हुआ बजट, विकास थमेगा
कैथल
Updated Fri, 23 May 2014 11:57 PM IST
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कलायत। नगर पालिका कलायत का करोड़ों का सालाना बजट पारित करने के लिए कार्यकारिणी की बुलाई गई लगातार तीसरी विशेष बैठक फिर पार्षदों का कोरम पूरा न होने के कारण बिना बजट पारित किए ही स्थगित करनी पड़ी।
बजट पारित ने होने से जहां नगर के विकास कार्यों पर विपरीत असर पड़ रहा है, वहीं बजट पारित न होने के कारण पालिका के अन्य कार्यों पर भी प्रभाव पड़ता नजर आ रहा है।
पार्षद राजू के ग्रुप ने किया विरोध
पालिका का चालू वित्त वर्ष का सालाना बजट पारित करने के लिए तीसरी बार कार्यकारिणी की विशेष बैठक पालिका कार्यालय में बुलाई गई थी। बैठक के लिए तय किए गए समय अनुसार प्रधान सहित कार्यकारिणी के सभी निर्वाचित सदस्य मीटिंग स्थल पर पहुंच गए, मगर मीटिंग शुरू होने से पहले यह बात चर्चा का विषय बनी रही कि इस बार करोड़ों का बजट पारित होगा या नहीं।
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मीटिंग की कार्रवाई शुरू होने के साथ ही बैठक में मौजूद सभी कार्यकारिणी सदस्यों व प्रधान किरणा देवी के हस्ताक्षर करवाने का कार्य शुरू किया गया तो कार्रवाई पुस्तिका पर बैठक में मौजूद प्रधान सहित सात सदस्यों ने अपने हस्ताक्षर कर दिए। जबकि विपक्षी ग्रुप जिसका नेतृत्व पार्षद राजू राम कौशिक कर रहे थे, ने अपनी हाजिरी लगाने से यह कह कर मना कर दिया कि जब तक उनके ग्रुप के पार्षदों की बात सुन उस पर अमल नहीं किया जाता। तब तक वे न तो बजट पारित होने संबंधी कोई हस्ताक्षर करेंगे तथा न ही इस विषय में किसी भी प्रकार की बहस करेंगे।
नहीं होती है हमारे पार्षदों की सुनवाई : राजू
दूसरे ग्रुप के पार्षद राजू कौशिक कोइस बात को दोहराने के पश्चात पालिका सचिव रणदीप नैन ने कुछ समय तो इंतजार किया, ताकि पार्षदों में आपसी सहमति बन जाए व बजट पारित हो जाए। मगर जब सहमति बनती नजर नहीं आई तो उन्होंने आयोजित हुई बैठक को फिर बिना बजट पारित किए ही स्थगित करने की कार्रवाई पूरी कर इसे स्थगित कर दिया गया। उनका कहना था कि उनके पार्षदों की बात सुनने के बाद उस पर अमल नहीं किया जाता है।
विपक्षी सामान्य बैठक बुलाने की कर रहे हैं मांग : कौशिक
बजट पारित करने की कार्रवाई पर अपने हस्ताक्षर न करने या बजट पारित करने में सहयोग न देने बारे जब पालिका पार्षद राजू कौशिक ने कहा कि वे बजट की मीटिंग तय करने से पहले सामान्य बैठक बुलाने की मांग कर रहे हैं। मगर पालिका प्रधान ने उनके ग्रुप के पार्षदों की इस मांग को दरकिनार कर बजट पारित करने के लिए विशेष मीटिंग बुलाने को ज्यादा तवज्जो दी। उन्होंने कहा कि उनका ग्रुप बजट का विरोध करने की मंशा नहीं रख रहा।
उनकी आज भी यही मांग है कि एक तो पालिका कार्यकारिणी की मासिक बैठक का आयोजन किया जाए। दूसरा बजट की बैठक से पहले सामान्य बैठक बुलाकर पूर्व में कई माह पहले आयोजित हुई बैठक में पारित किए मुद्दों पर चर्चा की जाए। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती तब तक ही वे विरोध कर रहे हैं।
समुचित विकास के लिए बुलाई थी बैठक : किरण देवी
पालिका प्रधान किरणा देवी ने कहा कि नगर का संपूर्ण विकास करवाने के लिए ही करोड़ों रुपये का सालना बजट पारित करने के लिए ही विशेष बैठक का आयोजन किया गया था। कुछ पार्षद बजट पारित करने में अपना सहयोग ही नहीं दे रहे हैं। आज भी उन्होंने कार्रवाई में हिस्सा नहीं लिया।
ऐसे में जब बजट पारित ही नहीं होगा, तो नगर के विकास कार्य किस प्रकार होंगे। बजट पारित होने के पश्चात ही विकास कार्यों के लिए विशेष अनुदान राशि जारी करने के लिए सरकार से आग्रह किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पार्षदों को नगर व जनहित को ध्यान में रखकर बजट पारित करने में सहयोग करना चाहिए ताकि नगर का विकास करवा जनता को सुविधाएं प्रदान की जा सके।
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बजट पारित ने होने से जहां नगर के विकास कार्यों पर विपरीत असर पड़ रहा है, वहीं बजट पारित न होने के कारण पालिका के अन्य कार्यों पर भी प्रभाव पड़ता नजर आ रहा है।
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पार्षद राजू के ग्रुप ने किया विरोध
पालिका का चालू वित्त वर्ष का सालाना बजट पारित करने के लिए तीसरी बार कार्यकारिणी की विशेष बैठक पालिका कार्यालय में बुलाई गई थी। बैठक के लिए तय किए गए समय अनुसार प्रधान सहित कार्यकारिणी के सभी निर्वाचित सदस्य मीटिंग स्थल पर पहुंच गए, मगर मीटिंग शुरू होने से पहले यह बात चर्चा का विषय बनी रही कि इस बार करोड़ों का बजट पारित होगा या नहीं।
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मीटिंग की कार्रवाई शुरू होने के साथ ही बैठक में मौजूद सभी कार्यकारिणी सदस्यों व प्रधान किरणा देवी के हस्ताक्षर करवाने का कार्य शुरू किया गया तो कार्रवाई पुस्तिका पर बैठक में मौजूद प्रधान सहित सात सदस्यों ने अपने हस्ताक्षर कर दिए। जबकि विपक्षी ग्रुप जिसका नेतृत्व पार्षद राजू राम कौशिक कर रहे थे, ने अपनी हाजिरी लगाने से यह कह कर मना कर दिया कि जब तक उनके ग्रुप के पार्षदों की बात सुन उस पर अमल नहीं किया जाता। तब तक वे न तो बजट पारित होने संबंधी कोई हस्ताक्षर करेंगे तथा न ही इस विषय में किसी भी प्रकार की बहस करेंगे।
नहीं होती है हमारे पार्षदों की सुनवाई : राजू
दूसरे ग्रुप के पार्षद राजू कौशिक कोइस बात को दोहराने के पश्चात पालिका सचिव रणदीप नैन ने कुछ समय तो इंतजार किया, ताकि पार्षदों में आपसी सहमति बन जाए व बजट पारित हो जाए। मगर जब सहमति बनती नजर नहीं आई तो उन्होंने आयोजित हुई बैठक को फिर बिना बजट पारित किए ही स्थगित करने की कार्रवाई पूरी कर इसे स्थगित कर दिया गया। उनका कहना था कि उनके पार्षदों की बात सुनने के बाद उस पर अमल नहीं किया जाता है।
विपक्षी सामान्य बैठक बुलाने की कर रहे हैं मांग : कौशिक
बजट पारित करने की कार्रवाई पर अपने हस्ताक्षर न करने या बजट पारित करने में सहयोग न देने बारे जब पालिका पार्षद राजू कौशिक ने कहा कि वे बजट की मीटिंग तय करने से पहले सामान्य बैठक बुलाने की मांग कर रहे हैं। मगर पालिका प्रधान ने उनके ग्रुप के पार्षदों की इस मांग को दरकिनार कर बजट पारित करने के लिए विशेष मीटिंग बुलाने को ज्यादा तवज्जो दी। उन्होंने कहा कि उनका ग्रुप बजट का विरोध करने की मंशा नहीं रख रहा।
उनकी आज भी यही मांग है कि एक तो पालिका कार्यकारिणी की मासिक बैठक का आयोजन किया जाए। दूसरा बजट की बैठक से पहले सामान्य बैठक बुलाकर पूर्व में कई माह पहले आयोजित हुई बैठक में पारित किए मुद्दों पर चर्चा की जाए। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती तब तक ही वे विरोध कर रहे हैं।
समुचित विकास के लिए बुलाई थी बैठक : किरण देवी
पालिका प्रधान किरणा देवी ने कहा कि नगर का संपूर्ण विकास करवाने के लिए ही करोड़ों रुपये का सालना बजट पारित करने के लिए ही विशेष बैठक का आयोजन किया गया था। कुछ पार्षद बजट पारित करने में अपना सहयोग ही नहीं दे रहे हैं। आज भी उन्होंने कार्रवाई में हिस्सा नहीं लिया।
ऐसे में जब बजट पारित ही नहीं होगा, तो नगर के विकास कार्य किस प्रकार होंगे। बजट पारित होने के पश्चात ही विकास कार्यों के लिए विशेष अनुदान राशि जारी करने के लिए सरकार से आग्रह किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पार्षदों को नगर व जनहित को ध्यान में रखकर बजट पारित करने में सहयोग करना चाहिए ताकि नगर का विकास करवा जनता को सुविधाएं प्रदान की जा सके।