फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   Green School

ट्रेनिंग व गंदगी का सेेंटर बना ग्रीन स्कूल

Thu, 06 Mar 2014 01:20 AM IST
कैथल
कैथल Updated Thu, 06 Mar 2014 01:20 AM IST
विज्ञापन
Green School
करीब छह करोड़ रुपये की लागत से बना  हरियाणा का पहला ग्रीन स्कूल इस समय ट्रेनिंग सेंटर के साथ-साथ गंदगी का अड्डा बनकर रह गया है। हर रोज होने वाले ट्रेनिंग कार्यक्रमों और इसके बाद फैलने वाली गंदगी से छात्राओं की पढ़ाई बाधित हो रही है।
विज्ञापन


पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए बनाए गए स्कूल भवन में ट्रेनिंग कार्यक्रमों के बाद उठने वाली बदबू से स्कूल में पूरा वातावरण खराब रहता है। स्कूल में हर महीने कोई न कोई ट्रेनिंग होती है। यहां तक लड़कियों का स्कूल होने के बावजूद यहां आवासीय ट्रेनिंग भी दी जाती है जिस कारण स्कूल स्टॉफ के लिए सुरक्षा भी एक बड़ा चिंता का सबब बन जाती है। ट्रेनिंग कार्यक्रम एक या दो दिन नहीं बल्कि पंद्रह-पंद्रह दिन भी चलते हैं। इसके बाद साफ-सफाई करवाने के बजाय भवन को उसके हाल पर छोड़ दिया जाता है। सुबह जब छात्राएं कक्षाओं में आती हैं तो उन्हें चारों तरफ गंदगी देखने को मिलती है।
विज्ञापन


तीन हफ्ते से शिविर
विद्यालय के प्रांगण में पिछले करीब तीन सप्ताह से चल रहे पीटीआई अध्यापकों के प्रशिक्षण शिविर और निशक्त बच्चों की खेलकूद प्रतियोगिता के बाद से गंदगी का आलम है। छात्राओं को कक्षाओं से बाहर निकलते समय मुंह पर कपड़ा रखना पड़ता है। विद्यालय में सीवरेज व्यवस्था पूरी तरह से खराब हो चुकी है। विद्यालय के करीब पांच कमरों में खाना खाने के बाद व्यर्थ पदार्थों से बदबू आ रही है। स्कूल की मुखिया व अध्यापक अधिकारियों के दबाव में कुछ भी कहने से बच रहे हैं। स्कूल  के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी पालाराम ने बताया कि पीटीआई व निशक्त बच्चों की खेलों के बाद स्कूल के करीब आठ कमरों में गंदगी फैली है। इसके अलावा स्कूल में एडीसी के लिए लगाए गए सोफे व कुर्सियों को मंगलवार रात 10 बजे तक किसी ने नहीं संभाला। देर रात बरसात के मौसम में स्कूल के सोफे व कुर्सियों को अकेले उठाया है। विद्यालय में पूरी तरह से अव्यवस्था है।
विज्ञापन
विज्ञापन


शिकायत देंगे : समिति प्रधान

स्कूल प्रबंधक समिति के प्रधान हरिसिंह ने बताया कि स्कूल में लगातार चल रहे प्रशिक्षण शिविरों के बारे में जिला शिक्षा अधिकारी, बीईओ को लिखा है। उन्होंने कहा कि वह इस बारे में डीसी, जिला अतिरिक्त उपायुक्त को लिखित रूप में शिकायत देंगे।


सर्व शिक्षा अभियान की जिम्मेदारी
जिला शिक्षा अधिकारी दयानंद आंतिल व उप जिला शिक्षा अधिकारी शमशेर सिरोही ने बताया कि प्रशिक्षण शिविर व निशक्त बच्चों की प्रतियोगिता सर्व शिक्षा अभियान के तहत हुई थी। स्कूल की सफाई की जिम्मेदारी भी सर्व शिक्षा अभियान के अधिकारियों की बनती है। यदि कोई ऐसी स्थिति है तो इसकी जांच करवाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed