गांव फतेहपुर के ताराचंद शर्मा के पौत्र कैलाश वशिष्ठ ओटीए की ट्रेनिंग पास कर आर्मी मेें लेफ्टिनेंट बने हैं। कैलाश के पिता भी एयर फोर्स बंगलौर में कार्यरत हैं और अपने पिता की प्रेरणा से ही उन्होंने ने भी रक्षा सेवा में जाने का लक्ष्य निर्धारित किया। कैलाश ने बताया कि इसे प्राप्त करने के लिए उसने वर्ष 2015 में बंगलौर से बारहवीं की परीक्षा 75 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण कर कंप्यूटर साइंस में इंजीनियरिंग की परीक्षा 2019 में पास की। इसके बाद उन्होंने अक्टूबर 2019 में ओटीए में प्रवेश के लिए एसएसबी परीक्षा पास की। जून 2020 में उनकी ट्रेनिंग शुरू हुई।
अब सफलतापूर्वक अब लेफ्टिनेंट की ट्रेनिंग पूरी कर अपने परिवार, गांव व क्षेत्र का गौरव बढ़ाया। ओटीए चेन्नई से उन्होंने अपनी ट्रेनिंग पूरी कर पास आउट किया। बातचीत में कैलाश ने कहा कि उनका शुरू से ही सपना रक्षा सेवाओं में जाने का था, जिसके लिए उनके पिता नरेश वशिष्ठ उनके प्रेरणास्रोत रहे। अपना लक्ष्य निर्धारित करते हुए प्रतिदिन 8 से 9 घंटे की पढ़ाई की और अब अपने लक्ष्य को प्राप्त किया। पिता नरेश कुमार ने बताया कि कैलाश शुरू से ही पढ़ाई व अन्य गतिविधियों में होनहार रहे हैं। उनका मोबाइल व टीवी की बजाय पढ़ाई से लगाव रहा है। कोविड-19 के चलते आर्मी अधिकारियों द्वारा ही उन्हें बैज लगाकर सम्मानित किया गया। संवाद